अनिल सिंघवी: शेयर बाजार और स्टार्टअप में सफलता के मंत्र
जीतो भीलवाड़ा चैप्टर के कार्यक्रम में आर्थिक विश्लेषक अनिल सिंघवी ने निवेशकों और युवाओं को दिए सफलता के टिप्स।

भीलवाड़ा में आयोजित जीतो इन्वेस्टर ज्ञान कार्यक्रम का दीप प्रज्वलन कर शुभारंभ करते अतिथि।
भीलवाड़ा। शेयर बाजार में निवेश से लेकर नया स्टार्टअप शुरू करने तक सफलता का रास्ता सही निर्णय, स्पष्ट दृष्टि और लोगों की समस्याओं को समझने से होकर गुजरता है। जो व्यक्ति यह समझ जाता है कि शेयर बाजार में किस कंपनी में निवेश नहीं करना चाहिए, वह भले ही निवेश से लाभ न कमाए, लेकिन नुकसान से बच सकता है। वहीं, आम आदमी की रोजमर्रा की समस्याओं को कम करने और घर या कार्यस्थल पर ही सुविधाएं उपलब्ध कराने वाले स्टार्टअप के सफल होने की संभावनाएं सबसे अधिक होती हैं। यह बात शनिवार, 7 नवंबर को जीतो भीलवाड़ा चैप्टर एवं जीआईआईएफ (JIIF) की ओर से चौधरी-डांगी जीतो हाउस में आयोजित ‘इन्वेस्टर-स्टार्टअप नॉलेज’ कार्यक्रम में मुख्य वक्ता देश के प्रख्यात आर्थिक विश्लेषक, निवेश सलाहकार एवं वरिष्ठ पत्रकार अनिल सिंघवी ने कही।
ओस्तवाल ग्रुप भीलवाड़ा की ओर से प्रायोजित इस कार्यक्रम में सिंघवी ने स्टार्टअप और शेयर बाजार में निवेश से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की। कार्यक्रम में एंकर की भूमिका पंकज ओस्तवाल ने निभाई। उन्होंने स्टार्टअप शुरू करने की तैयारी कर रहे युवा उद्यमियों और शेयर बाजार में निवेश की इच्छा रखने वाले आमजन के मन में उठने वाले सवालों को सिंघवी के सामने रखा।
करीब डेढ़ घंटे चले कार्यक्रम में सिंघवी ने कहा कि किसी नए विचार को व्यवहार में उतारना ही स्टार्टअप है। ऐसा व्यवसाय शुरू करने का विचार होना चाहिए, जो लोगों को प्रभावित करे। किसी भी आइडिया को धरातल पर उतारने से पहले अपना विजन स्पष्ट रखना जरूरी है। दूसरों को देखकर नहीं, बल्कि अपनी क्षमता और रुचि के अनुसार स्टार्टअप का चयन करने पर सफलता की संभावनाएं बढ़ती हैं। उन्होंने बताया कि स्टार्टअप के क्षेत्र में निवेश करने वाले कई फंड मौजूद हैं। वे मुख्य रूप से यह देखते हैं कि नया व्यवसाय शुरू करने वाले व्यक्ति का आत्मविश्वास कितना मजबूत है और उसका विजन कितना स्पष्ट है।
सिंघवी ने जोमैटो, ओला और उबर जैसे स्टार्टअप का उदाहरण देते हुए कहा कि जो व्यवसाय किसी समस्या का समाधान करता है, उसके सफल होने की संभावनाएं सर्वाधिक रहती हैं। किसी भी स्टार्टअप में निवेश करने से पहले यह देखना चाहिए कि उसका आमजन पर क्या प्रभाव पड़ेगा और उसे शुरू करने वाले व्यक्ति में कितनी व्यावसायिक ऊर्जा एवं कौशल है। उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक से अधिक समय में देश की आर्थिक नीतियों में बड़े बदलाव हुए हैं। सरकार निवेश को प्रोत्साहित करने के साथ सुझावों के आधार पर भी काम कर रही है।
प्रख्यात निवेश सलाहकार एवं जी बिजनेस के मैनेजिंग एडिटर अनिल सिंघवी ने शेयर बाजार में निवेश को लेकर कहा कि किसी कंपनी के लिए आईपीओ की लिस्टिंग एक महत्वपूर्ण पड़ाव हो सकती है, लेकिन यह उसका अंतिम लक्ष्य नहीं है। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति व्यवसाय नहीं कर सकता, वह शेयरों में निवेश करके भी कमाई कर सकता है। निवेशकों को शेयरों के भाव में होने वाले उतार-चढ़ाव पर ही ध्यान देने के बजाय कंपनी की विश्वसनीयता और कारोबार को समझना चाहिए। कंपनी भरोसेमंद है तो चुनौतियां आती रहेंगी, लेकिन निवेशक को धैर्य बनाए रखना चाहिए।
उन्होंने कहा कि शेयर बाजार की वर्तमान स्थिति निवेश के लिहाज से सबसे अनुकूल है। कमाई का अवसर उसी निवेशक को मिलता है, जो शेयर महंगे होने के बाद नहीं, बल्कि सस्ते होने पर निवेश करता है। किसी कंपनी के शेयर का प्रदर्शन कमजोर होना और उसके कारोबार का कमजोर होना दो अलग-अलग बातें हैं। यदि कंपनी अच्छा व्यवसाय कर रही है और उसके परिणाम भी बेहतर हैं, लेकिन शेयर का भाव गिर रहा है तो घबराने की जरूरत नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि हर आईपीओ से लाभ नहीं मिलता। इसलिए निवेश से पहले कंपनी के कारोबार, प्रमोटर और फंडामेंटल की जांच अवश्य करनी चाहिए।
