डकैती के बाद मौज-मस्ती, मंदिर में चढ़ावा और ऐशोआराम: भीलवाड़ा लूटकांड में चौंकाने वाले खुलासे, पुलिस भी रह गई दंग
भीलवाड़ा में गुटखा व्यापारी से हुई चार लाख रुपये की डकैती के मामले में पुलिस जांच के दौरान चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। आरोपियों ने लूट की रकम से होटल में मौज-मस्ती की, जौगणियां माता मंदिर में चढ़ावा चढ़ाया और उदयपुर में ऐशोआराम किया। पुलिस ने मास्टरमाइंड सहित पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जांच तेज कर दी है।

भीलवाड़ा। शहर में गुटखा व्यापारी से हुई सनसनीखेज डकैती के मामले में कोतवाली पुलिस की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ी, वैसे-वैसे ऐसे खुलासे सामने आए जिन्होंने हर किसी को हैरान कर दिया। चार लाख रुपये की लूट के बाद बदमाशों ने न सिर्फ ऐशोआराम किया, बल्कि लूटी गई रकम से मंदिर में चढ़ावा भी चढ़ाया। इस पूरे घटनाक्रम ने न केवल पुलिस को चौंकाया है, बल्कि समाज के सामने भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
कोतवाली थाना पुलिस ने इस मामले में मास्टरमाइंड मोहित सिंह सहित काना उर्फ कन्हैयालाल, विक्रम उर्फ विक्की, राजू और किशन को गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया है। एएसआई अशोक सोनी के अनुसार पूछताछ में आरोपियों ने वारदात की पूरी साजिश, लूट के बाद अपनाया गया रास्ता और रकम खर्च करने का सिलसिलेवार विवरण साझा किया है।
पुलिस जांच में सामने आया कि डकैती को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी शास्त्रीनगर से फरार होकर गंगरार थाना क्षेत्र के एक होटल में पहुंचे, जहां उन्होंने पूरी रात डेरा डाले रखा। वहीं व्यापारी से लूटी गई रकम का बंटवारा किया गया। अगले दिन सभी आरोपी बस्सी पहुंचे, जहां उन्होंने करीब पंद्रह से सोलह हजार रुपये के कपड़े खरीदे। इसके बाद सभी जौगणियां माता मंदिर पहुंचे और प्रत्येक आरोपी ने अपने हिस्से की राशि में से दस-दस हजार रुपये मंदिर में चढ़ाए। इसके बाद शराब पार्टी कर कई दिनों तक मौज-मस्ती की गई।
आगे की जांच में पता चला कि मंदिर से निकलने के बाद आरोपी मांडलगढ़ पहुंचे, जहां एक बाइक रेलवे स्टेशन पर छोड़ दी गई, जबकि दूसरी बाइक उसके मालिक को लौटा दी गई। दोनों वाहन पुलिस ने जब्त कर लिए हैं। इसके बाद सभी आरोपी ट्रेन से चित्तौड़गढ़ पहुंचे। यहां मोहित और कन्हैयालाल अलग हो गए, जबकि बाकी तीन आरोपी उदयपुर रवाना हुए। उदयपुर में उन्होंने किराए पर स्कूटर लिया, शहर में घूमे और जमकर पैसे खर्च किए। पुलिस ने इन्हीं तीन आरोपियों को सबसे पहले गिरफ्तार किया था।
पुलिस के अनुसार चार लाख रुपये की लूटी गई राशि में से अब तक करीब एक लाख पचानवे हजार रुपये बरामद किए जा चुके हैं। शेष रकम आरोपियों द्वारा शौक, घूमने-फिरने और ऐशोआराम में खर्च करने की बात स्वीकार की गई है।
गौरतलब है कि यह डकैती 12 जनवरी 2026 की रात करीब 10:40 बजे हुई थी। गोल प्याऊ चौराहे के व्यापारी नारायण दास दुकान बंद कर स्कूटी से घर लौट रहे थे। शास्त्रीनगर स्थित उनके घर के सामने पहले से घात लगाए चार-पांच युवकों ने उन पर हमला कर दिया, मारपीट कर स्कूटी की डिक्की में रखे करीब चार लाख रुपये लूट लिए और स्कूटी समेत फरार हो गए।
इस मामले में हुए खुलासों ने यह साफ कर दिया है कि अपराधियों ने अपराध को केवल लूट तक सीमित नहीं रखा, बल्कि उसे ऐशोआराम और दिखावे का जरिया बना लिया। पुलिस अब शेष रकम की बरामदगी और अन्य संभावित वारदातों की कड़ियों को जोड़ने में जुटी हुई है।

Ruturaj Ravan
यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।
