भरतपुर, 24 दिसंबर। इफको द्वारा आयोजित जिला सहकारी गोष्ठी का भव्य आयोजन आज कृषि विभाग सभागार, भरतपुर में किया गया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता भरतपुर संभाग के अतिरिक्त निदेशक कृषि, देशराज सिंह ने की, जिन्होंने किसानों और कृषि सहयोग समितियों के प्रतिनिधियों को नवीनतम कृषि तकनीकों से अवगत कराने का संदेश दिया।

गोष्ठी में इफको राजस्थान के राज्य विपणन प्रबंधक पृथ्वी राज सिहाग ने किसानों को इफको के नैनो डीएपी और नैनो यूरिया के उपयोग, लाभ और फसल में उत्पादकता बढ़ाने के तरीकों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी डॉ. नवाब सिंह ने नैनो यूरिया को किसानों के बीच अधिक से अधिक प्रचारित करने और इसका सही उपयोग सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि नैनो डीएपी के प्रयोग से फसलों में सकारात्मक परिणाम देखने को मिले हैं।

अतिरिक्त निदेशक देशराज सिंह ने इस अवसर पर कहा कि बीजोपचार में इफको नैनो डीएपी का प्रयोग करने और 30 से 35 दिन बाद खड़ी फसल में नैनो यूरिया और डीएपी का छिड़काव करने से अनुसंधान केंद्र के अनुसार गेहूं की पैदावार में लगभग 10 प्रतिशत तक वृद्धि हुई है। इस महत्वपूर्ण जानकारी ने उपस्थित किसानों और कृषि सहयोग समितियों के अधिकारियों के बीच उत्सुकता और विश्वास दोनों बढ़ाए।

कार्यक्रम में जिले के डिप्टी रजिस्ट्रार सचिन चतुर्वेदी, भरतपुर तथा डीग की सभी कृषि सहकारी समितियों के व्यवस्थापक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन इफको भरतपुर के उप क्षेत्र प्रबंधक श्याम सुन्दर ने किया। इस गोष्ठी ने किसानों को न केवल नैनो उर्वरकों के लाभों के बारे में जागरूक किया, बल्कि कृषि उत्पादन और फसल सुधार में नए आयाम स्थापित करने का संदेश भी दिया।

इफको द्वारा आयोजित इस जिला सहकारी गोष्ठी ने स्थानीय किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ने और उनकी फसल उत्पादकता बढ़ाने के प्रयासों को मजबूत किया, जिससे भविष्य में क्षेत्रीय कृषि विकास को नई दिशा मिलने की संभावना है।

Pratahkal Bureau

Pratahkal Bureau

प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story