एडवोकेट मुकेश कोठारी राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा रत्न अवार्ड 2026 से सम्मानित
अंतरराष्ट्रीय माहेश्वरी कपल क्लब द्वारा आयोजित पखवाड़े में देश के 139 और भीलवाड़ा के 23 सड़क सुरक्षा नायकों का होगा अभिनंदन।

भीलवाड़ा के गीता भवन में आयोजित समारोह के दौरान एडवोकेट मुकेश कोठारी को राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा रत्न अवार्ड 2026 प्रदान करते अतिथि।
भीलवाड़ा। अंतरराष्ट्रीय माहेश्वरी कपल क्लब (IMCC) भारत द्वारा स्वर्गीय श्री मृणाल राठी की पुण्य स्मृति में 'संस्कार के साथ सुरक्षा' के संकल्प को धरातल पर उतारने हेतु 1 मई से 15 मई तक देशव्यापी राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा पखवाड़ा जन-जागरण अभियान का शुभारंभ किया गया है। अभियान के प्रथम दिन मजदूर दिवस के अवसर पर भीलवाड़ा स्थित क्लब के राष्ट्रीय कार्यालय गीता भवन सभागार में आयोजित एक गरिमामय समारोह में अहमदाबाद के प्रसिद्ध एडवोकेट मुकेश कोठारी को 'राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा रत्न अवार्ड 2026' से विभूषित किया गया। जन-जागृति भूषण सम्मान से नवाजे गए श्री कोठारी गुजरात प्रदेश योग बोर्ड के योग प्रशिक्षक और अंतरराष्ट्रीय माहेश्वरी कपल क्लब गुजरात के प्रदेश अध्यक्ष के रूप में विगत कई वर्षों से सड़क सुरक्षा हेतु निरंतर निस्वार्थ सेवाएं प्रदान कर रहे हैं।
क्लब के राष्ट्रीय महासचिव अनिता डॉ. अशोक सोडाणी ने जानकारी दी कि क्लब की 133 जिला शाखाओं के माध्यम से सड़क सुरक्षा के क्षेत्र में अतुलनीय योगदान देने वाले देशभर के 139 गुमनाम नायकों को इस प्रतिष्ठित सम्मान से नवाजा जा रहा है, जिसमें अकेले भीलवाड़ा जिले के 23 प्रबुद्ध व्यक्ति शामिल हैं। यह संपूर्ण अभिनंदन कार्यक्रम महाराष्ट्र प्रदेश अध्यक्ष डॉ. माया डॉ. मधुसूदन राठी के विशेष सौजन्य से संपन्न हो रहा है। सड़क सुरक्षा के इस महायज्ञ में सात विशिष्ट श्रेणियों के तहत सम्मान प्रदान किए जा रहे हैं, जिनमें पत्रकारों व इन्फ्लुएंसर्स के लिए 'जन-जागृति भूषण सम्मान', पुलिस व परिवहन अधिकारियों हेतु 'सड़क सुरक्षा प्रहरी सम्मान', जीवन बचाने वालों के लिए 'गुड समैरिटन गौरव सम्मान', चिकित्सा कर्मियों हेतु 'गोल्डन ऑवर जीवन रक्षक सम्मान', शिक्षकों के लिए 'बाल सड़क सुरक्षा मित्र सम्मान', हेलमेट जागरूकता हेतु 'हेलमेट क्रांति दूत सम्मान' तथा संस्थाओं के लिए 'सड़क सुरक्षा रत्न सम्मान' निर्धारित किए गए हैं।
समारोह को संबोधित करते हुए डॉ. अशोक सोडाणी ने गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान में सड़क दुर्घटनाएं कोरोना महामारी से भी अधिक घातक सिद्ध हो रही हैं, जिनमें प्रतिदिन लगभग 450 लोग अपनी जान गंवा रहे हैं। उन्होंने जोर दिया कि हर स्थान पर सरकार या पुलिस की उपस्थिति संभव नहीं है, अतः यदि प्रत्येक नागरिक अनुशासित हो जाए तो इन मौतों के आंकड़े को तत्काल आधा किया जा सकता है। सम्मान ग्रहण करने के उपरांत एडवोकेट मुकेश कोठारी ने इसे मानवीय जीवन में सकारात्मक बदलाव की एक श्रृंखला बताते हुए आयोजन के प्रति आभार व्यक्त किया। यह अभियान सड़क सुरक्षा के प्रति समाज की सामूहिक जिम्मेदारी और व्यक्तिगत अनुशासन के महत्व को रेखांकित करते हुए एक सुरक्षित भविष्य की नींव रखने का प्रयास है।

