डिजिटल युग में तेजी से बदलती कारोबारी और पेशेवर जरूरतों के बीच डिजिटल कौशल अब सफलता की नई पहचान बनता जा रहा है। इसी दिशा में इंदौर मैनेजमेंट एसोसिएशन (आईएमए) द्वारा जाल ऑडिटोरियम, साउथ तुकोगंज में आयोजित तीन दिवसीय डिजिटल मार्केटिंग वर्कशॉप ने विद्यार्थियों, व्यापारियों, उद्यमियों और नौकरीपेशा लोगों को आधुनिक तकनीकों से जोड़ने का महत्वपूर्ण मंच प्रदान किया। कार्यशाला में 40 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लेकर डिजिटल मार्केटिंग और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के व्यावहारिक उपयोग की विस्तृत जानकारी प्राप्त की।

वर्कशॉप के मुख्य प्रशिक्षक एवं डिजिटल मार्केटिंग विशेषज्ञ पवन त्रिपाठी ने तीनों दिन प्रतिभागियों को सरल भाषा, व्यावहारिक उदाहरणों और लाइव डेमो के माध्यम से प्रशिक्षण दिया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में डिजिटल स्किल्स उतनी ही आवश्यक हो चुकी हैं जितनी कभी पढ़ना-लिखना माना जाता था। उनके अनुसार जो युवा और व्यापारी समय रहते एआई और डिजिटल मार्केटिंग को अपनाएंगे, भविष्य में वही प्रतिस्पर्धा में आगे रहेंगे।

प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को फेसबुक, इंस्टाग्राम, लिंक्डइन और यूट्यूब जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के प्रभावी उपयोग की जानकारी दी गई। साथ ही चैटजीपीटी, गूगल जैमिनी और अन्य एआई टूल्स की मदद से कंटेंट निर्माण, रील्स और पोस्ट तैयार करने की तकनीकों से भी अवगत कराया गया। गूगल पर व्यवसाय की ऑनलाइन उपस्थिति मजबूत करने के लिए एसईओ, गूगल बिजनेस प्रोफाइल, डिजिटल विज्ञापन प्रबंधन और व्हॉट्सएप बिजनेस के उपयोग पर विशेष सत्र आयोजित किए गए।

वर्कशॉप की विशेषता यह रही कि प्रतिभागियों को केवल सैद्धांतिक जानकारी नहीं दी गई, बल्कि उन्होंने अपने मोबाइल और लैपटॉप पर स्वयं डिजिटल विज्ञापन अभियान तैयार किए, कीवर्ड रिसर्च की तथा अंतिम दिन समूहों में विभाजित होकर संपूर्ण डिजिटल मार्केटिंग रणनीति तैयार कर उसका प्रस्तुतीकरण भी किया।

कार्यक्रम में शामिल प्रतिभागी सुहानी जैन ने बताया कि पहले उन्हें लगता था कि ऑनलाइन प्रचार-प्रसार के लिए किसी एजेंसी की सहायता लेना अनिवार्य है, लेकिन अब वे स्वयं अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और विज्ञापन अभियानों का संचालन करने में सक्षम महसूस कर रही हैं।

आईएमए के प्रेसिडेंट नवीन खंडेलवाल ने कहा कि संस्था का उद्देश्य युवाओं और पेशेवरों को उद्योग जगत की वर्तमान आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करना है। उन्होंने बताया कि कार्यशाला को मिले उत्साहजनक प्रतिसाद को देखते हुए भविष्य में भी डिजिटल स्किल्स, उद्यमिता, नेतृत्व विकास और प्रबंधन से जुड़े प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

कार्यक्रम के समापन अवसर पर सभी प्रतिभागियों को सहभागिता प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। प्रतिभागियों ने कार्यशाला को रोजगार, स्वरोजगार और व्यवसायिक विकास के लिए उपयोगी बताते हुए इसे वर्तमान समय की आवश्यकताओं से जुड़ा प्रभावी प्रशिक्षण कार्यक्रम बताया। यह पहल डिजिटल कौशल विकास और तकनीक आधारित आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

Pratahkal Bureau

Pratahkal Bureau

प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story