धाकड़ महासभा ने झुग्गी-झोपड़ी में रहने वाले जरूरतमंदों को बांटी तिरपाल और फल
बरसात के मौसम में दिहाड़ी मजदूरों और गरीब परिवारों को आंधी-तूफान से सुरक्षित आश्रय देने के लिए महिला इकाई ने की सामाजिक पहल।

तस्वीर में श्री धाकड़ महासभा महिला इकाई की सदस्य झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्र में जरूरतमंद महिलाओं, पुरुषों और बच्चों को बरसाती तिरपाल वितरित करने के बाद उनके साथ खड़ी हैं।
बरसात के मौसम में झुग्गी-झोपड़ी में रहने वाले जरूरतमंद परिवारों को राहत पहुंचाने के उद्देश्य से धाकड़ महासभा महिला इकाई ने सामाजिक सरोकार का परिचय देते हुए पांच-पांच मीटर की बरसाती तिरपाल एवं फलों का वितरण किया। धाकड़ महासभा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुमन नागर ने बताया कि यह पहल विशेष रूप से दिहाड़ी मजदूरों और गरीब परिवारों को बारिश एवं आंधी-तूफान के दौरान सुरक्षित आश्रय उपलब्ध कराने के उद्देश्य से की गई।
उन्होंने बताया कि जिन परिवारों के सिर पर पक्की छत नहीं है, उनके लिए बरसात का मौसम सबसे अधिक चुनौतीपूर्ण होता है। ऐसे में छोटे बच्चों और बुजुर्गों का जीवन काफी कठिन हो जाता है। इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक जरूरतमंद परिवार को पांच-पांच मीटर की बरसाती तिरपाल वितरित की गई, ताकि वे बारिश और आंधी-तूफान के दौरान अपने घरों तथा घरेलू सामान को सुरक्षित रख सकें।
बरसाती तिरपाल और फल प्राप्त कर झुग्गी-झोपड़ी में रहने वाले बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे। इस दौरान राष्ट्रीय महामंत्री ममता बामला के आवास पर आगामी कार्यक्रमों की गतिविधियों को लेकर भी चर्चा की गई तथा भविष्य में भी ऐसे सेवा कार्य लगातार जारी रखने का संकल्प व्यक्त किया गया।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय संगठन मंत्री द्वारिका नागर, जिला अध्यक्ष उमा नागर, जिला उपाध्यक्ष विमलेश नागर, रंगीता फूंसरा, मीना सहरोद, भगवती नागर, विद्या नागर, रेखा नागर, हर्षा नागर, ममता नागर, ललिता नागर, चित्रा नागर सहित महासभा की सभी सदस्य उपस्थित रहीं। यह पहल जरूरतमंद परिवारों को बरसात के मौसम में राहत पहुंचाने के साथ सामाजिक सेवा और मानवीय संवेदनाओं का सशक्त उदाहरण बनकर सामने आई।

Rajendra Sharma, Baran
नाम: राजेंद्र शर्मा
वर्तमान पद: संवाददाता | प्रांतीय प्रचार प्रमुख (भारत तिब्बत सहयोग मंच)
कार्यक्षेत्र: बारां (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीतिक, आपराधिक, समसामयिक, सामाजिक, धार्मिक, पर्यटक स्थल एवं ऐतिहासिक धरोहर
परिचय
राजेंद्र शर्मा राजस्थान के बारां क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह वर्तमान में संवाददाता के रूप में कार्य करने के साथ-साथ 'भारत तिब्बत सहयोग मंच' में प्रांतीय प्रचार प्रमुख का दायित्व भी संभाल रहे हैं। राजेंद्र शर्मा मुख्य रूप से राजनीतिक व आपराधिक मामलों, समसामयिक और सामाजिक विषयों सहित क्षेत्र के धार्मिक, पर्यटक स्थलों तथा ऐतिहासिक धरोहरों पर विशेष रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
- राजेंद्र शर्मा वर्ष 1994 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। पिछले तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर कार्य किया है:
- राजस्थान पत्रिका (1992–1994): सहायक संवाददाता के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की।
- दैनिक भास्कर (1996/97–2000): फाउंडर ब्यूरो चीफ के रूप में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
- दैनिक नवज्योति (2000 से): लगभग 9 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं।
- दैनिक जननायक: 5 वर्षों तक नियमित कार्य किया।
- अन्य राष्ट्रीय व क्षेत्रीय समाचार पत्र: उन्होंने 'राष्ट्रदूत', कोटा के साप्ताहिक समाचार पत्र 'शिल्पांगी', तथा 1 वर्ष तक 'जनसत्ता' और 'हिंदुस्तान टाइम्स' में भी कार्य किया है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।
