भीलवाड़ा में ब्लिंकिट डिलीवरी बॉय से मारपीट, अपहरण और लूट का आरोप
पुलिस लाइन क्षेत्र में बाइक टकराने के बाद विवाद बढ़ा, कर्मचारी ने अपहरण, मारपीट, मोबाइल तोड़ने और 4000 रुपये छीनने का आरोप लगाया।

भीलवाड़ा में ब्लिंकिट डिलीवरी पार्टनर्स ने अपने साथी गजेंद्र के साथ कथित मारपीट, अपहरण और लूट की घटना के विरोध में थाने पहुंचकर कार्रवाई की मांग की और शिकायत दर्ज कराई।
भीलवाड़ा में डिलीवरी बॉयज की सुरक्षा को लेकर एक गंभीर मामला सामने आया है। क्विक-कॉमर्स कंपनी ब्लिंकिट के एक डिलीवरी बॉय के साथ सरेराह मारपीट, जबरन अपहरण और लूटपाट की घटना ने कर्मचारियों में भारी आक्रोश पैदा कर दिया है। घटना के विरोध में पीड़ित के साथी कर्मचारियों ने थाने के बाहर एकत्र होकर प्रदर्शन किया और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
जानकारी के अनुसार, ब्लिंकिट के कर्मचारी बबलू सिंह ने बताया कि उनका साथी गजेंद्र सुबह पुलिस लाइन के पास पार्सल डिलीवरी करने जा रहा था। इसी दौरान रास्ते में कुछ अज्ञात लोगों के साथ उसकी मोटरसाइकिल हल्की सी टच हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों और बबलू सिंह के मुताबिक, गजेंद्र ने विवाद को बढ़ने से रोकने के लिए समझदारी दिखाते हुए कहा कि यदि उनकी गाड़ी में कोई नुकसान हुआ है तो वह उसका हर्जाना देने के लिए तैयार है। इसके बावजूद सामने वाले लोग नहीं माने।
आरोप है कि इसके बाद दो-चार अज्ञात युवक मौके पर पहुंचे और गजेंद्र को जबरन उठाकर अपने घर ले गए। वहां उसके साथ बेरहमी से मारपीट की गई। मारपीट इतनी गंभीर थी कि उसके शरीर से खून बहने लगा। आरोपियों ने उसकी मोटरसाइकिल और मोबाइल फोन भी पूरी तरह तोड़ दिया।
बबलू सिंह ने बताया कि गजेंद्र की जेब में ब्लिंकिट कंपनी के 4000 रुपये नकद थे, जिन्हें उसे स्टोर पर जमा कराना था। आरोपियों ने वह रकम भी जबरन निकाल ली। मारपीट के बाद बदमाशों ने गजेंद्र को धमकी देते हुए कहा, “जा, तुझसे जो होता है वो कर लेना। मैं सबको देख लूँगा। तू थाने जाएगा तो उन्हें भी देख लूँगा। तू मेरा कुछ नहीं बिगाड़ सकता।”
घटना से नाराज दर्जनों ब्लिंकिट डिलीवरी पार्टनर्स स्थानीय थाने पहुंचे और मामले की लिखित शिकायत दर्ज कराई। कर्मचारियों का कहना है कि भीलवाड़ा में उनके साथ बदसलूकी और मारपीट की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं।
बबलू सिंह ने कहा, “जब तक हमारे भाई गजेंद्र को इंसाफ नहीं मिलता और आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई नहीं होती, तब तक हम थाने के बाहर से नहीं हिलेंगे। अभी हमारा और भी स्टाफ यहाँ पहुंचने वाला है।”
फिलहाल पुलिस ने पीड़ित पक्ष की शिकायत दर्ज कर ली है और अज्ञात बदमाशों की तलाश शुरू कर दी है। आरोपियों की पहचान के लिए इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। यह घटना न केवल डिलीवरी कर्मियों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करती है, बल्कि कानून-व्यवस्था और सड़क पर काम करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता को भी रेखांकित करती है।

Pratahkal Hub
प्रातःकाल हब, दै.प्रातःकाल की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा प्रातःकाल हब राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।"
