बयाना: दिल्ली में गूंजी श्रीमद् भागवत की स्वर लहरियां, पंडित ब्रजेश आचार्य के भजनों पर झूमे श्रद्धालु
दिल्ली के कृष्णा नगर में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा महोत्सव में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। बयाना के कारोबारी हेमंत गोयल द्वारा आयोजित इस कथा में पंडित ब्रजेश आचार्य ने सत्य और धर्म के महत्व को समझाते हुए संगीतमय प्रस्तुति दी। 12 जनवरी तक चलने वाले इस आध्यात्मिक आयोजन में उमड़ रही महिलाओं और श्रद्धालुओं की भीड़ ने भक्ति का अनूठा माहौल बना दिया है।

नई दिल्ली/बयाना। धर्म, आस्था और भक्ति के संगम से सराबोर श्रीमद् भागवत कथा महोत्सव में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा है। दिल्ली की कृष्णा नगर कॉलोनी स्थित राम मंदिर परिसर में आयोजित इस भव्य आध्यात्मिक अनुष्ठान के दूसरे दिन भक्ति की ऐसी अविरल धारा बही कि पंडाल में मौजूद हर श्रद्धालु भावविभोर हो उठा। राजस्थान के बयाना कस्बे के मूल निवासी और प्रमुख रेडीमेड गारमेंट कारोबारी हेमंत गोयल एवं उनकी धर्मपत्नी द्वारा आयोजित इस सात दिवसीय महोत्सव ने दिल्ली के हृदय स्थल को ब्रज की अलौकिक खुशबू से महका दिया है।
कथा के दूसरे दिन का शुभारंभ मुख्य यजमान हेमंत गोयल दम्पति द्वारा श्रीमद् भागवत पुराण के पूजन और सामूहिक आरती के साथ हुआ। व्यासपीठ पर विराजमान प्रख्यात कथावाचक पंडित ब्रजेश आचार्य ने जब अपनी सुरीली आवाज में भगवान श्री राम और श्री कृष्ण के प्रसंगों का वर्णन शुरू किया, तो पूरा परिसर तालियों की गड़गड़ाहट और जयकारों से गूंज उठा। संगीतमय कथा के दौरान भजनों की धुन पर श्रद्धालु अपनी सुध-बुध खोकर झूमने को मजबूर हो गए। पंडित ब्रजेश आचार्य ने जीवन दर्शन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मनुष्य के भीतर जैसे-जैसे विश्वास प्रगाढ़ होता है, वैसे-वैसे उसकी समझ, समर्पण और धर्म के प्रति निष्ठा बढ़ती जाती है।
अध्यात्म की गहराईयों को छूते हुए उन्होंने जोर देकर कहा कि सत्य ही वह मार्ग है जो जीवन के भटकाव और भ्रांतियों को जड़ से समाप्त कर देता है। सत्य हमें मानसिक शांति और तनावमुक्त जीवन का आधार प्रदान करता है, जबकि असत्य क्षणिक लाभ तो दे सकता है लेकिन अंततः वह केवल अशांति और दुखों का कारण बनता है। उन्होंने श्रद्धालुओं को प्रेरित किया कि श्रीमद् भागवत के सात दिनों का श्रवण मनुष्य के संतापों का हरण कर परिवार में सुख-समृद्धि के द्वार खोलता है। कार्यक्रम संयोजक श्रीमती सोनिया गोयल ने आयोजन की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि यह महोत्सव आगामी 12 जनवरी तक अनवरत जारी रहेगा, जिसमें प्रतिदिन प्रभु की विभिन्न लीलाओं का भावपूर्ण मंचन और व्याख्यान किया जाएगा।

Devisingh Prajapat, Bharatpur
नाम: देवीसिंह प्रजापत
कार्यक्षेत्र: बयाना उपखंड / उप जिला बयाना (राजस्थान)
अनुभव: 15 वर्ष
बीट (मुख्य विषय): सर्वपक्षीय समाचार (सभी तरह की खबरें और ग्राउंड रिपोर्टिंग)
परिचय
देवीसिंह प्रजापत राजस्थान के बयाना उपखंड क्षेत्र के एक अत्यंत अनुभवी, निष्पक्ष और सक्रिय पत्रकार हैं। वह मुख्य रूप से उप जिला बयाना और संपूर्ण बयाना उपखंड की हर छोटी-बड़ी गतिविधि पर पैनी नजर रखते हैं। स्थानीय प्रशासन, जनसमस्याओं, विकास कार्यों से लेकर क्षेत्र की हर प्रमुख हलचल और सभी तरह की खबरों को प्रमुखता व प्रामाणिकता के साथ पाठकों तक पहुंचाना उनकी पत्रकारिता की मुख्य विशेषता है।
पत्रकारिता का व्यापक अनुभव (Work Experience)
देवीसिंह प्रजापत जी को मीडिया जगत का एक लंबा और समृद्ध अनुभव है। वह पिछले 15 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। इस डेढ़ दशक के सफर में उन्होंने मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म्स (प्रिंट, डिजिटल व इलेक्ट्रॉनिक मीडिया) पर काम किया है, जिससे उन्हें ग्राउंड रिपोर्टिंग और क्षेत्रीय मुद्दों की गहरी समझ है।
शैक्षणिक योग्यता
देवीसिंह प्रजापत जी शैक्षणिक रूप से बेहद सुदृढ़ हैं। उन्होंने विज्ञान स्नातक (B.Sc.) के साथ-साथ बैचलर ऑफ इंजीनियरिंग (B.E.) की डिग्री हासिल की है। उनकी यह तकनीकी और तार्किक पृष्ठभूमि उन्हें खबरों के विश्लेषण, तथ्यों की जांच और समसामयिक मुद्दों को एक वैज्ञानिक व सटीक दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने में सक्षम बनाती है।
