चित्तौड़गढ़ के जांबाजों ने छत्तीसगढ़ में गाड़ा झंडा: प्रथम राष्ट्रीय रोवर रेंजर जंबूरी में राजस्थान को मिला नेशनल कमिश्नर फ्लैग
चित्तौड़गढ़ के महाराणा प्रताप पीजी कॉलेज के रोवर रेंजर दल ने छत्तीसगढ़ में आयोजित प्रथम राष्ट्रीय जंबूरी में शानदार प्रदर्शन कर जिले का नाम रोशन किया है। 16 में से 14 प्रतियोगिताओं में प्रथम स्थान पाकर राजस्थान ने नेशनल कमिश्नर फ्लैग जीता। रेंजर लीडर डॉ. अनिता कुमारी और रोवर लीडर किशन दान चारण के नेतृत्व में लौटे इस दल का कॉलेज में भव्य स्वागत किया गया।

चित्तौड़गढ़। साहस, अनुशासन और सेवा के संगम 'प्रथम राष्ट्रीय रोवर रेंजर जंबूरी' में चित्तौड़गढ़ के युवा सितारों ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए समूचे राजस्थान का मान बढ़ाया है। छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में 9 से 13 जनवरी तक आयोजित इस ऐतिहासिक पांच दिवसीय आयोजन में महाराणा प्रताप पीजी कॉलेज के दल ने न केवल जिले का प्रतिनिधित्व किया, बल्कि कठिन चुनौतियों को पार कर विजय की गाथा भी लिखी। जब यह विजयी दल अपने गृह जनपद चित्तौड़गढ़ लौटा, तो महाविद्यालय परिसर में हर्ष और उल्लास का माहौल देखने को मिला, जहां प्राचार्य और संकाय सदस्यों ने फूल-मालाओं के साथ इन युवाओं का भव्य अभिनंदन किया।
इस विशेष अभियान का नेतृत्व रेंजर लीडर डॉ. अनिता कुमारी और रोवर लीडर किशन दान चारण ने किया, जिनके कुशल मार्गदर्शन में दल ने जंबूरी की दुर्गम गतिविधियों में अपनी छाप छोड़ी। दल के स्वागत समारोह के दौरान प्राचार्य डॉ. भारती मेहता, स्काउट लीडर बाबुलाल जाट और मीनाक्षी चौधरी ने प्रतिभागियों को जंबूरी सहभागिता एवं एडवेंचर के प्रमाण पत्र सौंपते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। डॉ. मेहता ने इस अवसर पर कहा कि स्काउटिंग का मूल मंत्र युवाओं को वास्तविक जीवन की चुनौतियों के लिए तैयार करना और विपरीत परिस्थितियों में धैर्य के साथ समाज में नई चेतना जागृत करना है।
जंबूरी के दौरान आयोजित 16 विभिन्न राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में राजस्थान के इस दल का प्रदर्शन इतना प्रभावी रहा कि प्रदेश ने 14 प्रतियोगिताओं में प्रथम स्थान हासिल कर प्रतिष्ठित 'नेशनल कमिश्नर फ्लैग' और 'शील्ड' पर अपना कब्जा जमाया। दल के सदस्य केवल कुमावत, रिमझिम पारीक, विरेन्द्र सिंह, भावना अहीर, किशन प्रजापत और कमलेश अहीर ने आधुनिक सुख-सुविधाओं से दूर प्राकृतिक और वास्तविक ग्रामीण जीवन का अनुभव किया। इन प्रतिभागियों ने बिना बर्तन भोजन बनाना, मार्च पास्ट, टेंट ले-आउट, कलर पार्टी बैंड, कैंप फायर और नाइट हाइक जैसी साहसिक गतिविधियों में भाग लेकर अपनी शारीरिक और मानसिक दक्षता का परिचय दिया। चित्तौड़गढ़ के इन युवाओं की यह उपलब्धि न केवल कॉलेज के लिए गौरव का विषय है, बल्कि यह भविष्य के नेतृत्वकर्ताओं के निर्माण की दिशा में एक सशक्त कदम है।

Pratahkal Bureau
प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
