बारां: मजदूर दिवस पर श्रमिकों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए बांटे औजार
लटूर जी मावा वाले सेवा सदन ने बारां में जरूरतमंद श्रमिकों को फावड़ा, गैंती और तगारी जैसे आवश्यक उपकरण वितरित कर उनके सशक्तिकरण की दिशा में पहल की।

बारां में अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस पर आयोजित कार्यक्रम के दौरान सेवा सदन के सदस्य जरूरतमंद श्रमिकों को कार्य सुगम बनाने हेतु फावड़ा और तगारी भेंट करते हुए।
अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस के अवसर पर बारां में लटूर जी मावा वाले सेवा सदन द्वारा जरूरतमंद श्रमिकों के सम्मान में एक प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें जमीनी स्तर पर कार्य करते हुए उन श्रमिकों तक सीधी पहुंच बनाई गई, जो रोज मेहनत-मजदूरी कर अपना जीवन यापन करते हैं।
कार्यक्रम के तहत श्रमिकों को उनके कार्य को सुगम बनाने हेतु आवश्यक औजारों की किट वितरित की गई। इन किटों में सब्बल, फावड़ा, तगारी (परात), घन और गैंती जैसे उपयोगी उपकरण शामिल रहे, जो दैनिक श्रम कार्यों में अत्यंत आवश्यक माने जाते हैं। किट प्राप्त करते ही श्रमिकों के चेहरों पर संतोष और आत्मविश्वास की झलक स्पष्ट दिखाई दी।
संस्था का मानना है कि केवल भोजन वितरण तक सीमित रहना पर्याप्त नहीं, बल्कि रोजगार को सशक्त बनाने वाले संसाधन उपलब्ध कराना ही सच्ची सेवा है। इसी उद्देश्य को केंद्र में रखते हुए सेवा सदन की टीम लगातार जरूरतमंद श्रमिकों की पहचान कर उन्हें सहयोग प्रदान कर रही है।
संस्था के प्रतिनिधि दिनेश खेतान ने बताया कि सदन का मुख्य उद्देश्य श्रमिकों की आय में वृद्धि कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने कहा कि टीम पहले से ही ऐसे श्रमिकों की पहचान कर रही है, जिन्हें सहायता की आवश्यकता है, और उन्हें निरंतर सहयोग उपलब्ध कराया जा रहा है। इस दौरान श्रमिकों की समस्याओं को समझते हुए उनकी अन्य आवश्यकताओं, जैसे मच्छरदानी आदि की जानकारी भी एकत्र की गई, ताकि भविष्य में उन्हें और बेहतर सहयोग प्रदान किया जा सके।
कार्यक्रम को सफल बनाने में कपिल सोनी, महेश कुमार, कुशाल गुप्ता, रवि गुप्ता, मानस गुप्ता, दीपक अग्रवाल, रमाकांत गुप्ता सहित अन्य सदस्यों का विशेष योगदान रहा। वहीं महिला इकाई की अनीता गुप्ता, योगिता गुप्ता, हेमलता गुप्ता और हर्षिता पारीक ने भी आयोजन में सक्रिय भूमिका निभाई।
यह पहल समाज में सेवा, सम्मान और आत्मनिर्भरता के मूल्यों को सशक्त रूप से स्थापित करती है और श्रमिक वर्ग के सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में सामने आई है।

Rajendra Sharma, Baran
नाम: राजेंद्र शर्मा
वर्तमान पद: संवाददाता | प्रांतीय प्रचार प्रमुख (भारत तिब्बत सहयोग मंच)
कार्यक्षेत्र: बारां (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीतिक, आपराधिक, समसामयिक, सामाजिक, धार्मिक, पर्यटक स्थल एवं ऐतिहासिक धरोहर
परिचय
राजेंद्र शर्मा राजस्थान के बारां क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह वर्तमान में संवाददाता के रूप में कार्य करने के साथ-साथ 'भारत तिब्बत सहयोग मंच' में प्रांतीय प्रचार प्रमुख का दायित्व भी संभाल रहे हैं। राजेंद्र शर्मा मुख्य रूप से राजनीतिक व आपराधिक मामलों, समसामयिक और सामाजिक विषयों सहित क्षेत्र के धार्मिक, पर्यटक स्थलों तथा ऐतिहासिक धरोहरों पर विशेष रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
- राजेंद्र शर्मा वर्ष 1994 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। पिछले तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर कार्य किया है:
- राजस्थान पत्रिका (1992–1994): सहायक संवाददाता के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की।
- दैनिक भास्कर (1996/97–2000): फाउंडर ब्यूरो चीफ के रूप में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
- दैनिक नवज्योति (2000 से): लगभग 9 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं।
- दैनिक जननायक: 5 वर्षों तक नियमित कार्य किया।
- अन्य राष्ट्रीय व क्षेत्रीय समाचार पत्र: उन्होंने 'राष्ट्रदूत', कोटा के साप्ताहिक समाचार पत्र 'शिल्पांगी', तथा 1 वर्ष तक 'जनसत्ता' और 'हिंदुस्तान टाइम्स' में भी कार्य किया है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।
