धर्म, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का केंद्र बनने जा रहे संजय कॉलोनी स्थित श्री चारभुजा मंदिर में 12 जून से 19 जून तक आयोजित होने वाले 26वें श्रीमद्भागवत कथा ज्ञानयज्ञ एवं पाटोत्सव की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। श्री चारभुजा मंदिर सेवा समिति एवं महिला मंडल के तत्वावधान में आयोजित इस धार्मिक महोत्सव में श्रद्धालुओं को भागवत कथा की अमृतमयी रसधार का श्रवण करने का अवसर मिलेगा। कथा वाचन प्रख्यात कथावाचक आचार्य शक्ति देव महाराज द्वारा किया जाएगा।

महोत्सव का शुभारंभ 12 जून को प्रातः 7:30 बजे भव्य कलश शोभायात्रा के साथ होगा। शोभायात्रा चारभुजा मंदिर से रवाना होकर महेश मार्ग, नेहरू रोड, महावीर मार्ग सहित विभिन्न मार्गों से गुजरते हुए कथा स्थल पहुंचेगी। धार्मिक आस्था से ओतप्रोत इस यात्रा में पुरुष श्रद्धालु मेवाड़ी पगड़ी एवं श्वेत वस्त्र धारण करेंगे, जबकि महिलाएं लाल चुनरी की साड़ी पहनकर सहभागिता निभाएंगी। आचार्य शक्ति देव महाराज सुसज्जित बग्गी में विराजमान रहेंगे। मार्ग में विभिन्न स्थानों पर पुष्पवर्षा, स्वागत एवं शीतल पेय की व्यवस्थाएं की गई हैं। समिति की ओर से मुख्य कलश सहित कुल 31 कलशों की व्यवस्था की गई है।

आयोजन में भागवत एवं मुख्य कलश का लाभ राम राय गट्टानी एवं आशा देवी गट्टानी परिवार ने प्राप्त किया है, जबकि भागवत की प्रथम आरती का लाभ ओमप्रकाश गट्टानी एवं प्रेमबाई गट्टानी परिवार द्वारा लिया गया है। मंदिर के मुख्य द्वार पर शीतल पेय सेवा का दायित्व भदादा परिवार ने संभाला है। वहीं महेश मार्ग चौराहे पर गोल्ड बीसी ग्रुप के सदस्य शोभायात्रा का पुष्पवर्षा एवं शीतल पेय के माध्यम से स्वागत करेंगे।

प्रतिदिन सायं 7 बजे से रात्रि 10 बजे तक आयोजित होने वाली कथा के दौरान धार्मिक प्रसंगों पर आधारित आकर्षक झांकियां भी श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनेंगी। कथा क्रम में परीक्षित जन्म एवं शुकदेव प्रसंग, ध्रुव चरित्र, सती चरित्र, शिव विवाह, रामकथा, श्रीकृष्ण जन्मोत्सव, बाल लीलाएं, गोवर्धन पूजा, छप्पन भोग, रासलीला, कृष्ण-रुक्मणी विवाह, कृष्ण-सुदामा चरित्र, परीक्षित मोक्ष तथा व्यास पूजन जैसे महत्वपूर्ण प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया जाएगा। 19 जून को महायज्ञ की पूर्णाहुति, महाआरती एवं छप्पन भोग प्रसादी के साथ महोत्सव का समापन होगा।

धार्मिक आयोजन के तहत 13 से 19 जून तक प्रतिदिन प्रातः 8 बजे से 9:15 बजे तक यज्ञ एवं हवन भी आयोजित किए जाएंगे, जिनमें श्रद्धालु सुख, शांति और समृद्धि की कामना के साथ आहुतियां अर्पित करेंगे। कथा की समाप्ति के बाद प्रतिदिन महाप्रसाद का वितरण भी किया जाएगा।

समिति अध्यक्ष जगदीश चंद्र देवपुरा एवं मंत्री अरविंद जैन ने बताया कि आयोजन को लेकर क्षेत्र में विशेष उत्साह का वातावरण है। महोत्सव को सफल बनाने के लिए विभिन्न समितियों का गठन किया गया है और बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं सेवादार व्यवस्थाओं में जुटे हुए हैं। राकेश मंत्री, अनिल बिरला, सुनील लढ़ा, अर्पित मंत्री, प्रकाश देवपुरा, महावीर डांगी, रामप्रकाश डाड, ओम भदादा, पंकज खारीवाल, अंकित सोडाणी सहित अनेक पदाधिकारी और स्वयंसेवक आयोजन की तैयारियों को अंतिम रूप देने में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।

धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपरा और सामुदायिक सहभागिता का यह आठ दिवसीय महोत्सव न केवल श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान करेगा, बल्कि क्षेत्र में धार्मिक एवं सामाजिक समरसता के संदेश को भी सशक्त बनाएगा। समिति ने धर्मप्रेमी श्रद्धालुओं से सपरिवार उपस्थित होकर कथा श्रवण एवं धार्मिक अनुष्ठानों का लाभ लेने की अपील की है।

Pratahkal Bureau

Pratahkal Bureau

प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story