भारतीय सर्राफा बाजार में सोने की चमक हुई फीकी-त्योहारों से पहले सोने की कीमतों में बड़ी गिरावट
सोने की कीमतों में आई भारी गिरावट! अंतरराष्ट्रीय बाजार के दबाव के चलते भारत में आज सोने के दाम कम हुए हैं। गुढ़ी पड़वा और शादी-ब्याह के सीजन से पहले खरीदारी का यह बेहतरीन मौका है। देखें दिल्ली, मुंबई और अन्य शहरों के भाव।

Gold loses its sheen in the Indian bullion market
नई दिल्ली/मुंबई: भारतीय घर-परिवारों के लिए खुशियों की खबर है। महाराष्ट्र के नए साल यानी 'गुढ़ी पड़वा' (Gudi Padwa) के पावन पर्व से ठीक पहले सोने की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में मची हलचल और वैश्विक स्तर पर डॉलर की मजबूती के कारण भारतीय सर्राफा बाजार में आज सोने के दाम नीचे आए हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आप त्योहार या आने वाले शादी-ब्याह के सीजन के लिए गहने खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो यह समय आपके लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकता है।
क्यों कम हुए सोने के दाम? (प्रमुख कारण)
बाजार के जानकारों के अनुसार, सोने की कीमतों में इस गिरावट के पीछे मुख्य रूप से तीन बड़े कारण हैं:
• अंतरराष्ट्रीय बाजार का दबाव: ग्लोबल मार्केट में सोने की कीमतों में नरमी देखी जा रही है, जिसका सीधा असर भारत के घरेलू बाजार पर पड़ा है।
• डॉलर में मजबूती: अमेरिकी डॉलर के इंडेक्स में मजबूती आने की वजह से निवेशकों का रुझान सोने से हटकर अन्य विकल्पों की ओर बढ़ा है।
• मुनाफावसूली (Profit Booking): पिछले कुछ दिनों से ऊंचे स्तरों पर चल रहे सोने में बड़े निवेशकों ने मुनाफावसूली की है, जिससे कीमतों में सुधार (Correction) देखने को मिला है।
आज के ताजा भाव (अनुमानित दरें)
आज भारतीय बाजार में 24 कैरेट (शुद्ध सोना) और 22 कैरेट (जेवराती सोना) की कीमतों में औसतन 300 से 500 रुपये प्रति 10 ग्राम की कमी देखी गई है।
शहर | 24 कैरेट सोना (प्रति 10 ग्राम) | 22 कैरेट सोना (प्रति 10 ग्राम) |
| दिल्ली | ₹1,53,250 | ₹1,40,500 |
| मुंबई | ₹1,53,520 | ₹1,40,750 |
| कोलकत्ता | ₹1,53,320 | ₹1,40,550 |
| चेन्नई | ₹1,53,970 | ₹1,41,150 |
(नोट: ऊपर दिए गए भाव सांकेतिक हैं। इनमें 3% GST और मेकिंग चार्ज शामिल नहीं हैं। सटीक जानकारी के लिए अपने स्थानीय जौहरी से संपर्क करें।)
गुढ़ी पड़वा और सोने का महत्व
हिंदू कैलेंडर के अनुसार, गुढ़ी पड़वा एक अत्यंत शुभ मुहूर्त माना जाता है। इस दिन नई वस्तुओं की खरीदारी, विशेषकर सोने की खरीदारी को सुख-समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। इस साल 19 मार्च 2026 को पड़ रहे इस त्योहार से पहले कीमतों का गिरना आम उपभोक्ताओं के लिए किसी तोहफे से कम नहीं है। महाराष्ट्र के साथ-साथ दक्षिण भारत में भी उगादी (Ugadi) के रूप में इस दिन सोने की भारी मांग रहती है।
क्या आपको अभी खरीदारी करनी चाहिए?
वित्तीय जानकारों का कहना है कि सोना हमेशा से एक सुरक्षित निवेश रहा है। हालांकि बाजार में उतार-चढ़ाव बना रहता है, लेकिन लंबी अवधि के लिए सोना खरीदना हमेशा समझदारी भरा निर्णय होता है। यदि आप आने वाले समय में शादी या किसी बड़े निवेश की सोच रहे हैं, तो इस गिरावट का लाभ उठाना एक बेहतर रणनीति हो सकती है।
खरीदारी करते समय इन बातों का रखें ध्यान
1. हॉलमार्क जरूर देखें: हमेशा BIS हॉलमार्क वाला सोना ही खरीदें। यह सोने की शुद्धता की गारंटी देता है।
2. मेकिंग चार्ज की तुलना करें: अलग-अलग शोरूम में मेकिंग चार्ज अलग-अलग हो सकते हैं, इसलिए मोलभाव जरूर करें।
3. पक्का बिल लें: खरीदारी के बाद दुकानदार से टैक्स इनवॉइस (GST बिल) लेना न भूलें, जिसमें वजन और शुद्धता का स्पष्ट उल्लेख हो।
4. डिजिटल गोल्ड का विकल्प: यदि आप गहने नहीं पहनना चाहते, तो गोल्ड ETF या डिजिटल गोल्ड में निवेश करना भी एक आधुनिक और सुरक्षित विकल्प है।
डिस्क्लेमर: यह खबर केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से साझा की गई है। यह किसी भी प्रकार की वित्तीय या निवेश सलाह नहीं है। बाजार में जोखिम और उतार-चढ़ाव हमेशा बने रहते हैं, इसलिए किसी भी प्रकार के निवेश का अंतिम निर्णय अपने वित्तीय सलाहकार या सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लेने के बाद ही लें।

Lalita Rajput
इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।
