नई दिल्ली: घरेलू शेयर बाजार में लगातार तीन सत्रों से जारी गिरावट के सिलसिले पर आखिरकार आज विराम लग गया। सप्ताह के पहले कारोबारी दिन दलाल स्ट्रीट में निवेशकों की ओर से चौतरफा लिवाली देखने को मिली, जिससे प्रमुख सूचकांकों में तगड़ा उछाल दर्ज किया गया। शुरुआती कारोबारी सत्र में ही बंबई स्टॉक एक्सचेंज का संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 400 अंक से अधिक की छलांग लगाकर मजबूत स्थिति में पहुंच गया। बाजार में आए इस अचानक सुधार ने निवेशकों के बीच सकारात्मक धारणा को मजबूत किया है, जिससे चारों तरफ हरे निशान की चमक बिखर गई है।

कारोबार की शुरुआत से ही बाजार का रुख पूरी तरह से तेजी की ओर झुका रहा। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 इंडेक्स भी अपनी पुरानी कमजोरी को पीछे छोड़ते हुए 23,600 अंक के मनोवैज्ञानिक स्तर के पार निकलकर ट्रेड करने लगा। उल्लेखनीय है कि सेंसेक्स पिछले सत्र में 74,775.74 अंक पर बंद हुआ था, जबकि आज सुबह यह शानदार बढ़त के साथ 75,203.02 अंक पर खुला। सुबह 9:20 बजे के आंकड़ों के अनुसार, सेंसेक्स 331.15 अंक यानी 0.44 प्रतिशत की मजबूती के साथ 75,106.89 अंक पर कारोबार कर रहा था, जबकि निफ्टी 86.75 अंक यानी 0.37 प्रतिशत की बढ़त लेकर 23,634.50 अंक के स्तर पर पहुंच गया। इस दौरान अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया 94.97 के स्तर पर फ्लैट खुला, जो पिछले सत्र में 95 पर बंद हुआ था।

बाजार में आई इस तेजी की अगुवाई विमानन कंपनी इंडिगो के शेयरों ने की, जिसके भाव में शुरुआती कारोबार के दौरान ही 4.88 फीसदी का बड़ा उछाल देखा गया। सेंसेक्स के 30 प्रमुख शेयरों में से 26 शेयर भारी बढ़त के साथ ट्रेड कर रहे थे। इंडिगो के अलावा एशियन पेंट्स, इन्फोसिस, टीसीएस, टेक महिंद्रा, एचसीएल टेक और बजाज फिनसर्व जैसी दिग्गज कंपनियों के शेयरों में भी उल्लेखनीय तेजी दर्ज की गई। इसके विपरीत, बैंकिंग और कुछ चुनिंदा हैवीवेट शेयरों पर मुनाफावसूली का दबाव भी देखा गया, जिसके चलते कोटक महिंद्रा बैंक, एक्सिस बैंक, एनटीपीसी और ट्रेंट जैसी कंपनियों के शेयरों में गिरावट का रुख रहा।

व्यापक बाजार की बात करें तो स्मॉलकैप और मिडकैप सेगमेंट में भी खरीदारों का अच्छा समर्थन मिला। निफ्टी मिडकैप सूचकांक में 0.52 फीसदी और निफ्टी स्मॉलकैप में 0.68 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई। सेक्टोरल इंडेक्स के विश्लेषण से पता चलता है कि आज के कारोबार में निफ्टी आईटी और निफ्टी मीडिया इंडेक्स प्रमुख रूप से बढ़त बनाने वाले क्षेत्रों में शामिल रहे। दूसरी ओर, रक्षात्मक माने जाने वाले सेक्टर्स जैसे निफ्टी एफएमसीजी, निफ्टी ऑटो और निफ्टी हेल्थकेयर में हल्की बिकवाली देखी गई, जिसके चलते ये सूचकांक गिरावट के साथ लाल निशान में कारोबार कर रहे थे।

इस बीच, अंतरराष्ट्रीय कमोडिटी बाजार से आ रहे संकेतों ने वैश्विक अर्थव्यवस्था की हलचल को बढ़ा दिया है। पिछले सप्ताह करीब 11 फीसदी की भारी गिरावट झेलने के बाद वैश्विक बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड की कीमतों में आज एक बार फिर तेजी का रुख देखने को मिला। कच्चे तेल की कीमतें दो फीसदी से अधिक उछलकर 93.18 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर पहुंच गईं। तेल की कीमतों में यह उछाल ऐसे समय में आया है जब मध्य पूर्व में भू-राजनीतिक तनाव बना हुआ है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फॉक्स न्यूज को दिए एक साक्षात्कार में आधिकारिक रूप से स्पष्ट किया है कि उनका देश ईरान के साथ एक ठोस समझौता चाहता है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि ईरान कभी भी परमाणु हथियार हासिल न कर पाए। ट्रंप ने कहा कि वे इस समझौते के लिए कोई अनुचित जल्दबाजी नहीं करेंगे, लेकिन इसे जल्द से जल्द अमलीजामा पहनाना चाहते हैं। ईरान और वैश्विक ताकतों के बीच जारी इस तनाव के तीन महीने से अधिक समय बीत जाने के बाद भी अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर इसका गहरा प्रभाव देखा जा रहा है।

Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

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