गंगापुर में दशहरे पर 51 फीट के रावण का होगा दहन, मेघनाथ-कुंभकर्ण के पुतले भी जलेंगे
गंगापुर में दशहरा महोत्सव को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं, जहां 51 फीट ऊंचे रावण के साथ मेघनाथ और कुंभकर्ण के पुतलों का दहन होगा।

गंगापुर के स्पिनफेड मैदान में दशहरा महोत्सव के तहत स्थापित किए गए रावण, मेघनाथ और कुंभकर्ण के विशाल पुतले।
गंगापुर, भीलवाड़ा। गंगापुर में दशहरा महोत्सव पर जय श्रीराम के जयघोष के बीच 51 फीट ऊंचे रावण के साथ मेघनाथ और कुंभकर्ण के विशाल पुतलों का भव्य दहन होगा। गंगापुर नगरपालिका की ओर से आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम को लेकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं। स्पिनफेड के सामने स्थित मैदान में आतिशबाजी के बीच होने वाला रावण दहन महोत्सव का प्रमुख आकर्षण रहेगा। रावण के घूमते हुए सिर और आकर्षक आतिशबाजी के जरिए आयोजन को भव्य स्वरूप देने की तैयारी की जा रही है।
गंगापुर नगरपालिका अध्यक्ष प्रीति काकाणी ने बताया कि दशहरा पर्व पर स्पिनफेड के सामने स्थित मैदान में रावण दहन का मुख्य कार्यक्रम आयोजित होगा। इस दौरान 51 फीट ऊंचे रावण के साथ मेघनाथ और कुंभकर्ण के विशाल पुतलों का आतिशबाजी के बीच दहन किया जाएगा। पुतलों के घूमते हुए सिर और आतिशबाजी दर्शकों के लिए खास आकर्षण रहेंगे।
दशहरा महोत्सव के अवसर पर श्री बजरंग कीर्तन सांस्कृतिक कला मंडल की ओर से भगवान श्रीराम, लक्ष्मण सहित पूरी रामसेना की भव्य शोभायात्रा शहर में निकाली जाएगी। शोभायात्रा में धार्मिक झांकियां शामिल रहेंगी। जय श्रीराम के जयघोष के बीच निकलने वाली रामसेना की शोभायात्रा से शहर का माहौल राममय होने की उम्मीद है। शोभायात्रा और रावण दहन को लेकर शहरवासियों में खासा उत्साह देखा जा रहा है।
तीनों पुतलों को अंतिम रूप देने में कारीगर दिन-रात जुटे हुए हैं। रावण, मेघनाथ और कुंभकर्ण के पुतलों को आकर्षक स्वरूप देने के साथ उनकी विशेष बनावट पर काम किया जा रहा है। रावण के घूमते सिर और आतिशबाजी की व्यवस्था को लेकर भी तैयारियां जारी हैं, ताकि दहन के दौरान दर्शकों को भव्य नजारा देखने को मिले। दशहरा पर्व पर शहर और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए आयोजन स्थल पर व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
महोत्सव की तैयारियों के बीच नगरपालिका अध्यक्ष प्रीति काकाणी ने आयोजन स्थल सहित संबंधित व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने तैयारियों का निरीक्षण किया और आमजन की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक व्यवस्थाओं पर ध्यान दिया। आयोजन के दौरान लोगों को आवागमन में परेशानी नहीं हो, इसके लिए भी प्रयास किए जा रहे हैं।
दशहरा आयोजन के मद्देनजर मिल मार्ग की क्षतिग्रस्त सड़क भी नगरपालिका के ध्यान में रही। सड़क पर बने गड्ढों के कारण वाहन चालकों को हो रही परेशानी को देखते हुए नगरपालिका अध्यक्ष प्रीति काकाणी ने गड्ढों में ग्रेवल डलवाया। इसका उद्देश्य वाहनों की आवाजाही के दौरान लोगों को कम से कम परेशानी होने देना है। दशहरा पर्व पर आयोजन स्थल की ओर आने-जाने वाले लोगों और वाहनों की संख्या बढ़ने की संभावना के बीच सड़क की स्थिति सुधारने की इस पहल को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
दशहरा भारतीय संस्कृति में असत्य पर सत्य और अधर्म पर धर्म की विजय का प्रतीक है। भगवान श्रीराम द्वारा रावण वध की परंपरा के माध्यम से अहंकार, अन्याय और बुराई का त्याग करने का संदेश दिया जाता है। गंगापुर में नगरपालिका के आयोजन और श्री बजरंग कीर्तन सांस्कृतिक कला मंडल की रामसेना शोभायात्रा के साथ इस वर्ष भी दशहरा महोत्सव धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक परंपरा का संगम बनेगा।
अब शहरवासियों को उस क्षण का इंतजार है, जब जय श्रीराम के जयघोष और आतिशबाजी के बीच रावण, मेघनाथ और कुंभकर्ण के पुतलों का दहन होगा। इस आयोजन के साथ गंगापुर का मैदान बुराई पर अच्छाई की विजय के उत्सव का साक्षी बनेगा।

