ऑपरेशन एंटीवायरस में कामां पुलिस की बड़ी कामयाबी ; साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़, दो गिरफ्तार, नाबालिग निरुद्ध
डीग जिले के कामां थाना क्षेत्र में पुलिस ने “ऑपरेशन एंटीवायरस” के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए दो साइबर ठगों को गिरफ्तार किया और एक नाबालिग को निरुद्ध किया। पुलिस ने 14 मोबाइल, 16 सिम, 4 एटीएम कार्ड, एक ट्रैक्टर और दो मोटरसाइकिलें जब्त कीं। आरोपी सैक्सटॉर्शन और वित्तीय ठगी में लिप्त थे।

डीग: राजस्थान पुलिस के “ऑपरेशन एंटीवायरस” अभियान के तहत डीग जिले की कामां थाना पुलिस ने साइबर ठगी करने वाले गिरोह पर बड़ी कार्रवाई करते हुए दो साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक विधि से संघर्षरत बालक को निरुद्ध किया गया। पुलिस ने मौके से ठगी में प्रयुक्त 14 मोबाइल फोन, 16 सिम कार्ड, चार एटीएम कार्ड, एक ट्रैक्टर और दो मोटरसाइकिलें जब्त की हैं, जो साइबर अपराध से अर्जित धन से खरीदे गए थे।
पुलिस कार्रवाई का नेतृत्व थाना कामां के सहायक उप निरीक्षक जयसिंह ने अपनी टीम के साथ किया। टीम ने यह कार्रवाई राष्ट्रीय साइबर पोर्टल (1930) से प्राप्त एक शिकायत की लोकेशन के आधार पर अंगरावली पहाड़ के पास की। वहां से पुलिस ने मखमूल पुत्र निक्का मेव (उम्र 37 वर्ष, निवासी अकाता, थाना कामां) और जलीश खान पुत्र अली मोहम्मद मेव (उम्र 20 वर्ष, निवासी लुहसर, थाना कामां) को गिरफ्तार किया, जबकि दो आरोपी मौके से फरार होने में सफल रहे।
जांच में खुलासा हुआ कि यह गिरोह संगठित तरीके से सायबर सेक्सटॉर्शन और वित्तीय ठगी में लिप्त था। आरोपी अश्लील वीडियो और सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को झांसे में लेकर सैक्सटॉर्शन (Sex-tortion) के जरिए पैसे वसूलते थे। पीड़ितों से प्राप्त राशि को ये लोग फर्जी बैंक खातों और एटीएम कार्ड के जरिए निकालते और अपने निजी उपयोग में खर्च करते थे।
थाना अधिकारी के अनुसार, आरोपियों के खिलाफ मुकदमा नंबर 567/25 दर्ज किया गया है। उन पर धारा 319(2), 318(4), 338, 336(3), 340(2), 111, 61(2) बीएनएस तथा आईटी एक्ट की धारा 66(D) और 67(A) के तहत मामला दर्ज कर अनुसंधान शुरू कर दिया गया है। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में दबिशें दे रही है।
इस कार्रवाई को साइबर अपराध के खिलाफ पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है। “ऑपरेशन एंटीवायरस” के तहत यह गिरफ्तारी यह दर्शाती है कि राज्य पुलिस अब तकनीकी अपराधों के खिलाफ तेज़ी और सटीकता से काम कर रही है। पुलिस का कहना है कि ऐसे मामलों में लोगों को सतर्क रहना चाहिए और किसी भी संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधि की सूचना तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर देनी चाहिए।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
