निंबाहेड़ा। आस्था, परंपरा और उल्लास के त्रिवेणी संगम के बीच चित्तौड़गढ़ जिले का निंबाहेड़ा नगर उस समय पूरी तरह भक्तिमय हो उठा, जब श्री नामदेव टांक क्षत्रिय दर्जी समाज द्वारा अपने आराध्य देव, संत शिरोमणि भगवान श्री नामदेव जी महाराज के बोधिसत्व दिवस (बसंत पंचमी) के पावन उपलक्ष्य में एक विशाल एवं भव्य शोभायात्रा का आयोजन किया गया। श्रद्धा के सैलाब के बीच निकली इस यात्रा ने नगर के हर कोने को भगवान नामदेव के जयकारों से गुंजायमान कर दिया।

शोभायात्रा का श्रीगणेश नगर के ऐतिहासिक आजाद चौक से हुआ। फूलों से सजे रथ पर विराजमान भगवान श्री नामदेव जी महाराज की छवि के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। जैसे-जैसे यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से आगे बढ़ी, वातावरण में छाई भक्ति की सुगंध ने हर किसी को मंत्रमुग्ध कर दिया। ढोल-नगाड़ों की थाप और भजनों की धुन पर थिरकते समाजजनों के उत्साह ने इस आयोजन को एक उत्सव में तब्दील कर दिया।

इस धार्मिक आयोजन का सबसे विशेष दृश्य परशुराम सर्कल पर देखने को मिला, जहाँ भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने राजनीतिक मर्यादाओं से ऊपर उठकर एक स्वर में संत शिरोमणि का अभिनंदन किया। भाजपा की ओर से यात्रा पर जोरदार पुष्प वर्षा की गई, जिससे पूरा मार्ग केसरिया और फूलों की पंखुड़ियों से पट गया। इस दौरान पूर्व विधायक अशोक नवलखा, नगर अध्यक्ष कपिल चौधरी, नगर उपाध्यक्ष जगदीश माली, नगर मंत्री आशीष बोडाना, मनीष कासट और भाजयुमो के हितेश जोशी सहित कई नेताओं ने भगवान नामदेव जी के चित्र पर माल्यार्पण कर आशीर्वाद लिया और समाज की एकजुटता की सराहना की।

यात्रा अपने निर्धारित मार्ग से होती हुई अंततः श्री ढाबेश्वर महादेव मंदिर परिसर पहुँची। यहाँ समाज के वरिष्ठ जनों और गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति में भगवान श्री नामदेव जी महाराज की भव्य महाआरती उतारी गई। महाआरती के पश्चात आयोजित समारोह में वक्ताओं ने भगवान नामदेव के जीवन दर्शन और उनके बोधिसत्व के महत्व पर प्रकाश डाला। इस संपूर्ण आयोजन के दौरान श्री नामदेव समाज के पुरुषों, महिलाओं और युवाओं ने जिस अनुशासन और श्रद्धा के साथ सहभागिता निभाई, वह नगर में चर्चा का विषय बनी रही। यह शोभायात्रा न केवल एक धार्मिक अनुष्ठान थी, बल्कि इसने सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक एकता का एक जीवंत उदाहरण भी प्रस्तुत किया।

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