बारां: मांगरोल और सीसवाली मण्डी शुरू करने के लिए प्रमोद जैन भाया ने कृषि मंत्री को लिखा पत्र
पूर्व मंत्री भाया ने कृषि मंत्री किरोड़ीलाल मीणा को पत्र लिख कई वर्षों से बंद पड़ी मांगरोल और सीसवाली कृषि उपज मण्डियों को शीघ्र संचालित करने की मांग की है।

बारां। क्षेत्र के किसानों की लंबे समय से चली आ रही मांग को ध्यान में रखते हुए पूर्व मंत्री एवं अन्ता विधायक प्रमोद जैन भाया ने राजस्थान सरकार के कृषि मंत्री किरोड़ीलाल मीणा को पत्र लिखकर मांगरोल एवं सीसवाली कस्बे में निर्मित कृषि उपज मण्डियों को शीघ्र प्रारम्भ करवाने की मांग की है।
मण्डियों का निर्माण पूर्ण, संचालन का इंतजार
विधायक भाया ने अपने पत्र में उल्लेख किया कि "अन्ता विधानसभा क्षेत्र के मांगरोल एवं सीसवाली कस्बे में कृषि उपज मण्डी का निर्माण कई वर्ष पूर्व पूर्ण हो चुका है। दोनो मण्डी प्रांगण में दुकान एवं गोदाम के प्लाट व्यापारियों को ऑक्षन किए हुए है तथा कृषि उपज मण्डी शेड करोडों के कार्य भी करवा रखे है किन्तु आज तक उसका संचालन प्रारम्भ नहीं किया गया है।" हाल ही में उनके जनसम्पर्क कार्यक्रम के दौरान मांगरोल तथा सीसवाली सहित आसपास के अनेक गांवों के किसानों ने दोनों मण्डियों को शीघ्र प्रारम्भ करवाने की मांग प्रमुखता से रखी।
किसानों पर आर्थिक और समय की मार
उन्होंने बताया कि मांगरोल एवं सीसवाली कृषि उपज मण्डी प्रारम्भ नहीं होने के कारण क्षेत्र के सैकडों गांवों के हजारों किसानों को अपनी कृषि उपज बेचने के लिए कोटा मण्डी तक जाना पड़ता है। इससे किसानों पर अतिरिक्त परिवहन व्यय का बोझ पड़ता है और समय की भी काफी हानि होती है। कई बार दूरी अधिक होने के कारण किसानों को अपनी उपज समय पर बेचने में भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, जिससे आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है।
स्थानीय स्तर पर सुविधा और रोजगार की उम्मीद
विधायक भाया ने कहा कि यदि मांगरोल एवं सीसवाली कृषि उपज मण्डियों को शीघ्र प्रारम्भ किया जाता है तो क्षेत्र के किसानों को अपनी उपज के विक्रय के लिए स्थानीय स्तर पर सुविधा उपलब्ध होगी तथा उन्हें उचित मूल्य मिलने में भी मदद मिलेगी। साथ ही इससे क्षेत्र में कृषि व्यापार को बढ़ावा मिलेगा, परिवहन लागत कम होगी और किसानों की आय में वृद्धि होगी तथा मजदूरों को रोजगार भी मिलेगा।
जनभावना के अनुरूप शीघ्र कार्रवाई का आग्रह
उन्होंने कृषि मंत्री से आग्रह किया कि "मांगरोल, सीसवाली एवं आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के किसानों की जनभावना को ध्यान में रखते हुए दोनों कृषि उपज मण्डियों को अतिशीघ्र प्रारम्भ करवाने हेतु संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश प्रदान किए जाएं, ताकि क्षेत्र के किसानों को इसका लाभ मिल सके।"

Rajendra Sharma, Baran
नाम: राजेंद्र शर्मा
वर्तमान पद: संवाददाता | प्रांतीय प्रचार प्रमुख (भारत तिब्बत सहयोग मंच)
कार्यक्षेत्र: बारां (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीतिक, आपराधिक, समसामयिक, सामाजिक, धार्मिक, पर्यटक स्थल एवं ऐतिहासिक धरोहर
परिचय
राजेंद्र शर्मा राजस्थान के बारां क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह वर्तमान में संवाददाता के रूप में कार्य करने के साथ-साथ 'भारत तिब्बत सहयोग मंच' में प्रांतीय प्रचार प्रमुख का दायित्व भी संभाल रहे हैं। राजेंद्र शर्मा मुख्य रूप से राजनीतिक व आपराधिक मामलों, समसामयिक और सामाजिक विषयों सहित क्षेत्र के धार्मिक, पर्यटक स्थलों तथा ऐतिहासिक धरोहरों पर विशेष रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
- राजेंद्र शर्मा वर्ष 1994 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। पिछले तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर कार्य किया है:
- राजस्थान पत्रिका (1992–1994): सहायक संवाददाता के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की।
- दैनिक भास्कर (1996/97–2000): फाउंडर ब्यूरो चीफ के रूप में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
- दैनिक नवज्योति (2000 से): लगभग 9 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं।
- दैनिक जननायक: 5 वर्षों तक नियमित कार्य किया।
- अन्य राष्ट्रीय व क्षेत्रीय समाचार पत्र: उन्होंने 'राष्ट्रदूत', कोटा के साप्ताहिक समाचार पत्र 'शिल्पांगी', तथा 1 वर्ष तक 'जनसत्ता' और 'हिंदुस्तान टाइम्स' में भी कार्य किया है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।
