चित्तौड़गढ़: नगर परिषद कार्यालय पर प्रदर्शन, बुनियादी समस्याओं के समाधान की मांग
कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के नेतृत्व में निवासियों ने लावारिस पशुओं, पेयजल संकट और बदहाल सफाई व्यवस्था को लेकर नगर परिषद कार्यालय का घेराव कर ज्ञापन सौंपा।

चित्तौड़गढ़। शहर की बदहाल व्यवस्थाओं से त्रस्त आमजन का धैर्य आखिरकार जवाब दे गया, जिसके परिणामस्वरूप जिला कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के बैनर तले सैंकड़ों निवासियों ने नगर परिषद कार्यालय का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। लावारिस सांडों का आतंक, कुत्तों की बढ़ती संख्या, लचर सफाई व्यवस्था, ठप पड़ी स्ट्रीट लाइटें और भीषण पेयजल संकट सहित जर्जर सड़कों से उपजे आक्रोश के चलते नगर परिषद कार्यालय परिसर नारों से गूंज उठा। प्रदर्शनकारियों ने नगर परिषद आयुक्त के माध्यम से जिला कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, संभागीय आयुक्त उदयपुर, निदेशक स्वायत्त शासन विभाग जयपुर एवं स्थानीय विधायक को ज्ञापन सौंपकर आगामी ईद-उल-अजहा के त्यौहार से पूर्व सभी समस्याओं का स्थायी समाधान करने का कड़ा अल्टीमेटम दिया है।
प्रदर्शन के दौरान शहरवासियों ने नगर परिषद प्रशासन की घोर लापरवाही और अनदेखी पर कड़ा रोष व्यक्त किया। ज्ञापन में प्रमुखता से उठाया गया कि गांधी चौक, सुभाष चौक, लोहार मोहल्ला, कुंभा नगर, प्रताप नगर और तेजाजी चौक सहित संपूर्ण शहरी क्षेत्र लावारिस सांडों और कुत्तों के आतंक से त्रस्त है। हाल ही में चंदनपुरा क्षेत्र में एक सांड द्वारा व्यक्ति को गंभीर रूप से घायल करने की घटना ने सुरक्षा दावों की पोल खोल दी है। पूर्व में सांडों की आपसी लड़ाई के कारण एक पार्षद की मृत्यु और अन्य कई नागरिकों द्वारा जान गंवाने के बावजूद नगर परिषद द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
जनता ने मांग की है कि शहर के सभी वार्डों और मोहल्लों में सफाई व्यवस्था को नियमित किया जाए। इसके अतिरिक्त, मस्जिद-ईदगाह एवं मुख्य मार्गों की स्ट्रीट लाइटें बंद होने से रात के समय उत्पन्न हो रहे अंधेरे को तत्काल दूर किया जाए। शहर में चरमराई पेयजल व्यवस्था के चलते पानी की आपूर्ति का दबाव अत्यंत कम है, जिससे निवासियों को भारी कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। मोहर मंगरी में पानी की विकट समस्या के समाधान हेतु सरकारी कनेक्शन को सर्वव्यापी बनाने तथा स्कूल एवं पीपल के स्थान पर नलकूप खुदवाने की मांग भी रखी गई।
इस प्रदर्शन में इम्तियाज हुसैन लौहार, मोहसीन खान, फारूक नीलगर, नवाब खान, रफीक खान, किशन दशोरा, जमील अहमद, इकबाल अब्बासी, खुसरो कमाल, शाहीद, फिरोज खान, रमजान छीपा, अनिल भारद्वाज, अली अब्बास, अहमद खान, उस्मान गनी, मुबारिक खान, भूपेन्द्र गिरी, शमीम, अफसर, परवेज, रशीद, रेहाना, राबिया, शालू, सोनिया, दिनाज, रेशमा, मोमिन, अफसाना, टीना, आयशा, पायल कंवर, रजनी, वहीदा, हीना बानो, इमरान छीपा, नूर अली, सिफान, अदनान, इरफान लौहार, अशरफ छीपा, शकूर, मोहम्मद यूनूस, मेहमूद, फैजान, किशन रेगर और अशरफ अली व इकबाल पठान सहित सैंकड़ों कार्यकर्ता उपस्थित रहे। नगर परिषद प्रशासन द्वारा इन बुनियादी समस्याओं पर अब क्या ठोस कदम उठाए जाते हैं, यह आने वाला समय ही बताएगा।