सिंघवी ने आने वाले दिनों में बैंकिंग क्षेत्र, एनबीएफसी और स्टील क्षेत्र में निवेश से अच्छा रिटर्न मिलने की उम्मीद जताई। उन्होंने निवेशकों को संपत्ति के साथ स्वास्थ्य पर भी ध्यान देने की सलाह दी। उनका कहना था कि प्रत्येक व्यक्ति को परिवार के साथ गुणवत्तापूर्ण समय बिताना चाहिए और वही काम करना चाहिए, जिससे खुशी मिले। व्यवसाय में व्यस्त रहने के बावजूद फिटनेस के लिए समय निकालना जरूरी है। आपातकालीन जरूरतों को पूरा करने के लिए जीवन बीमा और स्वास्थ्य बीमा भी अवश्य कराना चाहिए।
कार्यक्रम के प्रश्नोत्तर सत्र में जीतो सदस्यों और शहर के गणमान्यजनों ने शेयर बाजार में निवेश तथा नया उद्योग स्थापित करने सहित विभिन्न विषयों पर सवाल पूछे। सिंघवी ने उनकी जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए सवालों के जवाब दिए। जीतो अपेक्स के पूर्व वाइस प्रेसिडेंट महावीरसिंह चौधरी ने कहा कि यह कार्यक्रम स्टार्टअप शुरू करने की योजना बना रहे युवाओं और निवेशकों की जागरूकता बढ़ाने में सहायक साबित होगा।
कार्यक्रम के प्रारंभ में दीप प्रज्ज्वलन किया गया। इस अवसर पर जीतो भीलवाड़ा चैप्टर के पदाधिकारियों के साथ जीतो अपेक्स के पूर्व वाइस प्रेसिडेंट महावीरसिंह चौधरी, अपेक्स डायरेक्टर निश्चल जैन, संगम ग्रुप के एसएन मोदानी, नितिन स्पिनर्स के दिनेश नौलखा, उद्यमी अमित डांगी और मेवाड़ चैंबर ऑफ कॉमर्स भीलवाड़ा के महासचिव आरके जैन भी मौजूद रहे।
स्वागत उद्बोधन जीतो भीलवाड़ा चैप्टर के चेयरमैन डॉ. संपत जैन ने दिया। मुख्य वक्ता अनिल सिंघवी का परिचय कार्यक्रम कोऑर्डिनेटर निर्मल खंजाची ने प्रस्तुत किया। कार्यक्रम के प्रायोजक ओस्तवाल ग्रुप के सीईओ पंकज ओस्तवाल, प्रवीण ओस्तवाल, एकता ओस्तवाल और नीतू ओस्तवाल को जीतो भीलवाड़ा चेयरमैन डॉ. संपत जैन, चीफ सेक्रेटरी अकिन चौधरी, सुशील डांगी और राजेन्द्र गोखरू ने स्मृति चिह्न प्रदान किए। गिरीश ओस्तवाल ने आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन जीतो भीलवाड़ा चैप्टर के चीफ सेक्रेटरी अकिन चौधरी ने किया।
कार्यक्रम में जीतो राजस्थान जोन की सेक्रेटरी नीतू ओस्तवाल, राजस्थान जोन लेडीज विंग की कन्वीनर रितु जैन, मैनेजिंग कमेटी सदस्य सुनील नाहर, प्रकाश सुतरिया, प्रतीक कावड़िया, प्रतीक शाह, अर्पित चौधरी, अभिषेक खंजाची, ललित डोसी, डॉ. निशांत जैन, नीता बाबेल, सिद्धार्थ गोखरू, पुष्पा गोखरू, राजेन्द्र बाबेल, अशोक सामर, महेन्द्र सोगानी, निर्मल गोखरू, धर्मेन्द्र मेहता, कार्यक्रम को-कन्वीनर मोहित पगारिया, जीतो लेडीज विंग की चेयरपर्सन नेहा नाहर, चीफ सेक्रेटरी निकिता जैन, यूथ विंग के चेयरपर्सन प्रतीक बुलिया और चीफ सेक्रेटरी अभि जैन सहित कई पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे। जीतो भीलवाड़ा चैप्टर के साथ लेडीज और यूथ विंग की टीम ने आयोजन को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग दिया। कार्यक्रम में जीतो के सैकड़ों सदस्यों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।

Rajesh Toshniwal, Bhilwara
नाम: राजेश तोषनीवाल
वर्तमान पद: ब्यूरो चीफ (भीलवाड़ा)
कार्यक्षेत्र: भीलवाड़ा (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और बिज़नेस
परिचय
राजेश तोषनीवाल राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के वरिष्ठ पत्रकार और ब्यूरो चीफ हैं। वह राजनीति, अपराध (क्राइम), स्थानीय प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक गतिविधियों (बिज़नेस) सहित सभी मुख्य विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग करते हैं। मौके पर पहुंचकर सक्रियता से ग्राउंड रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
राजेश तोषनीवाल को पत्रकारिता के क्षेत्र में कुल 44 वर्षों का व्यापक अनुभव है।
- वह पिछले 35 वर्षों से अधिक समय से 'प्रातःकाल' समाचार पत्र से निरंतर जुड़े हुए हैं।
- इससे पूर्व उन्होंने 'दैनिक जागरण', 'नवभारत टाइम्स' सहित कई अन्य लोकल एवं राज्यस्तरीय मीडिया संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
- स्नातक (Graduate)
- डिप्लोमा इन जर्नलिज्म (Diploma in Journalism)
