भीलवाड़ा के गुरला में ग्रामीण सेवा शिविर का सफल आयोजन: 400 से अधिक समस्याओं का मौके पर समाधान
भीलवाड़ा के गुरला में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर ने प्रशासनिक सुस्ती को पीछे छोड़ते हुए एक नया कीर्तिमान रचा है। आखिर कैसे 22 विभागों के अधिकारियों ने मिलकर 400 से अधिक लंबित परिवादों का समाधान निकाला? जानिए इस जन-कल्याणकारी पहल का पूरा ब्योरा।

भीलवाड़ा के गुरला ग्राम पंचायत मुख्यालय पर आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर के दौरान प्रशासनिक अधिकारी नागरिकों से आवेदन प्राप्त कर उनका निस्तारण करते हुए।
भीलवाड़ा जिले के गुरला ग्राम पंचायत मुख्यालय पर आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर स्थानीय प्रशासन की सक्रियता और जनहित के प्रति प्रतिबद्धता का एक जीवंत उदाहरण बनकर उभरा। राज्य सरकार के दिशा-निर्देशों के क्रम में आयोजित इस शिविर में प्रशासनिक तंत्र पूरी तरह मुस्तैद दिखाई दिया, जहाँ 22 विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने एक मंच पर जुटकर आमजन की समस्याओं के त्वरित निवारण का बीड़ा उठाया। शिविर स्थल पर सुबह से ही ग्रामीणों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जो अपनी लंबित समस्याओं के समाधान के प्रति आशान्वित थी।
शिविर प्रभारी एवं तहसीलदार विनोद कुमार गोखरू ने बताया कि प्रशासन का मुख्य उद्देश्य सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम छोर तक बैठे व्यक्ति तक पहुँचाना और वर्षों से लंबित प्रकरणों का निस्तारण करना था। शिविर के दौरान राजस्व और पंचायती राज विभाग से जुड़े मामलों पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया। राजस्व विभाग द्वारा नाम शुद्धिकरण, हिस्सा शुद्धिकरण, ऑनलाइन नक्शा शुद्धिकरण, जाति प्रमाण पत्र जारी करने और सहमति विभाजन जैसे जटिल कार्यों को मौके पर ही संपादित कर परिवादियों को बड़ी राहत प्रदान की गई। राजस्व विभाग के साथ-साथ चिकित्सा, समाज कल्याण, महिला एवं बाल विकास और कृषि विभाग की स्टॉलों पर भी निरंतर नागरिकों का तांता लगा रहा, जहाँ विभागीय अधिकारियों ने आवेदनों को प्राप्त कर उनकी पात्रता की जांच की और यथासंभव समाधान सुनिश्चित किया।
इस महा-शिविर की सफलता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि दिन भर चली प्रक्रिया के उपरांत लगभग 400 परिवादों और आवेदनों का सफलतापूर्वक निस्तारण किया गया। अपनी समस्याओं का तत्काल समाधान होते देख लाभार्थियों के चेहरों पर संतोष स्पष्ट झलक रहा था। ग्रामीणों ने राज्य सरकार और जिला प्रशासन के इस पहल की सराहना करते हुए इसे जनहित में एक सार्थक और अत्यंत प्रभावी कदम बताया। शिविर के दौरान विकास अधिकारी जितेंद्र गुरुनानी, नायब तहसीलदार भेरुलाल सुथार, ग्राम विकास अधिकारी विनोद कुमार सोनी, प्रशासक श्रवण गुर्जर और जनप्रतिनिधि गोरी शंकर माली सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। यह आयोजन न केवल प्रशासनिक कार्यकुशलता का प्रमाण बना, बल्कि सरकारी सेवाओं को आमजन के द्वार तक लाने की दिशा में एक सशक्त कड़ी भी सिद्ध हुआ।

Rajesh Toshniwal, Bhilwara
नाम: राजेश तोषनीवाल
वर्तमान पद: ब्यूरो चीफ (भीलवाड़ा)
कार्यक्षेत्र: भीलवाड़ा (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और बिज़नेस
परिचय
राजेश तोषनीवाल राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के वरिष्ठ पत्रकार और ब्यूरो चीफ हैं। वह राजनीति, अपराध (क्राइम), स्थानीय प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक गतिविधियों (बिज़नेस) सहित सभी मुख्य विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग करते हैं। मौके पर पहुंचकर सक्रियता से ग्राउंड रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
राजेश तोषनीवाल को पत्रकारिता के क्षेत्र में कुल 44 वर्षों का व्यापक अनुभव है।
- वह पिछले 35 वर्षों से अधिक समय से 'प्रातःकाल' समाचार पत्र से निरंतर जुड़े हुए हैं।
- इससे पूर्व उन्होंने 'दैनिक जागरण', 'नवभारत टाइम्स' सहित कई अन्य लोकल एवं राज्यस्तरीय मीडिया संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
- स्नातक (Graduate)
- डिप्लोमा इन जर्नलिज्म (Diploma in Journalism)
