बारां: गायत्री परिवार की ज्योतिपुंज भूमि विवाद पर प्रबुद्धजनों ने बनाई रणनीति
बारां में पंच कुंडीय गायत्री महायज्ञ के बाद आयोजित गोष्ठी में प्रबुद्धजनों ने ज्योतिपुंज भूमि पर एक परिवार के कथित एकाधिकार के प्रयासों का विरोध किया।

बारां के मेलखेड़ी रोड स्थित गायत्री प्रज्ञा पीठ ज्योतिपुंज में रविवार को आयोजित गोष्ठी के दौरान संपत्ति विवाद को लेकर अपनी बात रखते प्रतिनिधि और उपस्थित प्रबुद्धजन।
अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार शाखा बारां द्वारा रविवार, 24 मई 2026 को गायत्री प्रज्ञा पीठ ज्योतिपुंज मेलखेड़ी रोड पर पंच कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन किया गया। यज्ञ के बाद शहर के प्रबुद्धजनों की गोष्ठी आयोजित हुई, जिसमें गायत्री परिवार की करोड़ों रुपए मूल्य की ज्योतिपुंज भूमि पर एक परिवार के कथित एकाधिकार के विरोध में रणनीति बनाई गई।
बैठक में स्थानीय लोगों सहित जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे करीब 300 गायत्री परिजनों ने भाग लिया। कार्यक्रम में कृषि उपज मंडी “क” व्यापार संघ अध्यक्ष मनीष लश्करी, धर्मदा संस्था समिति अध्यक्ष प्रमोद बंसल, पूर्व अध्यक्ष राधेश्याम गर्ग, होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान के जिलाध्यक्ष हरिओम अग्रवाल, पर्यावरण संरक्षण गतिविधि अध्यक्ष महावीर शर्मा, व्यापार संघ के पूर्व अध्यक्ष विमल बंसल, भाजपा के पूर्व नगर अध्यक्ष महावीर नामा, पूर्व जिला महामंत्री संजय झांम्ब, भारत जैन धर्मदा संस्था, विश्व हिंदू परिषद के सत्यनारायण गर्ग, नीरज जैन, महेंद्र गोयल (बीएस), गायत्री परिवार के डॉ. इंद्र नारायण गुप्ता, भीमराज चौधरी, डॉ. तेजकरण गालव, चंद्रप्रकाश सांखला, कैलाश मेवाड़ा, धार्मिता कंवर, छीतलाल गुर्जर, परमानंद नागर, चतुर्भुज नागर, रामचरण मेहता, सतीश नैनीवाल, रविंद्र जैन, पुरुषोत्तम शर्मा, कालूलाल मालव, महावीर जैन तथा केंद्रीय प्रतिनिधि खिल्लू राम शर्मा सहित अनेक लोगों ने अपने विचार रखे।
वक्ताओं ने कहा कि गायत्री प्रज्ञापीठ ज्योतिपुंज मेलखेड़ी रोड की संपत्ति गायत्री परिवार बारां की है। इसके पट्टे गायत्री परिवार बारां द्वारा गठित युग निर्माण विद्यालय समिति एवं युग निर्माण महिला जागृति संस्थान के नाम दर्ज हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यह संपत्ति किसी व्यक्ति या परिवार विशेष की नहीं है तथा इस भूमि पर हुआ करोड़ों रुपए का विशाल निर्माण जिलेभर के गायत्री परिजनों के आर्थिक सहयोग से तैयार हुआ है।
बैठक में आरोप लगाया गया कि गायत्री परिवार की इस संपत्ति को हड़पने की नीयत से स्वर्गीय डॉ. फूल सिंह यादव का परिवार समाचार पत्रों के माध्यम से लगातार भ्रामक और झूठा प्रचार कर आमजन को भ्रमित कर रहा है। वक्ताओं ने इसे अनुचित बताते हुए कहा कि ज्योतिपुंज पर किसी व्यक्ति विशेष का मालिकाना हक किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा।
गोष्ठी में मौजूद विभिन्न संगठनों और प्रबुद्धजनों ने चेतावनी दी कि यदि किसी व्यक्ति विशेष द्वारा संपत्ति पर एकाधिकार स्थापित करने का प्रयास किया गया तो पूरे बारां जिले के सभी संगठन एकजुट होकर इसका विरोध करेंगे। बैठक में आगे की रणनीति पर भी विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम का समापन एक माह के सामूहिक गायत्री अनुष्ठान के शुभारंभ के संकल्प के साथ हुआ।

Rajendra Sharma, Baran
नाम: राजेंद्र शर्मा
वर्तमान पद: संवाददाता | प्रांतीय प्रचार प्रमुख (भारत तिब्बत सहयोग मंच)
कार्यक्षेत्र: बारां (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीतिक, आपराधिक, समसामयिक, सामाजिक, धार्मिक, पर्यटक स्थल एवं ऐतिहासिक धरोहर
परिचय
राजेंद्र शर्मा राजस्थान के बारां क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह वर्तमान में संवाददाता के रूप में कार्य करने के साथ-साथ 'भारत तिब्बत सहयोग मंच' में प्रांतीय प्रचार प्रमुख का दायित्व भी संभाल रहे हैं। राजेंद्र शर्मा मुख्य रूप से राजनीतिक व आपराधिक मामलों, समसामयिक और सामाजिक विषयों सहित क्षेत्र के धार्मिक, पर्यटक स्थलों तथा ऐतिहासिक धरोहरों पर विशेष रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
- राजेंद्र शर्मा वर्ष 1994 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। पिछले तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर कार्य किया है:
- राजस्थान पत्रिका (1992–1994): सहायक संवाददाता के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की।
- दैनिक भास्कर (1996/97–2000): फाउंडर ब्यूरो चीफ के रूप में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
- दैनिक नवज्योति (2000 से): लगभग 9 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं।
- दैनिक जननायक: 5 वर्षों तक नियमित कार्य किया।
- अन्य राष्ट्रीय व क्षेत्रीय समाचार पत्र: उन्होंने 'राष्ट्रदूत', कोटा के साप्ताहिक समाचार पत्र 'शिल्पांगी', तथा 1 वर्ष तक 'जनसत्ता' और 'हिंदुस्तान टाइम्स' में भी कार्य किया है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।
