भीलवाड़ा। जिले के मांडल थाना क्षेत्र के रावों का खेड़ा गांव में पुरानी रंजिश और लड़की भगाने के शक को लेकर एक परिवार के दर्जनभर लोगों द्वारा घर में घुसकर हमला करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि लाठी, सरियों और लकड़ियों से हमला करने के बाद दंपति और उनके बेटे को रस्सी से बांधकर करीब चार घंटे तक धूप में रखा गया। पीड़िता श्रीमती शान्ति देवी पत्नी नन्द लाल राव, उम्र 56 वर्ष, की शिकायत पर मांडल थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

पुलिस में दर्ज रिपोर्ट के अनुसार 18 सितंबर 2026 को दोपहर करीब 1 बजे चैन सिंह, लाडू देवी, हिम्मत सिंह, माया, सांबर देवी, झागुड़ी, गिरराज, महावीर, लक्ष्मी लाल, दिलखुश और रणजीत सहित 10-12 लोग हथियारों से लैस होकर शान्ति देवी के घर में घुस आए। आरोप है कि आरोपियों ने परिजनों के साथ मारपीट शुरू कर दी और जगदीश नामक युवक को जमीन पर पटककर लाठी, सरियों और लकड़ियों से ताबड़तोड़ वार किए। हमले में जगदीश के कमर और पैरों में गंभीर चोटें आईं तथा मुंह से खून निकलने लगा। उसके कपड़े खून से लथपथ हो गए। बीच-बचाव करने पहुंचे उसके माता-पिता के साथ भी मारपीट की गई।

रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि हमले के दौरान हिम्मत सिंह और गिरराज ने घर की बहू चेतना का हाथ पकड़कर उसे घसीटा और जबरन गाड़ी में डालकर अपहरण करने का प्रयास किया। इसी दौरान आरोपी महिलाओं माया, झागुड़ी और लाडू देवी ने पीड़िता के गले से सोने का मंगलसूत्र जबरन छीन लिया।

चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे तो आरोप है कि दबंग पीड़ितों को घसीटते हुए गांव के चारभुजा नाथ मंदिर ले गए। वहां तीनों पीड़ितों को सार्वजनिक रूप से बांध दिया गया। रिपोर्ट के मुताबिक ग्रामीणों में दहशत पैदा करने के लिए चेतावनी दी गई कि यदि किसी ने फोटो-वीडियो बनाया या पुलिस में गवाही दी तो उसका भी यही हाल किया जाएगा।

पीड़िता ने रिपोर्ट में आरोप लगाया है कि दबंग उसके पति को एकांत स्थान पर ले गए और अमानवीय कृत्य करते हुए पेशाब पिलाने का प्रयास किया। इसके साथ ही मकान-जमीन के कागजात, यानी पट्टा/रजिस्ट्री, अपने नाम करने या 9 लाख रुपये की रंगदारी देने का दबाव बनाया गया। आरोप है कि पीड़ितों को दोपहर 1 बजे से शाम 5 बजे तक लगातार 4 घंटे धूप में बांधकर रखा गया और पीने का पानी तक नहीं दिया गया।

पीड़िता का यह भी आरोप है कि घटना से 2-3 दिन पूर्व आरोपियों ने उसके परिवार का हुक्का-पानी बंद करवाकर गांव से सामाजिक रूप से बहिष्कृत यानी जाति से बाहर कर दिया था। साथ ही दुकानदारों को परिवार को सामान देने से मना करने के लिए कहा गया था।

मांडल थाना पुलिस ने शान्ति देवी की रिपोर्ट पर आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2), 126(2), 333, 79, 189(2), 127(2), 308(2) के तहत मामला दर्ज किया है। मामले की जांच हेड कांस्टेबल श्यामसुन्दर (का.नि. 1496) को सौंपी गई है।

पीड़ित परिवार ने आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी, लूटा गया मंगलसूत्र बरामद करने और कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है। मामले में पुलिस की जांच के आधार पर आरोपों और घटनाक्रम से जुड़े तथ्यों की आगे स्थिति स्पष्ट होगी।

Anshul Toshniwal, Bhilwara

Anshul Toshniwal, Bhilwara

नाम: अंशुल तोषनीवाल

वर्तमान पद: रिपोर्टर

कार्यक्षेत्र: भीलवाड़ा जिला (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): सभी प्रकार के समाचार (General Reporting)

अनुभव: 6 माह

परिचय 

अंशुल तोषनीवाल भीलवाड़ा जिले से न्यूज़ वेबसाइट के लिए रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह भीलवाड़ा जिले और उसके अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों की स्थानीय घटनाओं, प्रशासनिक गतिविधियों, क्राइम, राजनीति और जनहित से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को नियमित रूप से कवर करते हैं।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

अंशुल तोषनीवाल शैक्षणिक रूप से इंजीनियर (Engineer) हैं। उनकी तकनीकी और विश्लेषणात्मक पृष्ठभूमि उन्हें खबरों को सटीकता से समझने और प्रस्तुत करने में मदद करती है।

Next Story