बारां। राजस्थान सरकार की महत्वाकांक्षी सुयोग योजना के पायलट प्रोजेक्ट के लिए बारां जिले का चयन किए जाने का जिला फुटबॉल संघ बारां ने स्वागत किया है। योजना के रजिस्ट्रेशन, टीम गठन और प्रतियोगिताओं के आयोजन में आ रही व्यावहारिक समस्याओं के समाधान तथा प्रक्रिया को सरल बनाने की मांग को लेकर जिला फुटबॉल संघ ने प्रभारी मंत्री ओटाराम देवासी को ज्ञापन सौंपा।

जिला फुटबॉल संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष निर्मल माथोडिया ने बताया कि सुयोग योजना के पायलट प्रोजेक्ट के लिए बारां जिले का चयन मुख्यमंत्री की महत्वपूर्ण पहल है। योजना जिले के युवाओं को खेल सहित विभिन्न क्षेत्रों में आगे बढ़ने और उनकी प्रतिभा विकसित करने का बेहतर अवसर प्रदान कर सकती है। उन्होंने कहा कि योजना का लाभ अधिक से अधिक युवाओं तक पहुंचाने के लिए इससे जुड़ी प्रक्रियाओं का सरल एवं व्यावहारिक होना आवश्यक है।

माथोडिया ने बताया कि वर्तमान में योजना के तहत जनआधार के माध्यम से रजिस्ट्रेशन किया जा रहा है। इसमें संबंधित व्यक्ति के जनआधार से पंजीकृत मोबाइल नंबर पर ओटीपी प्राप्त होता है। बारां जिले में ऐसे अनेक युवा हैं, जिनके जनआधार से जुड़े मोबाइल नंबर वर्तमान में सक्रिय नहीं हैं या वे नंबर उनके पास उपलब्ध नहीं हैं। ऐसे में युवाओं को रजिस्ट्रेशन कराने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

उन्होंने बताया कि जिन युवाओं का रजिस्ट्रेशन सफलतापूर्वक हो चुका है, उन्हें टीम गठन के समय फिर से पंजीकृत मोबाइल नंबर पर ओटीपी की प्रक्रिया से गुजरना पड़ रहा है। कई मामलों में पंजीकृत मोबाइल नंबर परिवार के अन्य सदस्यों के पास होने के कारण संबंधित युवा समय पर ओटीपी प्राप्त नहीं कर पाते। इससे टीम गठन की प्रक्रिया प्रभावित हो रही है। जिला फुटबॉल संघ ने मांग की कि टीम गठन के लिए ओटीपी की अनिवार्यता समाप्त कर वैकल्पिक और सरल प्रक्रिया अपनाई जाए, ताकि अधिक से अधिक पंजीकृत युवा टीम गठन में शामिल हो सकें।

माथोडिया ने सुयोग योजना के तहत प्रतियोगिताओं के निर्धारित समय को लेकर भी प्रभारी मंत्री का ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता के प्रथम चरण के लिए 12 अगस्त से 11 सितंबर तक की अवधि निर्धारित की गई है। अगस्त माह में बारां जिले में सामान्यतः वर्षा का समय रहता है। इसके कारण जिले के अधिकांश खेल मैदान बारिश और जलभराव के चलते खेलने योग्य नहीं रह पाते।

उन्होंने कहा कि अगस्त माह के अंतिम दिनों से लेकर पूरे सितंबर माह तक शिक्षा विभाग द्वारा जिला एवं राज्यस्तरीय खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन भी किया जाता है। सुयोग योजना में पंजीकृत अधिकांश खिलाड़ी विद्यालयों में अध्ययनरत हैं और उन्हें प्रशिक्षण देने तथा प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करने वाले शारीरिक शिक्षक भी इसी अवधि में शिक्षा विभाग की प्रतियोगिताओं में व्यस्त रहते हैं।

ऐसी स्थिति में अगस्त-सितंबर माह में सुयोग योजना की प्रतियोगिताएं आयोजित करने से योजना के उद्देश्यों को अपेक्षित रूप से प्राप्त करना कठिन हो सकता है। इसी को देखते हुए जिला फुटबॉल संघ ने मांग की कि सुयोग योजना की प्रतियोगिताओं का आयोजन दीपावली के पश्चात कराया जाए।

माथोडिया ने कहा कि दीपावली के बाद मौसम अनुकूल रहेगा, खेल मैदान बेहतर स्थिति में होंगे और विद्यालयी खेल प्रतियोगिताओं से भी टकराव नहीं होगा। इससे जिले के युवा अधिक उत्साह और संख्या के साथ सुयोग योजना की प्रतियोगिताओं में भाग ले सकेंगे तथा योजना का उद्देश्य अधिक प्रभावी ढंग से पूरा किया जा सकेगा।

ज्ञापन के दौरान प्रभारी मंत्री ओटाराम देवासी ने जिला फुटबॉल संघ की ओर से उठाई गई समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से सुना तथा इनके समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।

इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष नरेश सिंह सिकरवार, उपाध्यक्ष जयेश गालव सहित बड़ी संख्या में खेल प्रेमी, जनप्रतिनिधि एवं अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहे।

Rajendra Sharma, Baran

Rajendra Sharma, Baran

नाम: राजेंद्र शर्मा

वर्तमान पद: संवाददाता | प्रांतीय प्रचार प्रमुख (भारत तिब्बत सहयोग मंच)

कार्यक्षेत्र: बारां (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): राजनीतिक, आपराधिक, समसामयिक, सामाजिक, धार्मिक, पर्यटक स्थल एवं ऐतिहासिक धरोहर

परिचय 

राजेंद्र शर्मा राजस्थान के बारां क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह वर्तमान में संवाददाता के रूप में कार्य करने के साथ-साथ 'भारत तिब्बत सहयोग मंच' में प्रांतीय प्रचार प्रमुख का दायित्व भी संभाल रहे हैं। राजेंद्र शर्मा मुख्य रूप से राजनीतिक व आपराधिक मामलों, समसामयिक और सामाजिक विषयों सहित क्षेत्र के धार्मिक, पर्यटक स्थलों तथा ऐतिहासिक धरोहरों पर विशेष रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।

पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)

  • राजेंद्र शर्मा वर्ष 1994 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। पिछले तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर कार्य किया है:
  • राजस्थान पत्रिका (1992–1994): सहायक संवाददाता के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की।
  • दैनिक भास्कर (1996/97–2000): फाउंडर ब्यूरो चीफ के रूप में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
  • दैनिक नवज्योति (2000 से): लगभग 9 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं।
  • दैनिक जननायक: 5 वर्षों तक नियमित कार्य किया।
  • अन्य राष्ट्रीय व क्षेत्रीय समाचार पत्र: उन्होंने 'राष्ट्रदूत', कोटा के साप्ताहिक समाचार पत्र 'शिल्पांगी', तथा 1 वर्ष तक 'जनसत्ता' और 'हिंदुस्तान टाइम्स' में भी कार्य किया है।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।

Next Story