मोबाइल चोरी के शक में युवक को पेड़ से बांधकर बेरहमी से पीटा, पुलिस ने ग्रामीणों के चंगुल से छुड़ाया
भीलवाड़ा के हमीरगढ़ क्षेत्र में मोबाइल चोरी के शक में एक युवक को ग्रामीणों ने पेड़ से बांधकर घंटों तक पीटा। समय रहते पहुंची पुलिस ने युवक को छुड़ाकर अस्पताल पहुंचाया। मामले में अब कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।

जिले के हमीरगढ़ थाना क्षेत्र में कानून को हाथ में लेने का एक गंभीर मामला सामने आया है। ओज्याड़ों का खेड़ा गांव में मोबाइल चोरी के संदेह में एक युवक को ग्रामीणों ने बंधक बनाकर न केवल बेरहमी से पीटा, बल्कि उसे घंटों तक पेड़ से बांधकर प्रताड़ित किया। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर युवक को मुक्त कराया और अस्पताल में भर्ती करवाया।
जानकारी के अनुसार, ओज्याड़ों का खेड़ा गांव निवासी कालू भील के घर से कुछ दिन पहले एक मोबाइल फोन चोरी हो गया था। इस घटना के बाद कालू के परिजनों और कुछ ग्रामीणों को दूसरे गांव के रहने वाले किशन भील पर चोरी का संदेह था।
बताया जा रहा है कि बुधवार को संदेह के आधार पर कुछ लोग किशन भील के घर पहुंचे और उसे जबरन अपने साथ ओज्याड़ों का खेड़ा गांव ले आए। वहां ग्रामीणों ने उससे कथित पूछताछ के नाम पर मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि युवक की बेरहमी से पिटाई करने के बाद उसे रस्सी से एक पेड़ पर बांध दिया गया और घंटों तक बंधक बनाकर रखा गया।
घटना की सूचना मिलते ही हमीरगढ़ थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिस ने ग्रामीणों को समझाइश देकर स्थिति को नियंत्रित किया और गंभीर रूप से घायल किशन भील को उनके कब्जे से मुक्त कराया। इसके बाद पुलिस युवक को उपचार के लिए हमीरगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर गई, जहां उसका प्राथमिक उपचार किया गया। चिकित्सकों के अनुसार युवक के शरीर पर चोटों के कई निशान पाए गए हैं।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी व्यक्ति को कानून अपने हाथ में लेने का अधिकार नहीं है। किसी पर चोरी का संदेह होने की स्थिति में कानूनी प्रक्रिया के तहत शिकायत दर्ज कराना ही उचित तरीका है। युवक के साथ मारपीट, बंधक बनाना और प्रताड़ित करना गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है।
फिलहाल पुलिस पीड़ित पक्ष की रिपोर्ट के आधार पर पूरे मामले की जांच कर रही है। साथ ही युवक को बंधक बनाकर मारपीट करने वाले आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। यह घटना एक बार फिर भीड़ द्वारा कानून अपने हाथ में लेने की प्रवृत्ति पर गंभीर सवाल खड़े करती है और कानून व्यवस्था के प्रति जागरूकता की आवश्यकता को रेखांकित करती है।

Pratahkal Bureau
प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
