सड़क सुरक्षा को लेकर जिला कलक्टर सख्त, ब्लैक स्पॉट और अतिक्रमण पर कार्रवाई के निर्देश
चित्तौड़गढ़ में सड़क सुरक्षा बैठक में ब्लैक स्पॉट, अतिक्रमण और यातायात बाधाओं पर जिला कलक्टर डॉ. मंजू ने सख्त निर्देश दिए।

तस्वीर में जिला कलक्टर डॉ. मंजू जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ सड़क सुरक्षा समीक्षा बैठक को संबोधित करती हुई नजर आ रही हैं।
सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम को लेकर जिला कलक्टर डॉ. मंजू ने गुरुवार को जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक लेकर सड़क सुरक्षा से जुड़े कार्यों की विस्तार से समीक्षा की। बैठक में जिले में सड़क दुर्घटनाओं की स्थिति, चिन्हित ब्लैक स्पॉट पर सुधार कार्य, राष्ट्रीय राजमार्ग एवं प्रमुख मार्गों से अतिक्रमण हटाने, यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने तथा सड़क सुरक्षा से संबंधित अन्य कार्यों की समीक्षा की गई।
जिला कलक्टर ने कहा कि सड़क सुरक्षा सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए संबंधित विभाग आपसी समन्वय से प्रभावी एवं स्थायी कार्ययोजना बनाकर कार्य करें। उन्होंने दुर्घटना संभावित स्थानों एवं ब्लैक स्पॉट का नियमित निरीक्षण कर आवश्यक सुधार कार्य प्राथमिकता से करवाने के निर्देश दिए।
ब्लैक स्पॉट की स्थिति की समीक्षा करते हुए जिला कलक्टर ने अधिकारियों को प्रत्येक ब्लैक स्पॉट का मौके पर निरीक्षण कर दुर्घटनाओं के कारणों का विश्लेषण करने के निर्देश दिए। आवश्यकता के अनुसार सड़क की डिजाइन में सुधार, मोड़ पर सुरक्षा व्यवस्था, रोड साइनेज, स्ट्रीट लाइट, रोड मार्किंग, रिफ्लेक्टर, स्पीड ब्रेकर सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि केवल ब्लैक स्पॉट चिन्हित करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि वहां दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्थायी समाधान किए जाने चाहिए। संबंधित विभागों को कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए लंबित कार्य समयबद्ध रूप से पूरा करवाने के निर्देश दिए गए।
राष्ट्रीय राजमार्ग सहित प्रमुख मार्गों पर अतिक्रमण की स्थिति की जानकारी लेते हुए जिला कलक्टर ने नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क सीमा में किसी भी प्रकार का स्थायी अथवा अस्थायी अतिक्रमण यातायात में बाधा उत्पन्न करता है और दुर्घटनाओं की संभावना बढ़ाता है। संबंधित अधिकारियों को राष्ट्रीय राजमार्ग एवं प्रमुख सड़कों का संयुक्त निरीक्षण कर अतिक्रमण चिन्हित करने तथा नियमानुसार कार्रवाई करते हुए सड़क मार्ग को सुगम एवं सुरक्षित बनाने के निर्देश दिए गए। दुकानों, ठेलों, निर्माण सामग्री अथवा अन्य गतिविधियों के कारण जहां यातायात प्रभावित हो रहा है, वहां विशेष रूप से कार्रवाई करने को कहा गया।
जिला कलक्टर ने सड़कों पर पर्याप्त रोड साइनेज, दिशा-सूचक बोर्ड, चेतावनी संकेतक एवं रिफ्लेक्टर लगाने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि रात के समय वाहन चालकों को सड़क की स्थिति एवं संभावित खतरों की स्पष्ट जानकारी मिल सके, इसके लिए आवश्यक स्थानों पर प्रकाश एवं रिफ्लेक्टिव साइनेज की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। सड़क किनारे अनावश्यक रूप से खड़े वाहनों, क्षतिग्रस्त सड़क किनारों, खुले डिवाइडर कट एवं अन्य यातायात बाधाओं को चिन्हित कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में जिला कलक्टर ने यातायात पुलिस एवं परिवहन विभाग को सड़क सुरक्षा नियमों की प्रभावी पालना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने तेज गति से वाहन चलाने, बिना हेलमेट वाहन चलाने, सीट बेल्ट का उपयोग नहीं करने, गलत दिशा में वाहन चलाने तथा नशे में वाहन चलाने जैसी लापरवाहियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई के साथ आमजन में जागरूकता बढ़ाने को कहा। विद्यालयों, महाविद्यालयों एवं आमजन के बीच सड़क सुरक्षा को लेकर नियमित जागरूकता गतिविधियां आयोजित करने तथा विशेष रूप से युवाओं को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए गए।
जिला कलक्टर ने जिले में होने वाली सड़क दुर्घटनाओं का माहवार नियमित विश्लेषण करने तथा दुर्घटनाओं के प्रमुख कारणों को चिन्हित कर उनके समाधान की दिशा में कार्य करने को कहा। उन्होंने दुर्घटनाओं के आंकड़ों के आधार पर संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान कर परिणाम आधारित सड़क सुरक्षा कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।
बैठक में जिला कलक्टर ने सड़क दुर्घटनाओं में प्रभावित लोगों को मिलने वाली सहायता एवं योजनाओं की जानकारी भी ली। संबंधित अधिकारी ने बताया कि पात्र लाभार्थियों को प्रधानमंत्री राहत योजना एवं मुख्यमंत्री दुर्घटना बीमा योजना के तहत नियमानुसार लाभान्वित किया जाता है।
सड़क सुरक्षा कार्यों की प्रभावी मॉनिटरिंग के लिए जिला कलक्टर ने उपखंड स्तर पर भी उपखंड अधिकारी की अध्यक्षता में समिति गठित करने के निर्देश दिए। समिति में संबंधित विभागों के अधिकारियों को शामिल करते हुए क्षेत्र में होने वाली दुर्घटनाओं, ब्लैक स्पॉट, यातायात बाधाओं एवं सड़क सुरक्षा से जुड़े अन्य विषयों की नियमित समीक्षा करने को कहा गया।
बैठक में आईएएस ओएसडी निर्वाचन रविन्द्र कुमार मेघवाल, प्रशिक्षु आईएएस मुद्रा, अतिरिक्त जिला कलक्टर दिनेश धाकड़ सहित पुलिस, परिवहन, सार्वजनिक निर्माण विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

Piyush Mundara, Chittorgarh
नाम: पियूष मूंदड़ा
वर्तमान पद: संवाददाता
कार्यक्षेत्र: चित्तौड़गढ़ (राजस्थान)
अनुभव: साल 2013 से
विशेष रुचि: अपराध (क्राइम) और वन्य जीव (Wildlife) रिपोर्टिंग
बीट और कवरेज
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- स्नातक (Graduate)
- डिप्लोमा इन जर्नलिज्म (Diploma in Journalism)
