डीग में आदिवासी कांग्रेस का जिला स्तरीय सम्मेलन, संगठन मजबूती पर चर्चा
सम्मेलन में मुख्य अतिथि गणेश घोघरा और जिला अध्यक्ष राजीव चौधरी की मौजूदगी में बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने और क्षेत्रीय मुद्दों पर रणनीति बनी।

तस्वीर में डीग में आयोजित आदिवासी कांग्रेस के जिला स्तरीय सम्मेलन के दौरान उपस्थित पदाधिकारी और कार्यकर्ता एक साथ खड़े होकर एकजुटता प्रदर्शित करते हुए नजर आ रहे हैं।
आदिवासी कांग्रेस डीग का जिला स्तरीय सम्मेलन गुरुवार को राम खिलाड़ी मीणा धर्मशाला, पूछरी का लौठा, डीग में राजू मीणा के नेतृत्व में आयोजित किया गया। सम्मेलन में मुख्य अतिथि गणेश घोघरा तथा अध्यक्षता जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजीव चौधरी ने की। कार्यक्रम में संगठन विस्तार, आदिवासी समाज के उत्थान, बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने और समसामयिक क्षेत्रीय मुद्दों पर संघर्ष को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजीव चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि कांग्रेस संगठन को अपने परंपरागत वोटों को मजबूत करना चाहिए तथा समसामयिक क्षेत्रीय समस्याओं पर संघर्ष करते हुए जनता के बीच सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।
मुख्य अतिथि गणेश घोघरा ने कहा कि किसी भी संगठन की शक्ति उसके समस्त पदाधिकारियों से आंकलित की जाती है। उन्होंने कहा कि डीग जिले में आदिवासी समाज प्रमुख रूप से मीणा जाति से संबंधित है और उसके उत्थान के लिए कार्य करना संगठन का दायित्व है।
संगठन महासचिव हरगुन ने राजस्थान में आदिवासी कांग्रेस द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न कार्यों और संगठनात्मक गतिविधियों की जानकारी दी। विधि प्रकोष्ठ के अध्यक्ष अशोक शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि भाजपा धर्म के साथ-साथ मंदिरों में भी लूट मचा रही है तथा उसकी नीतियां जनता का शोषण कर रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पूरा व्यापार अडानी और अंबानी के हाथों में सौंप दिया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा अपनी कमजोरी के कारण स्थानीय निकाय और पंचायत चुनाव नहीं करा पा रही है तथा न्यायालयों में आश्वासन देने के बावजूद चुनाव नहीं करवा रही है। अशोक शर्मा ने यह भी आरोप लगाया कि मध्यप्रदेश में मीनाक्षी नटराजन का नामांकन पत्र खारिज कर उनकी सीट चोरी की गई।
श्रीमति स्वेता यादव ने महिला शक्ति को जागरूक करने और संगठन को मजबूत बनाने पर जोर दिया। कच्ची बस्ती प्रकोष्ठ के अध्यक्ष राजेश मीणा ने संगठन में प्रत्येक समाज की भागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान किया। जन अभाव प्रकोष्ठ के अध्यक्ष राहुल सोनी ने नवयुवकों से संगठन में सक्रिय होकर बूथ कमेटियों के गठन पर बल दिया। एनएसयूआई अध्यक्ष जीतू यादव ने भी बूथ कमेटियां बनाकर संगठनात्मक कार्यों को गति देने की अपील की। प्रभारी रितु मीणा ने आदिवासी कांग्रेस संगठन को प्रत्येक बूथ स्तर तक मजबूत करने का आह्वान किया।
सम्मेलन में जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष प्रेम सिंह प्रजापत, महासचिव पूरन बडेसरा, विक्रम एडवोकेट, राजकुमार कथेरा, सचिव नरेंद्र मीणा, चंद्रशेखर बोरई, सोशल मीडिया प्रभारी अनुराग चौधरी पला, प्रवक्ता कमल सिंह नेता, ब्लॉक अध्यक्ष भवानी शंकर खोह, बबलू, प्रकोष्ठ अध्यक्ष महावीर गुर्जर, रघुवीर रारह, नवीन फौजदार, मदन मीणा, करन सिंह पूछरी, दिनेश मोहनी, रामवीर सिंह बरौली चौथ, रामवीर रारह, सिद्धू, प्रशांत, वीरी मीणा, फूल सिंह मीणा, डॉ. राजेश मीणा, विष्णु मीणा, लोकेश मीणा, हेमू मीणा, भविष्य मीणा, कजोड़ी मीणा, भूरा सुनारी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
सम्मेलन में संगठन को जमीनी स्तर तक मजबूत करने, आदिवासी समाज के उत्थान तथा बूथ स्तर पर सक्रिय संगठनात्मक ढांचा तैयार करने पर विशेष जोर दिया गया।

Pooran Prakash Bansal, Deeg
नाम: पूरण प्रकाश बंसल
पद: पत्रकार (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: डीग जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जिला समाचार, क्राइम (अपराध), प्रशासन, और स्वास्थ्य
परिचय
पूरण प्रकाश बंसल राजस्थान के डीग जिले के एक अत्यंत अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल' समाचार पत्र में एक पत्रकार के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पूरण जी डीग जिले और उसके आसपास के क्षेत्रों से जिला स्तरीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, स्वास्थ्य व्यवस्था और आपराधिक मामलों (क्राइम) की खबरों पर पैनी नजर रखते हैं। क्षेत्र की जनता की समस्याओं को उठाना और खबरों को पूरी प्रामाणिकता के साथ पेश करना उनकी पत्रकारिता की पहचान है।
पत्रकारिता का लंबा अनुभव (Work Experience)
पूरण प्रकाश बंसल जी को मीडिया इंडस्ट्री में दो दशकों से भी अधिक (साल 2004 से) का एक व्यापक और समृद्ध अनुभव है। अपने इस लंबे सफर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े समाचार पत्रों के साथ काम किया है:
- दैनिक जागरण: पत्रकारिता क्षेत्र में लंबा और जमीनी अनुभव।
- राजदूत: वरिष्ठ स्तर पर समाचार कवरेज का अनुभव।
- प्रातः काल: साल 2022 से लगातार 'प्रातः काल' के साथ जुड़कर डीग जिले की कमान संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी माध्यमिक शिक्षा (10वीं पास) पूरी की है। साल 2004 से लगातार क्षेत्र में सक्रिय रहने के कारण डीग जिले की भौगोलिक, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव किसी भी बड़ी डिग्री से कहीं अधिक मजबूत है।
