भू-राजनीतिक तनाव के साए में बिखरा बाजार; रिकॉर्ड हाई छूने के बाद अचानक औंधे मुंह गिरा बाजार
पश्चिम एशिया संकट के बीच शेयर बाजार में भारी उतार-चढ़ाव; सेंसेक्स 500 अंक और निफ्टी 160 अंक फिसलकर बंद, आईटी शेयरों की शानदार तेजी से संभला बाजार।

शेयर बाजार के व्यापारिक सत्र के दौरान स्क्रीन पर प्रदर्शित होता वित्तीय सूचकांक चार्ट, जो शेयरों के उतार-चढ़ाव और मूल्य परिवर्तन को दर्शाता है.
Share market crash today 2026 : वैश्विक स्तर पर जारी कूटनीतिक उतार-चढ़ाव और पश्चिम एशिया के भू-राजनीतिक संघर्षों के बीच सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार में जबरदस्त उतार-चढ़ाव का हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला. बाजार ने आज सुबह के सत्र में वैश्विक संकेतों के दम पर शानदार और आक्रामक शुरुआत की थी, लेकिन ऊपरी स्तरों पर हावी हुई भारी बिकवाली और मुनाफावसूली के दबाव में यह अपनी पूरी शुरुआती बढ़त गंवाकर अंततः गिरावट के साथ लाल निशान में बंद हुआ. इस तेज गिरावट के दौर में प्रमुख बेंचमार्क इंडेक्स बीएसई सेंसेक्स ने अपने दिन के उच्चतम स्तर से 500 अंकों से अधिक की डुबकी लगाई, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के निफ्टी 50 ने अपने इंट्राडे हाई से 160 अंकों से ज्यादा फिसलकर आज के कारोबार का समापन किया, जिसने निवेशकों के शुरुआती उत्साह को पूरी तरह ठंडे बस्ते में डाल दिया.
आज के अंतिम व्यापारिक आंकड़ों पर नजर डालें तो बाजार बंद होने के समय 30 शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 114.19 अंक यानी 0.15 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 75,200.85 के स्तर पर आ गया. ठीक इसी तरह एनएसई निफ्टी भी 31.95 अंक यानी 0.14 प्रतिशत की गिरावट दर्ज करते हुए 23,618 के स्तर पर बंद हुआ. हालांकि, इस गिरावट के बावजूद व्यापक बाजार (ब्रॉडर मार्केट) का प्रदर्शन मुख्य सूचकांकों की तुलना में काफी बेहतर रहा, जहां छोटे और मझोले शेयरों में खरीदारी का रुख बना रहा. सत्र के अंत में निफ्टी स्मॉलकैप सूचकांक 1.17 प्रतिशत की जोरदार बढ़त के साथ बंद हुआ, जबकि निफ्टी मिडकैप सूचकांक ने भी 0.91 प्रतिशत का मजबूत उछाल दर्ज कर बाजार को नीचे से सहारा देने का पूरा प्रयास किया.
क्षेत्रवार प्रदर्शन (सेक्टर रोटेशन) के नजरिए से देखें तो आज बैंकिंग और वित्तीय सेवा क्षेत्र के शेयरों ने बाजार को नीचे धकेलने में सबसे बड़ी भूमिका निभाई. निफ्टी प्राइवेट बैंक सूचकांक में आज सबसे गहरी गिरावट दर्ज की गई, जबकि निफ्टी बैंक और निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज की रफ्तार भी पूरी तरह थमी रही. इसके विपरीत, सूचना प्रौद्योगिकी (IT) क्षेत्र के शेयरों ने आज एक बार फिर संकटमोचक की भूमिका निभाई. अमेरिका द्वारा ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई को अस्थायी रूप से रोकने की खबरों के बीच वैश्विक तकनीकी मांग बढ़ने की उम्मीद से निफ्टी आईटी सूचकांक 3.23 प्रतिशत की भारी तेजी के साथ बंद हुआ. आईटी के अलावा निफ्टी रियल्टी में 1.43 प्रतिशत, निफ्टी मीडिया में 1.18 प्रतिशत, केमिकल्स और ऑटोमोबाइल सेक्टर में भी अच्छी खरीदारी दर्ज की गई.
पूंजीगत विश्लेषण और व्यक्तिगत शेयरों के उतार-चढ़ाव के आधिकारिक पहलुओं के तहत आज निफ्टी 50 इंडेक्स में इंफोसिस, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, टेक महिंद्रा, टाटा मोटर्स (TMPV), टीसीएस और विप्रो जैसी दिग्गज सूचना प्रौद्योगिकी कंपनियां सबसे बड़े लाभार्थियों की सूची में शुमार रहीं. दूसरी ओर, कोटक महिंद्रा बैंक, टाइटन, अल्ट्राटेक सीमेंट, टाटा कंज्यूमर और भारती एयरटेल के शेयरों को निवेशकों की मुनाफावसूली का सबसे ज्यादा शिकार होना पड़ा. हालांकि, व्यापक बाजार में छोटे शेयरों की बंपर लिफ्टिंग की बदौलत बीएसई में सूचीबद्ध सभी कंपनियों का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन पिछले सत्र के 458 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर 459 लाख करोड़ रुपये के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया. इस तकनीकी विसंगति के कारण बाजार के लाल निशान में बंद होने के बावजूद संचयी रूप से निवेशकों की संपत्ति में इस सत्र के दौरान एक लाख करोड़ रुपये से अधिक का सैद्धांतिक लाभ दर्ज किया गया, जो भारतीय शेयर बाजार की आंतरिक मजबूती और खुदरा निवेशकों के अडिग विश्वास को दर्शाता है.

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
