डीग के गायत्री मंदिर में शिव महोत्सव आयोजित, राघवेंद्र सिंह मुख्य अतिथि
प्रमुख समाजसेवी राघवेंद्र सिंह फौजदार की उपस्थिति में धार्मिक कार्यक्रम संपन्न, बच्चों के संस्कार और सांस्कृतिक मूल्यों पर दिया गया जोर।

डीग के गायत्री मंदिर में आयोजित शिव महोत्सव के दौरान अतिथियों का सम्मान करते महंत चंद्रभान भारद्वाज और उपस्थित गणमान्य नागरिक।
डीग, 16 फरवरी: गायत्री मंदिर डीग पर शिव महोत्सव का आयोजन प्रमुख समाजसेवी राघवेंद्र सिंह फौजदार के मुख्य आतिथ्य में मनाया गया।
अतिथियों का सम्मान
महंत चंद्रभान भारद्वाज मिश्रा ने अतिथियों तथा पिंटू न्यूज़ एजेंसी राजस्थान पत्रिका के प्रबंधक का दुपट्टा पहनाकर एवं प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं झांकियां
इस कार्यक्रम में शिव पार्वती एवं गायत्री माता की झांकी और सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए।
मुख्य अतिथि का संबोधन
"मुख्य अतिथि महोदय ने बताया कि ऐसे धार्मिक कार्यक्रम से बच्चे संस्कारित होते हैं।"
उपस्थिति एवं संचालन
कार्यक्रम का संचालन मुकेश सिंह राजपूत ने किया, जबकि इस अवसर पर निम्नलिखित गणमान्य लोग उपस्थित थे:
- मुकेश सिंह राजपूत
- कुशल पाल मैथिल
- सुकमा गीता शर्मा
- खुशी पचौरी
- भूरी देवी

Pooran Prakash Bansal, Deeg
नाम: पूरण प्रकाश बंसल
पद: पत्रकार (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: डीग जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जिला समाचार, क्राइम (अपराध), प्रशासन, और स्वास्थ्य
परिचय
पूरण प्रकाश बंसल राजस्थान के डीग जिले के एक अत्यंत अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल' समाचार पत्र में एक पत्रकार के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पूरण जी डीग जिले और उसके आसपास के क्षेत्रों से जिला स्तरीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, स्वास्थ्य व्यवस्था और आपराधिक मामलों (क्राइम) की खबरों पर पैनी नजर रखते हैं। क्षेत्र की जनता की समस्याओं को उठाना और खबरों को पूरी प्रामाणिकता के साथ पेश करना उनकी पत्रकारिता की पहचान है।
पत्रकारिता का लंबा अनुभव (Work Experience)
पूरण प्रकाश बंसल जी को मीडिया इंडस्ट्री में दो दशकों से भी अधिक (साल 2004 से) का एक व्यापक और समृद्ध अनुभव है। अपने इस लंबे सफर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े समाचार पत्रों के साथ काम किया है:
- दैनिक जागरण: पत्रकारिता क्षेत्र में लंबा और जमीनी अनुभव।
- राजदूत: वरिष्ठ स्तर पर समाचार कवरेज का अनुभव।
- प्रातः काल: साल 2022 से लगातार 'प्रातः काल' के साथ जुड़कर डीग जिले की कमान संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी माध्यमिक शिक्षा (10वीं पास) पूरी की है। साल 2004 से लगातार क्षेत्र में सक्रिय रहने के कारण डीग जिले की भौगोलिक, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव किसी भी बड़ी डिग्री से कहीं अधिक मजबूत है।
