Bhilwara News: भीलवाड़ा के करेड़ा में पैंथर की मूवमेंट से ग्रामीणों में दहशत
चिताम्बा के आवरा माता मंदिर के पास 13 दिन में दूसरी बार दिखा पैंथर, ग्रामीणों ने वन विभाग से पिंजरा लगाने और रात्रि गश्त की मांग की।

रात में पत्थरों और झाड़ियों के बीच बैठा हुआ एक पैंथर दिखाई दे रहा है।
भीलवाड़ा जिले के करेड़ा थाना क्षेत्र के चिताम्बा गांव स्थित आवरा माता मंदिर के पास पैंथर की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत फैल गई है। सोमवार रात मंदिर के नजदीक डंपिंग के पत्थरों के बीच पैंथर का मूवमेंट देखा गया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद इलाके में लोगों का खौफ और बढ़ गया है।
ग्रामीणों के अनुसार, पैंथर पत्थरों की आड़ में घूमता नजर आया। मंदिर के पास पैंथर की मौजूदगी से ग्रामीणों की नींद उड़ी हुई है। उनका कहना है कि आबादी क्षेत्र और धार्मिक स्थल के नजदीक इस तरह वन्यजीव का लगातार दिखाई देना चिंता का विषय है।
ग्रामीणों का दावा है कि यह पहली बार नहीं है। करीब 13 दिन पहले भी चिताम्बा के आवरा माता मंदिर के पास स्थित ‘बिड़े’ यानी चारागाह क्षेत्र में इसी पैंथर को घूमते हुए देखा गया था। ग्रामीणों के अनुसार, बलिया खेड़ा क्षेत्र के आवरा माता मंदिर के पास सोमवार रात एक बार फिर पैंथर की मौजूदगी दर्ज की गई।
पैंथर की लगातार मौजूदगी को लेकर ग्रामीणों में आक्रोश है। लोगों का आरोप है कि सूचना मिलने के बावजूद वन विभाग और स्थानीय प्रशासन इस गंभीर मामले को अनदेखा किए हुए है। ग्रामीणों का कहना है कि डंपिंग के पत्थरों के आसपास पैंथर को छिपने की जगह मिल रही है और इससे किसी भी समय बड़ा हादसा होने का खतरा बना हुआ है।
ग्रामीणों ने वन विभाग से आवरा माता मंदिर और आसपास के आबादी क्षेत्र में तुरंत पिंजरा लगाने की मांग की है, ताकि पैंथर को सुरक्षित रेस्क्यू किया जा सके। इसके साथ ही इलाके में नाइट पैट्रोलिंग यानी रात्रि गश्त बढ़ाने की मांग की गई है, जिससे किसी अनहोनी को टाला जा सके। मंदिर के पास पैंथर की दोबारा मौजूदगी और वायरल वीडियो के बाद ग्रामीणों की सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ गई है।

Anshul Toshniwal, Bhilwara
नाम: अंशुल तोषनीवाल
वर्तमान पद: रिपोर्टर
कार्यक्षेत्र: भीलवाड़ा जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): सभी प्रकार के समाचार (General Reporting)
अनुभव: 6 माह
परिचय
अंशुल तोषनीवाल भीलवाड़ा जिले से न्यूज़ वेबसाइट के लिए रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह भीलवाड़ा जिले और उसके अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों की स्थानीय घटनाओं, प्रशासनिक गतिविधियों, क्राइम, राजनीति और जनहित से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को नियमित रूप से कवर करते हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
अंशुल तोषनीवाल शैक्षणिक रूप से इंजीनियर (Engineer) हैं। उनकी तकनीकी और विश्लेषणात्मक पृष्ठभूमि उन्हें खबरों को सटीकता से समझने और प्रस्तुत करने में मदद करती है।
