पांचना बांध से सिंचाई के पानी को लेकर लंबे समय से जारी गतिरोध और किसानों के संघर्ष ने अब एक निर्णायक मोड़ ले लिया है। बांध के जल वितरण और कमांड क्षेत्र के हितों से जुड़ी जटिल परिस्थितियों को सुलझाने के उद्देश्य से प्रशासन ने एक बार फिर संवाद का रास्ता अख्तियार किया है। इसी क्रम में, भरतपुर संभागीय आयुक्त नलिनी कठोतिया की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय बैठक संपन्न हुई, जिसमें करौली और सवाई माधोपुर के जिला कलक्टरों सहित सिंचाई विभाग के आला अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक में पांचना बांध के जल प्रबंधन, 39 गांवों के लिए हुई बजट घोषणाओं और वर्तमान आंदोलन की वस्तुस्थिति पर गहन मंथन किया गया। संभागीय आयुक्त नलिनी कठोतिया ने बताया कि सभी पक्षों के हितों को सुरक्षित रखते हुए इस विवाद का सर्वसम्मत और शांतिपूर्ण समाधान निकालना सरकार की प्राथमिकता है। इस दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए, 18 जून को भरतपुर स्थित संभागीय आयुक्त कार्यालय में करौली और सवाई माधोपुर के किसान प्रतिनिधियों की एक संयुक्त बैठक बुलाई गई है।

प्रशासनिक स्तर पर यह कवायद इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि कमांड क्षेत्र के किसान लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर मुखर हैं। संभागीय आयुक्त ने स्पष्ट किया कि प्रस्तावित बैठक में दोनों जिलों के किसान प्रतिनिधियों के साथ विस्तृत विचार-विमर्श किया जाएगा और राज्य सरकार के निर्देशों के आलोक में एक ऐसा सर्वसम्मत रास्ता तैयार करने का प्रयास होगा, जो क्षेत्र की सिंचाई व्यवस्था को सुचारू बनाने के साथ-साथ किसानों के असंतोष को भी दूर कर सके।

Pratahkal Hub

Pratahkal Hub

प्रातःकाल हब, दै.प्रातःकाल की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा प्रातःकाल हब राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।"

Next Story