बड़ी सादड़ी में गूंजी 238वीं रामधुन: भव्य स्वागत के साथ सामाजिक सरोकारों पर हुआ मंथन
बड़ी सादड़ी में आयोजित 238वीं रामधुन में उमड़ा भक्तों का जनसैलाब। गृह प्रवेश पर हुआ भव्य स्वागत, धर्म सभा में युवाओं की बिगड़ती सेहत और खानपान की आदतों पर हुई चिंताजनक चर्चा। क्या है रामधुन का यह सामाजिक संकल्प?

बड़ी सादड़ी में आयोजित रामधुन कार्यक्रम में बड़ी संख्या में शामिल हुए बच्चे, महिलाएं और युवा।
बड़ी सादड़ी स्थित श्री सिद्ध पंचमुखी बालाजी सेवा संस्थान द्वारा प्रत्येक रविवार को आयोजित की जाने वाली रामधुन का क्रम निरंतर जारी है। इसी श्रृंखला में 238वीं रामधुन का आयोजन रविवार सुबह 6:45 बजे आनंद धाम श्री रामद्वारा चौक से प्रारंभ हुआ। यह रामधुन नगर के विभिन्न मार्गों से होती हुई कानोड दरवाजा स्थित भगवान लाल नैनावा के निवास स्थान पर पहुंची। अपने नूतन गृह प्रवेश के पावन अवसर पर नैनावा परिवार ने रामधुन का भव्य स्वागत किया और उपस्थित भक्तजनों पर पुष्प वर्षा की। इस आयोजन में बड़ी संख्या में बालक, बालिकाएं, मातृशक्ति, वरिष्ठजन और युवा शामिल हुए। सभी भक्तजनों ने सामूहिक रूप से विजय मंत्र का जाप और हनुमान चालीसा का पाठ किया। पाठ के उपरांत नैनावा परिवार द्वारा भगवान की आरती की गई और प्रसाद वितरित किया गया।
आरती के बाद आयोजित धर्म सभा में बालाजी संस्थान की ओर से नैनावा परिवार का अभिनंदन किया गया। इस धर्म सभा में वर्तमान परिस्थितियों में आचार-विचार विषय पर विस्तार से चर्चा की गई। वक्ताओं ने इस बात पर विशेष बल दिया कि युवा पीढ़ी गलत खानपान के कारण कम उम्र में ही अनेक शारीरिक समस्याओं की शिकार हो रही है। चर्चा में कहा गया कि सॉफ्ट ड्रिंक और फास्ट फूड का नियमित सेवन युवाओं को बीमार बना रहा है, वहीं मोबाइल व लैपटॉप का बढ़ता स्क्रीन टाइम मानसिक विकारों को जन्म दे रहा है। सभा में जानकारी दी गई कि एक वर्ष में नगर के सभी मंदिरों तक पहुंचने के संकल्प के साथ शुरू हुई यह रामधुन समाज के सहयोग से अनवरत चल रही है। धर्म जागरण के साथ-साथ यह रामधुन अब विभिन्न सामाजिक व समसामयिक विषयों पर मंथन का प्रमुख केंद्र बन गई है। भगवान लाल नैनावा ने सभी उपस्थित भक्तजनों का आभार व्यक्त किया। रामधुन का यह कारवां अब तक समाज के सभी जाति वर्गों तक पहुंच चुका है और आगे भी समाज की इच्छा व सहयोग से समाज जागरण की दिशा में निरंतर चलता रहेगा।

