डीग में गूंजा 'जय हिंद' का उद्घोष: आदर्श विद्या मंदिर के छात्रों ने शौर्य संचलन से किया नेताजी को नमन
डीग के आदर्श विद्या मंदिर में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती 'पराक्रम दिवस' के रूप में धूमधाम से मनाई गई। विद्यालय के छात्रों ने भव्य पथ संचलन निकालकर और 'जय हिंद' के नारों से वीर सेनानी को याद किया। प्रधानाचार्य ने आजाद हिंद फौज के गौरवशाली इतिहास पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को देश सेवा की प्रेरणा दी।

डीग। भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महानायक और अदम्य साहस के प्रतीक नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर आज डीग जनपद देशभक्ति के रंग में सराबोर नजर आया। स्थानीय माध्यमिक एवं बालिका उच्च प्राथमिक आदर्श विद्या मंदिर में शुक्रवार को पराक्रम दिवस के अवसर पर भव्य समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें नन्हे-मुन्ने बालकों के कदमताल और गगनभेदी नारों ने पूरे वातावरण में जोश भर दिया। कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाते हुए विद्यालय के प्रधानाचार्य ने मां भारती और नेताजी के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर समारोह का शुभारंभ किया।
छात्रों के ओजस्वी समूह को संबोधित करते हुए प्रधानाचार्य ने नेताजी के जीवन संघर्ष और उनके क्रांतिकारी योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सुभाष चंद्र बोस मात्र एक नेता नहीं, बल्कि भारतीय स्वाभिमान की वो मशाल थे जिन्होंने विदेशी धरती पर 'आजाद हिंद फौज' का गठन कर ब्रिटिश हुकूमत की नींव हिला दी थी। प्रधानाचार्य ने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि उनके द्वारा दिए गए 'जय हिंद' और 'तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा' जैसे अमर नारे आज भी हर भारतीय की धमनियों में राष्ट्रवाद का संचार करते हैं। उन्होंने नई पीढ़ी से नेताजी के अदम्य साहस, अनुशासन और पराक्रम को अपने जीवन में उतारने का आह्वान किया।
समारोह का मुख्य आकर्षण विद्यालय के छात्रों द्वारा निकाला गया भव्य 'पथ संचलन' रहा। अनुशासित वेशभूषा में सजे छात्र जब कदम से कदम मिलाकर डीग की सड़कों पर निकले, तो दृश्य अत्यंत गौरवशाली प्रतीत हो रहा था। संचलन के दौरान छात्रों ने पूर्ण जोश के साथ 'वंदे मातरम' और 'भारत माता की जय' के जयघोष किए, जिससे समूचा क्षेत्र गुंजायमान हो गया। यह आयोजन न केवल एक औपचारिक जयंती समारोह था, बल्कि युवा पीढ़ी के भीतर देशप्रेम की भावना को प्रगाढ़ करने और महापुरुषों के बलिदान को जीवंत रखने का एक सशक्त माध्यम बना। कार्यक्रम के अंत में सभी ने देश की एकता और अखंडता को अक्षुण्ण रखने का संकल्प लिया।

Pooran Prakash Bansal, Deeg
नाम: पूरण प्रकाश बंसल
पद: पत्रकार (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: डीग जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जिला समाचार, क्राइम (अपराध), प्रशासन, और स्वास्थ्य
परिचय
पूरण प्रकाश बंसल राजस्थान के डीग जिले के एक अत्यंत अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल' समाचार पत्र में एक पत्रकार के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पूरण जी डीग जिले और उसके आसपास के क्षेत्रों से जिला स्तरीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, स्वास्थ्य व्यवस्था और आपराधिक मामलों (क्राइम) की खबरों पर पैनी नजर रखते हैं। क्षेत्र की जनता की समस्याओं को उठाना और खबरों को पूरी प्रामाणिकता के साथ पेश करना उनकी पत्रकारिता की पहचान है।
पत्रकारिता का लंबा अनुभव (Work Experience)
पूरण प्रकाश बंसल जी को मीडिया इंडस्ट्री में दो दशकों से भी अधिक (साल 2004 से) का एक व्यापक और समृद्ध अनुभव है। अपने इस लंबे सफर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े समाचार पत्रों के साथ काम किया है:
- दैनिक जागरण: पत्रकारिता क्षेत्र में लंबा और जमीनी अनुभव।
- राजदूत: वरिष्ठ स्तर पर समाचार कवरेज का अनुभव।
- प्रातः काल: साल 2022 से लगातार 'प्रातः काल' के साथ जुड़कर डीग जिले की कमान संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी माध्यमिक शिक्षा (10वीं पास) पूरी की है। साल 2004 से लगातार क्षेत्र में सक्रिय रहने के कारण डीग जिले की भौगोलिक, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव किसी भी बड़ी डिग्री से कहीं अधिक मजबूत है।
