डीग जिला कलेक्टर मयंक मनीष और जिला पुलिस अधीक्षक कांबले शरण गोपीनाथ ने शुक्रवार को पंचायत समिति सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित कर राज्य सरकार की प्राथमिकताओं के अनुसार जिले में कानून व्यवस्था और जन-सुविधाओं को सुदृढ़ करने के कड़े निर्देश दिए। इस उच्च स्तरीय बैठक में सड़क सुरक्षा, अवैध खनन पर अंकुश और विद्युत-पेयजल व्यवस्था को बेहतर बनाने हेतु विभिन्न विभागों की जवाबदेही तय की गई।

विद्युत व्यवस्था की समीक्षा करते हुए जिला कलेक्टर ने 220 केवी और 33 केवी जीएसएस की स्थिति जांची, जहाँ अधीक्षण अभियंता बी.एल. वर्मा ने बताया कि पीएम सूर्य घर योजना के तहत प्राप्त 651 आवेदनों में से 240 कनेक्शन जारी हो चुके हैं और शेष हेतु शिविर लगाए जाएंगे। कलेक्टर ने जिले में स्वीकृत 1.5 लाख स्मार्ट मीटर लगाने की मासिक कार्ययोजना और छीजत की रिपोर्ट मांगी है। बिजली-पानी की चोरी रोकने हेतु उपखंड अधिकारियों को पुलिस वृत्ताधिकारी, तहसीलदार और सहायक अभियंता के साथ मिलकर सघन अभियान चलाने का आदेश दिया गया है, ताकि वास्तविक उपभोक्ताओं को लाभ मिले। पुलिस अधीक्षक ने आश्वस्त किया कि पूर्व में दर्ज मुकदमों वाले आदतन अपराधियों की सूची के आधार पर उनके अवैध कनेक्शन प्राथमिकता से काटे जाएंगे और बड़ी कार्रवाइयों के दौरान पर्याप्त सुरक्षा बल उपलब्ध रहेगा।

सड़क सुरक्षा के मुद्दे पर सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता पवन सोलंकी ने भरतपुर-डीग-नगर मार्ग पर क्षतिग्रस्त शोल्डर, साइन बोर्ड के अभाव और बबूल की झाड़ियों के कारण बढ़ते ब्लैक स्पॉट की जानकारी दी। इस पर कलेक्टर ने पीडब्ल्यूडी, आरएसआरडीसी, परिवहन और पुलिस विभाग की संयुक्त सर्वे कमेटी गठित कर तत्काल मरम्मत और अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए। आई-रेड पोर्टल के संचालन हेतु आईटी विभाग को नोडल नियुक्त किया गया है, वहीं स्कूली बाल वाहिनियों का शत-प्रतिशत फिटनेस प्रमाण-पत्र और चालकों का नियमित स्वास्थ्य परीक्षण व पुलिस वेरिफिकेशन अनिवार्य किया गया है।

अवैध खनन और ओवरलोडिंग पर 'जीरो टॉलरेंस' नीति दोहराते हुए प्रशासन ने मानसून से पूर्व प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। निर्धारित क्षमता से बड़ी बॉडी वाले वाहनों को काटने और उन्हें फिटनेस देने वाले सेंटर्स के लाइसेंस निरस्त करने की चेतावनी दी गई है। वन विभाग के रेंजर्स और वनपालों को डीग, कामां व सीकरी क्षेत्रों में गश्त कर साप्ताहिक रिपोर्ट देनी होगी, जबकि पटवारी, गिरदावर और बीट कांस्टेबल की जवाबदेही तय की गई है। पहाड़ी और सीकरी के एसडीएम व डीएसपी को संदिग्ध गतिविधियों पर तत्काल संयुक्त निरीक्षण के आदेश दिए गए हैं।

बैठक में आगामी ब्रज 84 कोस परिक्रमा (अधिक मास/पुरुषोत्तम मास) की तैयारियों पर भी चर्चा हुई, जिसमें अधिकारियों को परिक्रमा मार्ग का भौतिक सत्यापन कर अतिक्रमण हटाने, प्याऊ दुरुस्त करने और पैचवर्क का एक्शन प्लान सोमवार तक प्रस्तुत करने को कहा गया है। अंत में, शिक्षा विभाग को सड़क सुरक्षा, नशा मुक्ति और साइबर अपराध पर दो माह का जागरूकता कैलेंडर तैयार करने तथा साइबर पुलिस थाने के माध्यम से प्रचार सामग्री वितरित करने के निर्देश देकर जन-जागरूकता पर विशेष बल दिया गया।

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