अणुव्रत उद्बोधन सप्ताह के सातवें दिन बच्चों को बताया जीवन विज्ञान का महत्व
गंगापुर के जीवन विज्ञान यूरोपियन किड्स स्कूल में अणुव्रत उद्बोधन सप्ताह के तहत बच्चों को ध्यान और जीवन विज्ञान का महत्व बताया गया।

गंगापुर के जीवन विज्ञान यूरोपियन किड्स स्कूल में अणुव्रत उद्बोधन सप्ताह के सातवें दिन आयोजित कार्यक्रम के दौरान उपस्थित बच्चे और शिक्षक।
अणुव्रत उद्बोधन सप्ताह का सातवां दिन गंगापुर भीलवाड़ा स्थित जीवन विज्ञान यूरोपियन किड्स स्कूल में कार्यक्रम आयोजित कर मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और अणुव्रत गीत के साथ हुई। स्कूल प्रधानाचार्य ने पधारे मेहमानों का ओपनरनाद द्वारा स्वागत किया।
अणुव्रत मंच संयोजिका प्रीति रांका ने बच्चों को जीवन विज्ञान के बारे में उद्बोधन देते हुए कहा, “जिंदगी का नया फिल्टर जीवन विज्ञान।” उन्होंने एक कहानी के माध्यम से बच्चों को जीवन विज्ञान के बारे में समझाया और इसके महत्व से परिचित कराया।
कार्यक्रम में मंच सदस्य सरोज भंडारी ने सभी को लघुकायोत्सर्ग ध्यान कराया। उन्होंने लघुकायोत्सर्ग ध्यान के फायदे बताते हुए इससे जीवन पर पड़ने वाले प्रभाव के बारे में जानकारी दी। साथ ही बच्चों से भी इस विषय पर उनकी बात सुनी।
कार्यक्रम के अंत में स्कूल प्रधानाचार्य स्नेहलता खिची ने सभी का आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि अणुव्रत के ऐसे ही कार्यक्रम बच्चों के बीच होते रहें तो बच्चों का जीवन विज्ञान अच्छा और स्वस्थ होगा।
कार्यक्रम का संचालन स्कूल शिक्षक आयुषी सोनी ने किया। जीवन विज्ञान के कार्यक्रम में स्कूल शिक्षक द्वार पूजा सोनी, डिम्पल जोशी और यशवी तंवर आदि का सहयोग रहा।

