भीलवाड़ा: शाहपुरा एडीसी न्यायालय ने ग्राम पंचायत शक्करगढ़ का फर्जी पट्टा किया निरस्त
अतिरिक्त जिला कलेक्टर न्यायालय ने शक्करगढ़ पंचायत द्वारा जारी कूट रचित पट्टा संख्या-29 को अवैध मानकर रद्द किया, पीड़ित प्रकाश कुम्हार को मिला विधिक न्याय।

राजस्थान के नवगठित शाहपुरा जिले में स्थित अतिरिक्त जिला कलेक्टर न्यायालय ने एक ऐतिहासिक निर्णय सुनाते हुए ग्राम पंचायत शक्करगढ़ द्वारा कूटरचित तरीके से जारी किए गए एक भूमि पट्टे को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है। न्यायालय के इस कड़े रुख ने न केवल पीड़ित पक्ष को न्याय प्रदान किया है, बल्कि सरकारी दस्तावेजों में हेराफेरी करने वाले तत्वों के विरुद्ध एक सख्त संदेश भी प्रसारित किया है।
मामले के विवरण के अनुसार, पंचायत समिति जहाजपुर की ग्राम पंचायत शक्करगढ़ द्वारा 05 अक्टूबर 2023 को बाबूलाल पिता शंकरलाल मीणा के पक्ष में पट्टा संख्या-29 जारी किया गया था। इस पट्टे के निर्माण की प्रक्रिया में भारी अनियमितताएं बरती गई थीं और रिकॉर्ड के साथ फर्जी तरीके से कांट-छांट की गई थी। इस जालसाजी के विरुद्ध शक्करगढ़ निवासी श्री प्रकाश पिता श्री कैलाश कुम्हार ने अधिवक्ता सुनीता सुवालका के माध्यम से अतिरिक्त जिला कलेक्टर, शाहपुरा के समक्ष निगरानी प्रकरण संख्या-81/2025 प्रस्तुत कर प्रभावी चुनौती दी थी।
अधिवक्ता सुनीता सुवालका ने न्यायालय में पैरवी करते हुए पत्रावली संख्या-111/2023 से संबंधित गंभीर तथ्यात्मक त्रुटियों और फर्जीवाड़े को उजागर किया। न्यायालय ने अधिवक्ता द्वारा प्रस्तुत तर्कों और साक्ष्यों की गहन समीक्षा करने के उपरांत यह पाया कि उक्त पट्टा पूर्णतः त्रुटिपूर्ण और अवैध रूप से तैयार किया गया था, जिसके आधार पर उसे निरस्त करने का आदेश पारित किया गया। इस विधिक विजय से आवेदक प्रकाश कुम्हार को न्याय की प्राप्ति हुई है और क्षेत्र में सार्वजनिक संपत्तियों तथा दस्तावेजों के साथ खिलवाड़ करने वालों में हड़कंप व्याप्त है।

Pratahkal Hub
प्रातःकाल हब, दै.प्रातःकाल की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा प्रातःकाल हब राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।"
