डीग: युवा शक्ति को कानून का पाठ, पुलिस ने विद्यार्थियों को सिखाए सुरक्षा के गुर
डीग में राष्ट्रीय युवा दिवस पर पुलिस ने केएल जोशी और बालिका सीनियर सेकेंडरी स्कूल के विद्यार्थियों को साइबर सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया। सीओ सीताराम बैरवा ने छात्र-छात्राओं को 1930 और 100 नंबर की महत्ता समझाते हुए कानून का पालन करने की सीख दी। जानें पुलिस की इस खास पहल के बारे में विस्तार से।

डीग। देश के भविष्य और युवा शक्ति को नई दिशा देने के संकल्प के साथ सोमवार को डीग शहर में उत्साहपूर्ण माहौल देखा गया। स्वामी विवेकानंद की जयंती यानी राष्ट्रीय युवा दिवस के पावन अवसर पर डीग शहर कोतवाली थाना पुलिस द्वारा एक विशेष जन-जागरूकता अभियान का शंखनाद किया गया। स्थानीय केएल जोशी सीनियर सेकेंडरी स्कूल एवं राजकीय बालिका सीनियर सेकेंडरी स्कूल में आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्र-छात्राओं को कानून के प्रति सजग बनाना और उन्हें सुरक्षित भविष्य के प्रति सचेत करना था।
कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए पुलिस उपाधीक्षक (सीओ) सीताराम बैरवा ने विद्यार्थियों के बीच पहुंचकर उन्हें कानून की बारीकियों से रूबरू कराया। उन्होंने अपने संबोधन में न केवल अधिकारों की बात की, बल्कि कर्तव्यों और सुरक्षात्मक उपायों पर भी गहरा प्रकाश डाला। बैरवा ने आधुनिक युग की सबसे बड़ी चुनौती, साइबर अपराध, पर चर्चा करते हुए छात्र-छात्राओं को डिजिटल दुनिया के खतरों से बचने के प्रभावी तरीके समझाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि कोई साइबर धोखाधड़ी का शिकार होता है, तो तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करना चाहिए। इसके साथ ही, यातायात नियमों की अनदेखी पर चिंता व्यक्त करते हुए उन्होंने दो टूक शब्दों में निर्देश दिए कि 18 वर्ष से कम आयु के किशोरों को वाहन नहीं चलाना चाहिए, क्योंकि थोड़ी सी असावधानी जीवन भर का दर्द दे सकती है।
समाज में व्याप्त असामाजिक तत्वों से निपटने और किसी भी प्रकार के उत्पीड़न की स्थिति में पुलिस की भूमिका को रेखांकित करते हुए सीओ ने विद्यार्थियों को निर्भीक रहने का संदेश दिया। उन्होंने बताया कि आपातकालीन स्थिति में पुलिस सहायता के लिए 100 नंबर डायल करना सुरक्षा का सबसे पहला कदम है। इस गरिमामयी कार्यक्रम के दौरान डीग कोतवाली प्रभारी रामनरेश मीणा और उपनिरीक्षक (एसआई) मंगतू राम ने भी विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पुलिस बल के साथ-साथ स्कूलों के शिक्षक और उत्साह से लबरेज छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। युवाओं के बीच पुलिस की इस सक्रियता ने न केवल सुरक्षा का भाव जगाया, बल्कि कानून प्रवर्तन एजेंसियों और आम जनता के बीच की दूरी को पाटने का भी कार्य किया। राष्ट्रीय युवा दिवस पर आयोजित इस पहल ने यह संदेश स्पष्ट कर दिया कि सजग युवा ही सुरक्षित भारत की नींव है।

Pooran Prakash Bansal, Deeg
नाम: पूरण प्रकाश बंसल
पद: पत्रकार (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: डीग जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जिला समाचार, क्राइम (अपराध), प्रशासन, और स्वास्थ्य
परिचय
पूरण प्रकाश बंसल राजस्थान के डीग जिले के एक अत्यंत अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल' समाचार पत्र में एक पत्रकार के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पूरण जी डीग जिले और उसके आसपास के क्षेत्रों से जिला स्तरीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, स्वास्थ्य व्यवस्था और आपराधिक मामलों (क्राइम) की खबरों पर पैनी नजर रखते हैं। क्षेत्र की जनता की समस्याओं को उठाना और खबरों को पूरी प्रामाणिकता के साथ पेश करना उनकी पत्रकारिता की पहचान है।
पत्रकारिता का लंबा अनुभव (Work Experience)
पूरण प्रकाश बंसल जी को मीडिया इंडस्ट्री में दो दशकों से भी अधिक (साल 2004 से) का एक व्यापक और समृद्ध अनुभव है। अपने इस लंबे सफर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े समाचार पत्रों के साथ काम किया है:
- दैनिक जागरण: पत्रकारिता क्षेत्र में लंबा और जमीनी अनुभव।
- राजदूत: वरिष्ठ स्तर पर समाचार कवरेज का अनुभव।
- प्रातः काल: साल 2022 से लगातार 'प्रातः काल' के साथ जुड़कर डीग जिले की कमान संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी माध्यमिक शिक्षा (10वीं पास) पूरी की है। साल 2004 से लगातार क्षेत्र में सक्रिय रहने के कारण डीग जिले की भौगोलिक, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव किसी भी बड़ी डिग्री से कहीं अधिक मजबूत है।
