भक्ति में डूबीं अग्रवाल समाज की महिलाएं, नानी बाई के मायरे में उमड़ा आस्था का सैलाब
सार्वजनिक अग्रवाल धर्मशाला में अखिल भारतीय महिला अग्रवाल सम्मेलन की ओर से महाराज अग्रसेन जयंती पर नानी बाई का मायरा श्रद्धा और भक्ति के साथ आयोजित किया गया।

बारां की सार्वजनिक अग्रवाल धर्मशाला में महाराज अग्रसेन जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित नानी बाई का मायरा कार्यक्रम में उपस्थित महिलाएं।
बारां में महाराज अग्रसेन जयंती के उपलक्ष्य में अखिल भारतीय महिला अग्रवाल सम्मेलन की ओर से सार्वजनिक अग्रवाल धर्मशाला में एक दिवसीय नानी बाई का मायरा श्रद्धा और भक्ति के साथ आयोजित किया गया। कार्यक्रम श्री वैष्णव अग्रवाल पंचायत के सानिध्य में संपन्न हुआ। मायरे के दौरान पारंपरिक भजनों, जीवंत झांकियों और कथा के बीच महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
जिलाध्यक्ष मंजू आनंद गर्ग एवं महामंत्री पिंकी गोयंका ने बताया कि कार्यक्रम का शुभारंभ बाल संत कथा वाचक वैष्णव महाराज ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना के साथ किया। इसके बाद वैष्णव अग्रवाल पंचायत अध्यक्ष सुरेंद्र गुप्ता, अखिल भारतीय अग्रवाल सम्मेलन के जिलाध्यक्ष अशोक गर्ग, महामंत्री राजेंद्र मित्तल और भाजपा नेता आनंद गर्ग सहित समाज के गणमान्य लोगों ने महाराज अग्रसेन जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया।
कथा के दौरान बाल संत वैष्णव महाराज ने नरसी जी की भक्ति और नानी बाई के मायरे की कथा सुनाई। उन्होंने कहा कि सच्ची भक्ति और विश्वास में इतनी शक्ति होती है कि भगवान स्वयं अपने भक्त की सहायता के लिए आते हैं। कथा के दौरान भगवान श्रीकृष्ण, राधा और रुक्मणी सहित विभिन्न जीवंत झांकियों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया।
राधा के स्वरूप में स्वाति झलवाड़ी और कृष्ण के स्वरूप में नीतू गर्ग की प्रस्तुति ने उपस्थित श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। वहीं नानी बाई की भूमिका में सुशीला बंसल ने भावपूर्ण अभिनय किया, जिससे उपस्थित महिलाओं की आंखें नम हो गईं। नरसी जी की भूमिका बबली अग्रवाल ने निभाई।
सम्मेलन की ओर से सामूहिक रूप से श्रद्धा और भक्ति के साथ सांवरिया सेठ का मायरा भरा गया। इस दौरान महिलाओं ने सिर पर उपहारों से सजी थालियां रखकर पारंपरिक भजनों के साथ मायरा भरा। “चाल-चाल म्हारी नानी बाई री...” और “वीरा थारो आया रे...” जैसे भजनों पर महिलाएं भक्ति में झूम उठीं।
मीडिया प्रभारी नीतू गुप्ता एवं प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष शशि गर्ग ने बताया कि महिला सदस्यों की ओर से पायल, बिछिया, शॉल, बर्तन, कपड़े, साड़ियां, विभिन्न उपहार सामग्री एवं नकद राशि सहित श्रद्धा अनुसार मायरा भरा गया। कार्यक्रम के दौरान पूरा पांडाल श्रद्धालुओं से खचाखच भरा रहा। भक्ति गीतों और कथा के बीच महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम के अंत में सामूहिक आरती एवं प्रसाद वितरण के साथ आयोजन का समापन हुआ। इस अवसर पर संस्था की संरक्षक उषा निरंजन गोयल, नेहा गुप्ता, बबीता गर्ग, संगठन मंत्री उर्मिला गर्ग, श्वेता अग्रवाल, सरोज गर्ग, शशि अग्रवाल, आशा लश्करी, अनीता मंगल सहित सम्मेलन की अनेक सदस्याएं मौजूद रहीं।

Rajendra Sharma, Baran
नाम: राजेंद्र शर्मा
वर्तमान पद: संवाददाता | प्रांतीय प्रचार प्रमुख (भारत तिब्बत सहयोग मंच)
कार्यक्षेत्र: बारां (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीतिक, आपराधिक, समसामयिक, सामाजिक, धार्मिक, पर्यटक स्थल एवं ऐतिहासिक धरोहर
परिचय
राजेंद्र शर्मा राजस्थान के बारां क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह वर्तमान में संवाददाता के रूप में कार्य करने के साथ-साथ 'भारत तिब्बत सहयोग मंच' में प्रांतीय प्रचार प्रमुख का दायित्व भी संभाल रहे हैं। राजेंद्र शर्मा मुख्य रूप से राजनीतिक व आपराधिक मामलों, समसामयिक और सामाजिक विषयों सहित क्षेत्र के धार्मिक, पर्यटक स्थलों तथा ऐतिहासिक धरोहरों पर विशेष रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
- राजेंद्र शर्मा वर्ष 1994 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। पिछले तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर कार्य किया है:
- राजस्थान पत्रिका (1992–1994): सहायक संवाददाता के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की।
- दैनिक भास्कर (1996/97–2000): फाउंडर ब्यूरो चीफ के रूप में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
- दैनिक नवज्योति (2000 से): लगभग 9 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं।
- दैनिक जननायक: 5 वर्षों तक नियमित कार्य किया।
- अन्य राष्ट्रीय व क्षेत्रीय समाचार पत्र: उन्होंने 'राष्ट्रदूत', कोटा के साप्ताहिक समाचार पत्र 'शिल्पांगी', तथा 1 वर्ष तक 'जनसत्ता' और 'हिंदुस्तान टाइम्स' में भी कार्य किया है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।
