डीग 24 फरवरी: शहर के मेला मैदान नेहरू गांधी पार्क डीग में रजक समाज सेवा उत्थान समिति द्वारा संत गाडगे की जयंती धूमधाम से मनाई गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता रजक समाज के संभागीय अध्यक्ष कन्हैयालाल अखरिया ने की। मुख्य अतिथि राजस्थान एबीडीएम के प्रांतीय अध्यक्ष कन्हैयालाल चौहान अलवर थे। यह पूरा कार्यक्रम पुलिस उपाधीक्षक सीताराम बेरवा के सानिध्य में संपन्न हुआ।


अतिथि एवं गरिमामयी उपस्थिति

कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथियों के रूप में निम्नलिखित गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे:

  • राजवीर सिंह (तहसील अध्यक्ष रजक समाज कुम्हेर)
  • नरेश कुमार (सीकरी), जगदीश (पहाड़ी गोपालगढ़), जगदीश चौहान (कामा)
  • पप्पू राम (भाजपा एससी मोर्चा अध्यक्ष कामा)
  • मोतीराम (पूर्व अध्यक्ष डीग) एवं प्रेम सिंह बेचैन (भरतपुर)

श्रद्धांजलि एवं वंदना

कार्यक्रम की शुरुआत संत गाडगे महाराज, नगरसेन महाराज, एवं डॉ बी आर अंबेडकर की तस्वीर पर मोमबत्ती जलाकर, दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण कर वंदना के साथ हुई।


संत गाडगे महाराज का जीवन दर्शन और संघर्ष

विभिन्न वक्ताओं ने संत गाडगे महाराज के जीवन पर प्रकाश डाला। उनके कार्यों और आदर्शों को रेखांकित करते हुए वक्ताओं ने कहा:

"महाराष्ट्र में उन्होंने गांव-गांव में सफाई का अभियान शुरू किया। उनके एक हाथ में झाड़ू दूसरे में खपरा हाथ में डंडा और एक चादर उनकी संपत्ति थी। रात्रि में चौपालों पर कीर्तन करते और कुरीतियों से गांव वालों को परिचित कराते। वह कहते कि घर के बर्तन बेच कर भी बच्चों को पढ़ाओ।"

उन दिनों वे महात्मा गांधी एवं बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर के संपर्क में आए और उनकी बहुत सराहना की। पूरे महाराष्ट्र में उनके नाम से बहुत सारी धर्मशालाएं, हॉस्पिटल, सड़क, कॉलेज, यूनिवर्सिटी, बड़े-बड़े पार्क आज भी मौजूद हैं। उनके चेहरे पर अलग ही तेजस्व था। उन्होंने दलितों के शोषण को लेकर जमीदारों और ठाकुरों से संघर्ष किया और न्याय दिलाया। वे कभी झुके नहीं। वे भारत के प्रथम स्वच्छता के जनक थे।


सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और मनोरंजन

  • श्रुति कुसुमाकर एवं वैष्णवी कुमारी ने अपनी कविताओं से लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
  • श्री लोहागढ़ साहित्य समिति के अध्यक्ष कवि चंद्रभान वर्मा चंद्र ने संचालन करते हुए अपनी कविताओं से लोगों का खूब मनोरंजन किया।
  • महिलाओं द्वारा नगरसेन बाबा के गीत गाए गए।

उपस्थित गणमान्य जन

इस अवसर पर भारी संख्या में लोग उपस्थित थे, जिनमें मुख्य रूप से शामिल थे:

  • पूर्व सब इंस्पेक्टर एवं डीग के जिलाध्यक्ष लक्ष्मण प्रसाद
  • डीग के अध्यक्ष पदम सिंह, महामंत्री विष्णु चौहान, सुखपाल चौहान
  • गिरदावर सुरेंद्र कुमार, पूर्व पार्षद मुन्नालाल
  • बच्चू सिंह बदनगढ़, विष्णु कुम्हेर आदि।
Pooran Prakash Bansal, Deeg

Pooran Prakash Bansal, Deeg

नाम: पूरण प्रकाश बंसल

पद: पत्रकार (प्रातः काल)

कार्यक्षेत्र: डीग जिला (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): जिला समाचार, क्राइम (अपराध), प्रशासन, और स्वास्थ्य

परिचय 

पूरण प्रकाश बंसल राजस्थान के डीग जिले के एक अत्यंत अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल' समाचार पत्र में एक पत्रकार के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पूरण जी डीग जिले और उसके आसपास के क्षेत्रों से जिला स्तरीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, स्वास्थ्य व्यवस्था और आपराधिक मामलों (क्राइम) की खबरों पर पैनी नजर रखते हैं। क्षेत्र की जनता की समस्याओं को उठाना और खबरों को पूरी प्रामाणिकता के साथ पेश करना उनकी पत्रकारिता की पहचान है।

पत्रकारिता का लंबा अनुभव (Work Experience)

पूरण प्रकाश बंसल जी को मीडिया इंडस्ट्री में दो दशकों से भी अधिक (साल 2004 से) का एक व्यापक और समृद्ध अनुभव है। अपने इस लंबे सफर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े समाचार पत्रों के साथ काम किया है:

  • दैनिक जागरण: पत्रकारिता क्षेत्र में लंबा और जमीनी अनुभव।

  • राजदूत: वरिष्ठ स्तर पर समाचार कवरेज का अनुभव।

  • प्रातः काल: साल 2022 से लगातार 'प्रातः काल' के साथ जुड़कर डीग जिले की कमान संभाल रहे हैं।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने अपनी माध्यमिक शिक्षा (10वीं पास) पूरी की है। साल 2004 से लगातार क्षेत्र में सक्रिय रहने के कारण डीग जिले की भौगोलिक, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव किसी भी बड़ी डिग्री से कहीं अधिक मजबूत है।

Next Story