राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े ने संगम विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में बांटी उपाधियां
भीलवाड़ा के संगम विश्वविद्यालय में आयोजित 12वें दीक्षांत समारोह में 30 विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक और 31 शोधार्थियों को पीएचडी की उपाधियां प्रदान की गईं।

भीलवाड़ा के संगम विश्वविद्यालय में आयोजित 12वें दीक्षांत समारोह के दौरान मंच पर मेधावी विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक प्रदान करते मुख्य अतिथि राज्यपाल श्री हरिभाऊ बागड़े।
राष्ट्र निर्माण और युवा शक्ति का आह्वान
श्री बागड़े ने कहा कि — "ज्ञान, कौशल एवं चरित्र—ये तीनों तत्व किसी भी राष्ट्र की प्रगति के आधार स्तंभ हैं। युवा शक्ति को इन मूल्यों के साथ आगे बढ़ते हुए राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।" इस अवसर पर उन्होंने सभी को छत्रपति शिवाजी राव के जीवन मूल्यों पर चलने का संदेश दिया।
उन्होंने संबोधित करते हुए कहा कि — "वर्तमान में देश ने आत्मनिर्भर बनने के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है। देश में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, वर्तमान में बड़े सैन्य उपकरण, भारी मशीनरी इत्यादि का निर्माण देश में ही हो रहा है।"
स्वर्ण पदक व उपाधियों का वितरण
राज्यपाल श्री बागड़े ने समारोह में शैक्षणिक सत्र 2024-25 के प्रतिभावान विद्यार्थियों को सम्मानित किया:
- 30 मेधावी विद्यार्थियों को स्नातक, स्नातकोत्तर व डिप्लोमा के लिए स्वर्ण पदक प्रदान किए गए।
- 31 शोधार्थियों को उनकी शोध उपाधियां प्रदान की गईं।
इस अवसर पर राज्यपाल ने शुभकामनाएं देते हुए कहा कि — "दीक्षांत समारोह शैक्षणिक उपलब्धि का महत्वपूर्ण पड़ाव है, जो विद्यार्थियों को जीवन के नए अध्याय में प्रवेश का अवसर प्रदान करता है।"
विशिष्ट अतिथियों के विचार
- सांसद श्री दामोदर अग्रवाल: उन्होंने कहा कि — "आज के समय में स्वयं की जड़ों को मजबूत रखना जरूरी है। जीवन मूल्यों, परंपराओं को साथ लेकर चले। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विजन 2047 तक भारत को विकसित देश बनाने में सभी युवा वर्ग अपना सहयोग प्रदान करें।"
- आईआईएम इंदौर के प्रोफेसर श्री पीके सिंह: उन्होंने संबोधित करते हुए कहा कि — "आज के समय में भाषाई दक्षता को मजबूत करना आवश्यक है। वर्तमान युग में तकनीक तीव्र गति से बदल रही है।" उन्होंने सभी को तकनीकी विकास के साथ आगे बढ़ने का संदेश दिया।
विश्वविद्यालय की उपलब्धियां एवं स्वागत
चेयरमैन श्री रामपाल सोनी ने स्वागत उद्बोधन में कहा कि — "विश्वविद्यालय द्वारा विद्यार्थियों को कौशल आधारित शिक्षा प्रदान की जा रही है। विश्वविद्यालय का ध्येय है कि हर विद्यार्थी को व्यवहारिक ज्ञान व नवाचार के अवसर प्राप्त हो।" उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय द्वारा आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों को छात्रवृति प्रदान की जाती है।
कुलगुरु श्री करुणेश सक्सेना ने अपने संबोधन में विश्वविद्यालय का वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम का आयोजन और गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम के शुभारंभ के अवसर पर शैक्षणिक शोभायात्रा निकाली गई साथ ही शुभारम्भ के अवसर पर दीप प्रज्ज्वलन व राष्ट्रगान का गायन हुआ। इस अवसर पर एनसीसी कैडेट्स द्वारा राज्यपाल श्री बागड़े को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। कुलसचिव श्री आलोक कुमार ने सभी अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापित किया।
इससे पूर्व जिला पुलिस लाईन स्थित हेलीपैड पहुंचने पर जिला कलेक्टर श्री जसमीत सिंह संधू व पुलिस अधीक्षक श्री धर्मेंद्र सिंह सहित अन्य वरिष्ठ जनप्रतिनिधियो ने बुके देकर व उपरणा ओढ़ाकर राज्यपाल श्री बागडे का स्वागत अभिनंदन किया।
दीक्षांत समारोह में पूर्व सांसद श्री सुभाष बहेडिया, वरिष्ठ जनप्रतिनिधि श्री प्रशांत मेवाड़ा, विश्वविद्यालय के बोर्ड सदस्यगण, प्राध्यापकगण, अभिभावक एवं विश्वविद्यालय के विद्यार्थी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

Rajesh Toshniwal, Bhilwara
नाम: राजेश तोषनीवाल
वर्तमान पद: ब्यूरो चीफ (भीलवाड़ा)
कार्यक्षेत्र: भीलवाड़ा (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और बिज़नेस
परिचय
राजेश तोषनीवाल राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के वरिष्ठ पत्रकार और ब्यूरो चीफ हैं। वह राजनीति, अपराध (क्राइम), स्थानीय प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक गतिविधियों (बिज़नेस) सहित सभी मुख्य विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग करते हैं। मौके पर पहुंचकर सक्रियता से ग्राउंड रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
राजेश तोषनीवाल को पत्रकारिता के क्षेत्र में कुल 44 वर्षों का व्यापक अनुभव है।
- वह पिछले 35 वर्षों से अधिक समय से 'प्रातःकाल' समाचार पत्र से निरंतर जुड़े हुए हैं।
- इससे पूर्व उन्होंने 'दैनिक जागरण', 'नवभारत टाइम्स' सहित कई अन्य लोकल एवं राज्यस्तरीय मीडिया संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
- स्नातक (Graduate)
- डिप्लोमा इन जर्नलिज्म (Diploma in Journalism)
