चित्तौड़गढ़: सरल संस्कृत परीक्षा परिणाम घोषित, मेधावी छात्र पुरस्कृत
संस्कृत भारती और श्री कल्लाजी वैदिक विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित परीक्षा में 135 छात्र उत्तीर्ण हुए, जिन्हें प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।

चित्तौड़गढ़। संस्कृत भारती, राजकीय वरिष्ठ उपाध्याय संस्कृत विद्यालय जावदा द्वितीय एवं श्री कल्लाजी वैदिक विश्वविद्यालय निम्बाहेड़ा के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित सरल संस्कृत परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह में संस्कृत को सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक पुनरुत्थान का मुख्य आधार बताया गया। संस्कृत भारती चित्तौड़ प्रांत द्वारा आयोजित इस परीक्षा के परिणामों में श्री कल्लाजी वैदिक विश्वविद्यालय गुरुकुल के राजकीय वरिष्ठ उपाध्याय संस्कृत विद्यालय जावदा द्वितीय में अध्ययनरत विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया, जहां 119 छात्र सरला परीक्षा में तथा 16 विद्यार्थी सुगमा परीक्षा में ससम्मान उत्तीर्ण हुए।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एवं संस्कृत भारती के जनपद संयोजक डॉ. श्याम सुंदर पारीक ने संबोधन के दौरान बताया कि चित्तौड़ प्रांत स्तर पर आयोजित इस परीक्षा में श्री कल्लाजी वैदिक विश्वविद्यालय परीक्षा केंद्र का परिणाम अत्यंत प्रशंसनीय रहा है। योग्यता सूची के विवरण के अनुसार, सरला परीक्षा में कक्षा 8 के छात्र अर्जुन पुरोहित एवं गर्वित शर्मा ने संयुक्त रूप से प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि कक्षा 10 के कन्हैया लाल तिवारी द्वितीय स्थान पर रहे। वहीं, सुगमा परीक्षा में कक्षा 11 के प्रहलाद शर्मा ने प्रथम एवं कक्षा 12 के शैलेंद्र नागदा ने द्वितीय स्थान प्राप्त कर विद्यालय का मान बढ़ाया। डॉ. पारीक ने इस अवसर पर संस्कृत भारती द्वारा संचालित पत्राचार पाठ्यक्रम, गीता शिक्षण केंद्र, बालकेंद्र, सरल संस्कृत परीक्षा, भाषा बोधन वर्ग, प्रबोधन वर्ग और प्रशिक्षण वर्ग जैसे विभिन्न प्रकल्पों की विस्तृत जानकारी साझा करते हुए छात्र-छात्राओं को देवभाषा संस्कृत की वैज्ञानिक एवं सांस्कृतिक विशेषताओं से साक्षात्कार करवाया।
संस्कृत भारती के संपर्क प्रमुख विकास उपाध्याय ने छात्रों को संबोधित करते हुए उनके मानस पटल से संस्कृत के प्रति व्याप्त भय को दूर करने का आह्वान किया। उन्होंने संस्कृत को केवल शास्त्र की भाषा न मानकर दैनिक व्यवहार की भाषा बनाने पर बल दिया तथा विद्यार्थियों को गतिविधि एवं संभाषण आधारित अध्ययन पद्धति अपनाने का परामर्श दिया। समारोह के अंतिम चरण में संस्कृत भारती चित्तौड़ प्रांत की ओर से उत्तीर्ण समस्त विद्यार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए, साथ ही प्रथम व द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले मेधावियों को पारितोषिक देकर पुरस्कृत किया गया। इस गरिमामयी कार्यक्रम में राजकीय वरिष्ठ उपाध्याय संस्कृत विद्यालय जावदा द्वितीय के प्रधानाध्यापक प्रभु लाल कुमावत, शारीरिक शिक्षक मिट्ठू लाल शर्मा, रामकेश, यजुर्वेद वेदाध्यापक त्रिलोक चंद शर्मा एवं ऋग्वेद शिक्षक ओम पाण्डेय सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे, जो संस्कृत के इस बढ़ते प्रभाव और शैक्षिक पुनरुत्थान के साक्षी बने।

Ruturaj Ravan
यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।
