मोदी की अपील और बढ़े टैक्स का असर! सोने की खरीद से लोगों ने बनाई दूरी, आयात में बड़ी गिरावट
आयात शुल्क में बढ़ोतरी और सरकारी अपील के बाद भारत में सोने और चांदी के आयात में बड़ी कमी दर्ज की गई है।

सोने और चांदी की ईंटों के ढेर को बाजार में आए उतार-चढ़ाव के प्रतीकात्मक प्रदर्शन के रूप में दिखाया गया है।
भारतीय बाजार में सोने और चांदी के आयात में मई महीने के दौरान उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है, जो सरकारी नीतिगत बदलावों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान के सीधे प्रभाव को दर्शाती है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय द्वारा सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, सोने का आयात अप्रैल के 5.63 बिलियन डॉलर से लगभग 39.3 प्रतिशत घटकर मई में 3.42 बिलियन डॉलर रह गया है। यह गिरावट ऐसे समय में सामने आई है जब सरकार ने 12 मई को इन कीमती धातुओं पर आयात शुल्क को 6 प्रतिशत से बढ़ाकर 15 प्रतिशत कर दिया था। इसके अतिरिक्त, प्रधानमंत्री की ओर से नागरिकों से एक वर्ष तक सोने की खरीद से परहेज करने की अपील का भी बाजार की धारणा पर असर पड़ा है।
आयात के आंकड़ों का विश्लेषण करें तो चांदी के क्षेत्र में भी गिरावट का रुख स्पष्ट है। अप्रैल में 41.1 करोड़ डॉलर का चांदी आयात मई में घटकर मात्र 7.6 करोड़ डॉलर रह गया, जो कि लगभग 81.6 प्रतिशत की भारी कमी है। यदि पिछले वर्ष की समान अवधि से तुलना की जाए, तो मई महीने में चांदी के आयात में 86.7 प्रतिशत की गिरावट आई है। मई में देश के कुल आयात में सोने की हिस्सेदारी 6.2 प्रतिशत और चांदी की मात्र 0.3 प्रतिशत रही है। यह आंकड़े दर्शाते हैं कि आयात शुल्क में भारी वृद्धि और जन-आग्रह का सम्मिलित प्रभाव देश की कीमती धातुओं की मांग पर पड़ रहा है।
दूसरी ओर, देश के कुल निर्यात में सकारात्मक रुख देखा गया है। मई में वस्तुओं का निर्यात पिछले वर्ष की तुलना में 18 प्रतिशत बढ़कर 45.2 बिलियन डॉलर तक पहुंच गया है, जो पिछले छह महीनों का उच्चतम स्तर है। हालांकि, आयात में 20 प्रतिशत की वृद्धि के चलते व्यापार घाटा 28.21 बिलियन डॉलर दर्ज किया गया है। मई में देश का कुल आयात 73.41 बिलियन डॉलर तक पहुंच गया था, जो बीते तीन महीनों का उच्चतम स्तर है, लेकिन अप्रैल के 28.38 बिलियन डॉलर के मुकाबले व्यापार घाटे में थोड़ी कमी आई है।
व्यापारिक मोर्चे पर अगले सप्ताह एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम होने जा रहा है। वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने जानकारी दी है कि अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जेमिसन ग्रीयर आगामी सप्ताह भारत का दौरा करेंगे। इस दौरान 23 और 24 जून को केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल के साथ अंतरिम व्यापार समझौते से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत बातचीत होगी। यह वार्ता भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक संबंधों को नई दिशा देने में सहायक हो सकती है। सरकार के ये प्रयास व्यापार घाटे को नियंत्रित करने और निर्यात को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माने जा रहे हैं।

Lalita Rajput
इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।
