चित्तौड़गढ़: निकुंभ पुलिस ने 7 आरोपियों को किया गिरफ्तार, चोर गिरोह बेनकाब
निकुंभ पुलिस ने अनाज चोरी की 7 वारदातों का पर्दाफाश करने के साथ ही श्रद्धालुओं से रिकवरी एजेंट बनकर अवैध वसूली करने वाले 4 बदमाशों को दबोचा।

निम्बाहेड़ा। निकुंभ थाना पुलिस ने दो अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए कुल 07 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पहली कार्रवाई में पुलिस ने चोर गिरोह का पर्दाफाश कर चोरी की करीब 07 वारदातों का खुलासा किया, जबकि दूसरी कार्रवाई में फाइनेंस कंपनी के रिकवरी एजेंट बनकर श्रद्धालुओं को रोकने, परेशान करने और अवैध वसूली का प्रयास करने वाले 04 आरोपियों को गिरफ्तार किया। दोनों मामलों में चोरी का माल और वारदात में प्रयुक्त वाहन बरामद किए गए।
निकुंभ थाना क्षेत्र में विगत दिनों हुई चोरी की वारदातों के संबंध में निकुंभ थानाधिकारी प्रभुसिंह चुण्डावत के नेतृत्व में एएसआई सुरेन्द्र सिंह, कानि लाल सिंह, संदीप व भैरूलाल की टीम गठित की गई। पुलिस टीम ने वारदात वाले गांव पालाखेड़ी और आसपास के गांवों में बदमाशों के बारे में सूचना संग्रह कर संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी रखी।
संदिग्ध गतिविधि पाए जाने पर नानालाल पिता ताराचंद गायरी, देवीलाल पिता हजारीलाल रेगर और पोखर पिता पृथ्वीराज मेघवाल, निवासीगण गरदाना थाना निकुंभ, को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पुलिस पूछताछ में तीनों के संगठित चोर गिरोह के सदस्य होने की बात सामने आई। गिरोह का सरगना नानालाल गायरी बताया गया। गिरोह ने निकुंभ थाना क्षेत्र के गरदाना, कस्बा निकुंभ, निकुंभ चौराहा और पालाखेड़ी क्षेत्र में चोरी की करीब 07 वारदातों का खुलासा किया।
पुलिस के अनुसार गिरोह का सरगना चोरी का अनाज निकुंभ और आवरी माता में होलसेल व्यापारियों को बेचता था। आरोपियों के कब्जे से चोरी किया गया गेहूं, सरसों और चने के कट्टे तथा वारदात में प्रयुक्त मोटरसाइकिल बरामद की गई। आरोपियों को दिनांक 03.07.2026 को पालाखेड़ी निवासी महेन्द्र सिंह के घर से रात्रि में अनाज चोरी की वारदात के संबंध में दर्ज प्रकरण में गिरफ्तार किया गया है। अन्य वारदात स्थलों की मौका तस्दीक की जा रही है। गिरफ्तार आरोपियों का पूर्व का आपराधिक रिकॉर्ड भी रहा है और गिरोह से लगातार पूछताछ की जा रही है।
दूसरी कार्रवाई में दिनांक 08.09.2026 को निकुंभ थाना पुलिस को सूचना मिली कि निकुंभ चौराहे के पास कुछ व्यक्ति बिना नंबरी, काली फिल्म लगी कार में सवार होकर रामदेवरा एवं आवरी माता की ओर जाने वाले बाहरी यात्री श्रद्धालुओं की मोटरसाइकिलें रुकवा-रुकवाकर स्वयं को फाइनेंस कंपनी का रिकवरी एजेंट बताते हुए उन्हें नाजायज रूप से परेशान कर अवैध वसूली कर रहे हैं।
सूचना पर निकुंभ थानाधिकारी प्रभुसिंह चुण्डावत मय जाप्ता तत्काल मौके पर पहुंचे। निकुंभ चौराहा से आवरी माता रोड पर एक क्विड बिना नंबरी, काली फिल्म लगी कार के साथ चार व्यक्ति राजेन्द्र पिता उदयलाल सालवी निवासी आवरी माता, कन्हैयालाल पिता श्यामलाल रेगर निवासी रानीखेड़ा, लोकेश पिता हजारीलाल मेघवाल निवासी रानीखेड़ा तथा विनोद पिता हरिकिशन सुथार निवासी आवरी माता मिले। मौके पर कुछ बाहरी यात्री श्रद्धालुओं की मोटरसाइकिलें भी रुकवा रखी थीं।
पुलिस द्वारा पूछताछ करने पर आरोपियों ने स्वयं को श्री सांवरिया एसोसिएट फाइनेंस कंपनी का रिकवरी एजेंट बताया, लेकिन कोई संतोषप्रद जवाब नहीं दिया। किसी के पास फाइनेंस कंपनी द्वारा अधिकृत किए जाने संबंधी कोई आईडी कार्ड भी नहीं मिला। मौके पर मौजूद श्रद्धालुओं ने बताया कि आरोपियों द्वारा उन्हें जबरन रुकवाकर कागजात चैक किए जा रहे हैं और परेशान किया जा रहा है।
इस पर चारों आरोपियों को बिना उचित कारण अवैध रूप से यात्रियों को परेशान कर वसूली का प्रयास करते पाए जाने पर पुलिस हिरासत में लिया गया। मौके से बिना नंबरी, काली फिल्म लगी क्विड कार को भी जप्त किया गया। प्रकरण में आवश्यक अनुसंधान एवं कार्रवाई जारी है। निकुंभ थाना पुलिस की दोनों कार्रवाइयों में कुल 07 आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ चोरी की वारदातों और श्रद्धालुओं को परेशान कर अवैध वसूली के प्रयास पर कार्रवाई सामने आई है।

