डीग के सेठी मोहल्ले में दो साल से पेयजल संकट, महिलाओं ने कलक्टर को सौंपा ज्ञापन
डीग के वार्ड नंबर 31 स्थित सेठी मोहल्ले में करीब दो साल से पेयजल संकट से परेशान महिलाओं ने जिला कलक्टर मयंक मनीष को ज्ञापन सौंपा। जल जीवन मिशन के तहत आपूर्ति और पानी की कमी की तकनीकी जांच की मांग उठाई।

डीग के वार्ड 31 स्थित सेठी मोहल्ले में जल आपूर्ति बाधित होने से नाराज महिलाएं जिला कलक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन करती हुई।
डीग, 21 अक्टूबर। शहर के वार्ड नंबर 31 स्थित सेठी मोहल्ले में लंबे समय से जारी पेयजल संकट को लेकर स्थानीय महिलाओं का आक्रोश सामने आया। पर्याप्त पानी नहीं मिलने से परेशान महिलाएं और स्थानीय निवासी जिला कलक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शन कर जिला कलक्टर मयंक मनीष को ज्ञापन सौंपा और क्षेत्र की पेयजल व्यवस्था में सुधार कराने की मांग की।
महिलाओं का आरोप है कि सेठी मोहल्ले में पिछले करीब दो वर्षों से जलापूर्ति सुचारू नहीं है। घरों में नल कनेक्शन होने के बावजूद पर्याप्त पानी नहीं मिलने से परिवारों को रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पेयजल की अनियमित आपूर्ति के कारण घरेलू कामकाज से लेकर पीने और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए पानी जुटाना चुनौती बन गया है।
प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने प्रशासन के समक्ष अपनी समस्याएं रखते हुए कहा कि पेयजल जैसी बुनियादी सुविधा के लिए उन्हें लंबे समय से परेशान होना पड़ रहा है। पानी की अनियमित आपूर्ति का असर पूरे परिवार की दिनचर्या पर पड़ रहा है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, बार-बार समस्या सामने आने के बावजूद इसका स्थायी समाधान नहीं हो पाया है, जिससे क्षेत्र के लोगों में नाराजगी बढ़ रही है।
महिलाओं ने सवाल उठाया कि जब आमजन को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार और संबंधित विभाग की जिम्मेदारी है, तो उन्हें पेयजल के लिए इतनी लंबी अवधि तक परेशानी क्यों झेलनी पड़ रही है। उन्होंने मांग की कि केवल आश्वासन देने के बजाय समस्या की जमीनी स्तर पर जांच कराई जाए और जलापूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए।
जल जीवन मिशन के तहत पेयजल आपूर्ति पर भी उठाए सवाल
ज्ञापन में स्थानीय निवासियों ने जल जीवन मिशन के तहत पेयजल आपूर्ति की व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। इस योजना का उद्देश्य घरों तक सुरक्षित पेयजल पहुंचाना है, लेकिन सेठी मोहल्ले के निवासियों का कहना है कि उन्हें नियमित रूप से पानी नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में क्षेत्र में योजना के लाभ और वास्तविक जलापूर्ति की स्थिति की जांच कराने की आवश्यकता जताई गई।
निवासियों ने संबंधित विभाग से क्षेत्र की जलापूर्ति व्यवस्था का तकनीकी निरीक्षण कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि पानी की आपूर्ति में बाधा कहां आ रही है, इसकी पहचान कर तत्काल सुधारात्मक कदम उठाए जाएं, ताकि वार्ड नंबर 31 के निवासियों को राहत मिल सके।
कलक्ट्रेट पहुंचीं महिलाओं और स्थानीय निवासियों ने जिला कलक्टर मयंक मनीष से मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश देने की मांग की। उन्होंने पेयजल संकट का प्राथमिकता से समाधान कराने पर जोर दिया, ताकि क्षेत्र के लोगों को रोजाना पानी की समस्या का सामना न करना पड़े। अब स्थानीय निवासियों की मांग है कि जलापूर्ति की वास्तविक स्थिति की जांच कर समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जाए।

Pooran Prakash Bansal, Deeg
नाम: पूरण प्रकाश बंसल
पद: पत्रकार (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: डीग जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जिला समाचार, क्राइम (अपराध), प्रशासन, और स्वास्थ्य
परिचय
पूरण प्रकाश बंसल राजस्थान के डीग जिले के एक अत्यंत अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल' समाचार पत्र में एक पत्रकार के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पूरण जी डीग जिले और उसके आसपास के क्षेत्रों से जिला स्तरीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, स्वास्थ्य व्यवस्था और आपराधिक मामलों (क्राइम) की खबरों पर पैनी नजर रखते हैं। क्षेत्र की जनता की समस्याओं को उठाना और खबरों को पूरी प्रामाणिकता के साथ पेश करना उनकी पत्रकारिता की पहचान है।
पत्रकारिता का लंबा अनुभव (Work Experience)
पूरण प्रकाश बंसल जी को मीडिया इंडस्ट्री में दो दशकों से भी अधिक (साल 2004 से) का एक व्यापक और समृद्ध अनुभव है। अपने इस लंबे सफर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े समाचार पत्रों के साथ काम किया है:
- दैनिक जागरण: पत्रकारिता क्षेत्र में लंबा और जमीनी अनुभव।
- राजदूत: वरिष्ठ स्तर पर समाचार कवरेज का अनुभव।
- प्रातः काल: साल 2022 से लगातार 'प्रातः काल' के साथ जुड़कर डीग जिले की कमान संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी माध्यमिक शिक्षा (10वीं पास) पूरी की है। साल 2004 से लगातार क्षेत्र में सक्रिय रहने के कारण डीग जिले की भौगोलिक, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव किसी भी बड़ी डिग्री से कहीं अधिक मजबूत है।
