भीलवाड़ा। राजस्थान की वस्त्र नगरी भीलवाड़ा के उपनगर सांगानेर की धरा आगामी 1 फरवरी को एक ऐतिहासिक गौरवमयी क्षण की साक्षी बनने जा रही है। हिंदू समाज की एकजुटता, सांस्कृतिक पुनरुत्थान और सामाजिक समरसता के संकल्प के साथ यहाँ एक विराट ‘हिंदू सम्मेलन’ का उद्घोष होने जा रहा है। इस आयोजन को लेकर संपूर्ण क्षेत्र में भक्ति और उत्साह का ऐसा ज्वार उमड़ा है कि सांगानेर की गलियां अभी से केसरिया रंग में रंगी नजर आने लगी हैं। इस महासंगम की रूपरेखा तैयार करने और व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने के लिए रविवार सायंकाल नामदेव समाज मंदिर में सकल हिंदू समाज की एक निर्णायक बैठक संपन्न हुई, जिसमें समाज के प्रबुद्ध जनों ने हुंकार भरते हुए आयोजन को अभूतपूर्व बनाने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ सूर्य की पहली किरण के साथ भव्य प्रभात फेरी से होगा, जो सांगानेर के कोने-कोने में हिंदू जागरण का संदेश पहुंचाएगी। इसके उपरांत मातृशक्ति के नेतृत्व में निकलने वाली भव्य कलश यात्रा आकर्षण का केंद्र रहेगी। सिर पर मंगल कलश धारण किए सैकड़ों महिलाएं जब भक्ति गीतों के बीच प्रमुख मार्गों से गुजरेंगी, तो वह दृश्य सांगानेर की आध्यात्मिक शक्ति का परिचय देगा। दोपहर का सत्र कला और विचारों के संगम के नाम रहेगा, जहाँ स्थानीय कलाकारों द्वारा दी जाने वाली सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भारतीय विरासत को जीवंत करेंगी। वहीं, प्रख्यात वक्ताओं का ओजस्वी मार्गदर्शन हिंदू संस्कृति की रक्षा, राष्ट्र निर्माण और सामाजिक समरसता के मार्ग को प्रशस्त करेगा।

आयोजन की गरिमा और सुव्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए सकल हिंदू समाज द्वारा विभिन्न समर्पित समितियों का गठन किया गया है। स्वागत समिति, भोजन समिति और प्रचार समिति के कार्यकर्ताओं को उनकी विशिष्ट जिम्मेदारियां सौंप दी गई हैं, जो दिन-रात आयोजन को सफल बनाने में जुटे हैं। इस सम्मेलन की सबसे बड़ी विशेषता ‘एक जाजम, एक समाज’ की भावना होगी, जिसका चरमोत्कर्ष सायंकाल आयोजित होने वाली महाप्रसादी में दिखाई देगा। सामूहिक भोज के माध्यम से ऊंच-नीच और भेदभाव की दीवारों को ढहाकर पूरा हिंदू समाज एक साथ बैठकर सामाजिक एकजुटता का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत करेगा।

सकल हिंदू समाज के पदाधिकारियों ने सामूहिक रूप से आह्वान किया है कि सांगानेर क्षेत्र का प्रत्येक हिंदू धर्मावलंबी इस आयोजन में सपरिवार सम्मिलित हो। यह मात्र एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि हिंदू शक्ति, संस्कृति और संगठन का वह भव्य प्रदर्शन है जो समाज की भावी दिशा तय करेगा। 1 फरवरी का यह दिन सांगानेर के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज होने के लिए तैयार है, जहाँ भक्ति, शक्ति और युक्ति का अद्भुत समन्वय देखने को मिलेगा।

Rajesh Toshniwal, Bhilwara

Rajesh Toshniwal, Bhilwara

नाम: राजेश तोषनीवाल

वर्तमान पद: ब्यूरो चीफ (भीलवाड़ा)

कार्यक्षेत्र: भीलवाड़ा (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और बिज़नेस

परिचय 

राजेश तोषनीवाल राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के वरिष्ठ पत्रकार और ब्यूरो चीफ हैं। वह राजनीति, अपराध (क्राइम), स्थानीय प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक गतिविधियों (बिज़नेस) सहित सभी मुख्य विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग करते हैं। मौके पर पहुंचकर सक्रियता से ग्राउंड रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।

पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)

राजेश तोषनीवाल को पत्रकारिता के क्षेत्र में कुल 44 वर्षों का व्यापक अनुभव है।

  • वह पिछले 35 वर्षों से अधिक समय से 'प्रातःकाल' समाचार पत्र से निरंतर जुड़े हुए हैं।
  • इससे पूर्व उन्होंने 'दैनिक जागरण', 'नवभारत टाइम्स' सहित कई अन्य लोकल एवं राज्यस्तरीय मीडिया संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

  • स्नातक (Graduate)
  • डिप्लोमा इन जर्नलिज्म (Diploma in Journalism)

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