चित्तौड़गढ़ में पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 1 किलो 315 ग्राम अफीम के साथ 3 तस्कर गिरफ्तार
चित्तौड़गढ़ जिले में दो अलग-अलग घटनाओं में एएनटीएफ और पुलिस ने नाकाबंदी कर मादक पदार्थ के साथ तीन आरोपियों को पकड़ा, पूछताछ जारी।

चित्तौड़गढ़। मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस का अनवरत प्रहार जारी है। अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस दिनेश एम.एन. के मार्गदर्शन एवं एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ए.एन.टी.एफ.) के महानिरीक्षक विकास कुमार के दिशा-निर्देशन में ए.एन.टी.एफ. की टीम ने चित्तौड़गढ़ जिले में दो बड़ी कार्रवाइयों को सफलतापूर्वक अंजाम दिया है। इन दो ऑपरेशनों में टीम ने कुल 1 किलो 315 ग्राम अवैध अफीम बरामद कर तीन तस्करों को सलाखों के पीछे पहुँचाने में सफलता हासिल की है।
पहली कार्यवाही चंदेरिया थाना क्षेत्र में अंजाम दी गई। टीम को एक पुख्ता मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई थी कि भीलवाड़ा-रोलाहेड़ा हाईवे सर्विस लाइन पर एक व्यक्ति पिठू बैग लिए खड़ा है, जो अवैध मादक पदार्थ लेकर बस का इंतजार कर रहा है। सूचना की गंभीरता को भांपते हुए टीम सादे कपड़ों में त्वरित गति से मौके पर पहुँची। संदिग्ध के हुलिये के आधार पर पहचान सुनिश्चित कर पुलिस ने उसे चारों तरफ से घेरकर धर-दबोचा। स्थानीय चन्देरिया थाना पुलिस की उपस्थिति में जब आरोपी के बैग की तलाशी ली गई, तो उसमें से 810 ग्राम अवैध अफीम बरामद हुई। इस मामले में बालोतरा जिले के ढाका का गोलिया निवासी हनुमानराम पुत्र पदमाराम नाई को गिरफ्तार किया गया है।
दूसरी कार्रवाई सदर चित्तौड़गढ़ थाना क्षेत्र में की गई। टीम को इनपुट मिला था कि नीमच से दिल्ली जाने वाली एक ट्रेवल्स बस में दो तस्कर अवैध मादक पदार्थ लेकर सफर कर रहे हैं। इस सूचना पर टीम ने तुरंत चित्तौड़गढ़-भीलवाड़ा हाईवे पर स्थित नरपत की खेड़ी पुलिया यात्री प्रतीक्षालय के पास नाकाबंदी कर बसों की सघन चेकिंग शुरू की। जाँच के दौरान जब अशोक ट्रेवल्स की स्लीपर बस को रुकवाया गया, तो स्लीपर नंबर 4 में बैठे दो युवक पुलिस को देख हड़बड़ा गए। स्थानीय सदर चित्तौड़गढ़ थाना पुलिस की मदद से ली गई तलाशी में उनके कब्जे से 505 ग्राम अवैध अफीम बरामद हुई। पुलिस ने इस मामले में कुचामन डीडवाना निवासी राकेश गावडिया पुत्र परसाराम जाट और नागौर जिले के गाजु निवासी देवाराम पुत्र जगदीश गुर्जर को गिरफ्तार किया है।
ए.एन.टी.एफ. के अधिकारियों के अनुसार, मादक पदार्थों की तस्करी के इस संगठित नेटवर्क की जड़ों तक पहुँचने और नशीले पदार्थों के मुख्य सोर्स का पता लगाने के लिए गिरफ्तार तीनों आरोपियों से सघन पूछताछ की जा रही है। यह कार्रवाई नशे के सौदागरों के नेटवर्क को ध्वस्त करने की दिशा में पुलिस की एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।

