बारां: सहरिया विकास की जमीनी जंग, अतिरिक्त मुख्य सचिव की दो-टूक—31 मार्च तक हर हाल में पूरे हों पीएम जनमन के काम
बारां में पीएम जनमन योजना की समीक्षा हेतु अतिरिक्त मुख्य सचिव कुंजी लाल मीणा ने अधिकारियों को 31 मार्च तक सभी कार्य पूर्ण करने के सख्त निर्देश दिए। सहरिया समुदाय के विकास के लिए स्कूलों, सड़कों और आवासों का औचक निरीक्षण कर उन्होंने गुणवत्ता सुनिश्चित करने और महिला सशक्तिकरण पर जोर दिया। जिला कलक्टर रोहिताश्व सिंह तोमर की उपस्थिति में हुई इस बैठक ने जिले में विकास की नई रफ्तार तय की है।

राजस्थान के बारां जिले में सहरिया समुदाय के भाग्य को बदलने के लिए केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी 'प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महाअभियान' (पीएम जनमन) अब निर्णायक मोड़ पर है। जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव कुंजी लाल मीणा ने जिले का तूफानी दौरा कर स्पष्ट कर दिया है कि विकास की गति में रत्ती भर भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मिनी सचिवालय के कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में उन्होंने अधिकारियों के पसीने छुड़ा दिए और सख्त लहजे में अल्टीमेटम दिया कि 31 मार्च तक सभी लंबित कार्य न केवल पूर्ण होने चाहिए, बल्कि उनमें गुणवत्ता की कसौटी पर भी कोई आंच नहीं आनी चाहिए।
अतिरिक्त मुख्य सचिव ने विभागवार समीक्षा करते हुए जिले में सहरिया समुदाय के सर्वांगीण उत्थान के लिए चल रहे आवास, सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और महिला सशक्तिकरण के प्रोजेक्ट्स का बारीकी से हिसाब लिया। बैठक में जिला कलक्टर रोहिताश्व सिंह तोमर ने जिले की वर्तमान प्रगति रिपोर्ट पेश की, जिस पर अतिरिक्त मुख्य सचिव ने समयबद्ध और प्रभावी क्रियान्वयन की आवश्यकता पर बल दिया। इस दौरान एडीएम भंवर लाल जनागल और सीईओ राजवीर सिंह चौधरी सहित तमाम जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे, जिन्हें मीणा ने निर्देश दिया कि योजनाओं का लाभ अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक पहुंचना सुनिश्चित करें।
बैठक के बाद अतिरिक्त मुख्य सचिव ने केवल फाइलों तक सीमित न रहकर सीधे धरातल का रुख किया। किशनगंज स्थित राजकीय जनजाति कन्या आवासीय विद्यालय में जब उन्होंने छात्राओं से सीधा संवाद किया, तो उनकी शिक्षा और आवासीय सुविधाओं की हकीकत सामने आई। उन्होंने छात्रावास के भोजन का स्वाद चखा और अधिकारियों को गुणवत्ता सुधारने के कड़े निर्देश दिए। इसके बाद पगारा में आंगनबाड़ी केंद्र और गरड़ा में पीएम जनमन छात्रावास का निरीक्षण कर उन्होंने व्यवस्थाओं की नब्ज टटोली। लक्ष्मीपुरा में मल्टीपरपज केंद्र पर महिलाओं से संवाद करते हुए उन्होंने मां बाड़ी और वन धन केंद्र के जरिए महिला स्वावलंबन की प्रगति जानी।
विकास की इस पड़ताल का सिलसिला सीताबाड़ी के सौंदर्यीकरण कार्यों से होता हुआ समरानिया में निर्माणाधीन सहरिया बालिका छात्रावास और तीरंदाजी खेल अकादमी तक पहुंचा। भावतीपुरा खटका में जब अतिरिक्त मुख्य सचिव ने सहरिया मॉडल आवासीय कॉलोनी का जायजा लिया, तो वहां आधुनिक सुविधाओं की उपलब्धता पर जोर दिया गया। इसके साथ ही मुंडियार से बेंटा तक बन रही सड़क के निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्य की रफ्तार तेज करने को कहा। अतिरिक्त जिला कलक्टर जबर सिंह की मौजूदगी में हुए इस औचक निरीक्षण ने प्रशासनिक महकमे में हलचल पैदा कर दी है। यह अभियान मात्र एक सरकारी योजना नहीं, बल्कि बारां के सहरिया समाज के जीवन में एक नए सवेरे की इबारत लिखने की प्रतिबद्धता है।

Rajendra Sharma, Baran
नाम: राजेंद्र शर्मा
वर्तमान पद: संवाददाता | प्रांतीय प्रचार प्रमुख (भारत तिब्बत सहयोग मंच)
कार्यक्षेत्र: बारां (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीतिक, आपराधिक, समसामयिक, सामाजिक, धार्मिक, पर्यटक स्थल एवं ऐतिहासिक धरोहर
परिचय
राजेंद्र शर्मा राजस्थान के बारां क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह वर्तमान में संवाददाता के रूप में कार्य करने के साथ-साथ 'भारत तिब्बत सहयोग मंच' में प्रांतीय प्रचार प्रमुख का दायित्व भी संभाल रहे हैं। राजेंद्र शर्मा मुख्य रूप से राजनीतिक व आपराधिक मामलों, समसामयिक और सामाजिक विषयों सहित क्षेत्र के धार्मिक, पर्यटक स्थलों तथा ऐतिहासिक धरोहरों पर विशेष रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
- राजेंद्र शर्मा वर्ष 1994 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। पिछले तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर कार्य किया है:
- राजस्थान पत्रिका (1992–1994): सहायक संवाददाता के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की।
- दैनिक भास्कर (1996/97–2000): फाउंडर ब्यूरो चीफ के रूप में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
- दैनिक नवज्योति (2000 से): लगभग 9 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं।
- दैनिक जननायक: 5 वर्षों तक नियमित कार्य किया।
- अन्य राष्ट्रीय व क्षेत्रीय समाचार पत्र: उन्होंने 'राष्ट्रदूत', कोटा के साप्ताहिक समाचार पत्र 'शिल्पांगी', तथा 1 वर्ष तक 'जनसत्ता' और 'हिंदुस्तान टाइम्स' में भी कार्य किया है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।
