बारां: ब्राह्मण कल्याण परिषद ने सेवा कार्यों के साथ मनाया 11वां स्थापना दिवस, गौसेवा और मरीजों को खिचड़ी वितरण कर पेश की मिसाल
बारां में ब्राह्मण कल्याण परिषद ने अपने 11वें स्थापना दिवस और नव वर्ष के अवसर पर सेवा की अनूठी मिसाल पेश की। कोटा रोड स्थित श्री कृष्ण गौशाला में गौवंश को चारा खिलाने के बाद शहीद राजमल मीणा जिला चिकित्सालय में भर्ती मरीजों को खिचड़ी वितरित की गई। इस सेवाभावी आयोजन में स्व. ओमप्रकाश व्यास ट्रस्ट सहित परिषद के वरिष्ठ पदाधिकारियों और महिला मंडल ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

बारां। नव वर्ष के मंगल आगमन और उत्साह के बीच बारां में परोपकार और सेवा की एक अनुपम छटा देखने को मिली। ब्राह्मण कल्याण परिषद ने अपने गौरवशाली सफर के 11 वर्ष पूर्ण होने पर स्थापना दिवस को बेहद सात्विक और सेवाभावी ढंग से मनाया। नव वर्ष की पहली किरण के साथ ही परिषद के सदस्यों ने समाज को सेवा का संदेश देते हुए न केवल बेजुबान गौवंश का जठराग्नि शांत की, बल्कि चिकित्सालय में उपचाराधीन मरीजों की सेवा कर मानवता का धर्म निभाया। यह आयोजन केवल एक वर्षगांठ का उत्सव नहीं, बल्कि समाज के प्रति नैतिक उत्तरदायित्वों के निर्वहन का एक सशक्त उदाहरण बनकर उभरा।
कार्यक्रम का शुभारंभ कोटा रोड स्थित श्री कृष्ण गौशाला में हुआ, जहाँ परिषद के सदस्यों ने सामूहिक रूप से गौ माताओं को चारा खिलाकर उनके प्रति श्रद्धा व्यक्त की। सनातन संस्कृति में गौसेवा को सर्वोपरि मानते हुए परिषद ने अपने नए वर्ष के संकल्पों की शुरुआत यहीं से की। इसके पश्चात, सेवा का यह कारवां शाम होते-होते शहीद राजमल मीणा राजकीय जिला चिकित्सालय पहुँचा। यहाँ परिषद की ओर से अस्पताल में भर्ती विभिन्न रोगों से जूझ रहे मरीजों को गर्म और पौष्टिक खिचड़ी का वितरण किया गया। कड़ाके की ठंड और बीमारी की अवस्था में मरीजों के बीच पहुँचे परिषद के सदस्यों ने उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करते हुए आत्मीयता के साथ भोजन परोसा।
इस पुनीत कार्य में ब्राह्मण कल्याण परिषद के पदाधिकारियों और सदस्यों की गरिमामयी उपस्थिति रही। जिला प्रभारी भगवान शर्मा, नगर अध्यक्ष किशन शर्मा, देहात अध्यक्ष महेंद्र शर्मा और संरक्षक डॉ. रमेश शर्मा के मार्गदर्शन में पूरी टीम ने सक्रिय भागीदारी निभाई। साथ ही शिवशंकर चतुर्वेदी, महिला जिलाध्यक्ष प्रीति शर्मा, शरद दाधीच, नगर महामंत्री चंचल शर्मा, दिनेश शर्मा, देवेंद्र तिवारी, भावेश शर्मा, गोविंद शर्मा और युविका अध्यक्ष सुरभी शर्मा ने भी अपनी भूमिका का निर्वहन किया। महिला शक्ति के रूप में सचिव अनुराधा शर्मा, मीनाक्षी शर्मा, रानी शर्मा और निर्मला शर्मा ने भी व्यवस्थाओं को सुचारू बनाने में विशेष सहयोग दिया।
इस सेवा कार्य में स्व. ओमप्रकाश व्यास स्मृति सेवा संस्थान व चैरिटेबल ट्रस्ट का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। ट्रस्ट के संयोजक अंशुल व्यास सहित अन्य सदस्यों ने परिषद के साथ कंधे से कंधा मिलाकर इस आयोजन को सफल बनाया। अंततः, यह स्थापना दिवस समारोह केवल एक औपचारिक कार्यक्रम न रहकर जन-सेवा का एक महाकुंभ सिद्ध हुआ, जिसने समाज को यह संदेश दिया कि वास्तविक उत्सव वही है जो दूसरों के चेहरे पर मुस्कान ला सके।

Rajendra Sharma, Baran
नाम: राजेंद्र शर्मा
वर्तमान पद: संवाददाता | प्रांतीय प्रचार प्रमुख (भारत तिब्बत सहयोग मंच)
कार्यक्षेत्र: बारां (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीतिक, आपराधिक, समसामयिक, सामाजिक, धार्मिक, पर्यटक स्थल एवं ऐतिहासिक धरोहर
परिचय
राजेंद्र शर्मा राजस्थान के बारां क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह वर्तमान में संवाददाता के रूप में कार्य करने के साथ-साथ 'भारत तिब्बत सहयोग मंच' में प्रांतीय प्रचार प्रमुख का दायित्व भी संभाल रहे हैं। राजेंद्र शर्मा मुख्य रूप से राजनीतिक व आपराधिक मामलों, समसामयिक और सामाजिक विषयों सहित क्षेत्र के धार्मिक, पर्यटक स्थलों तथा ऐतिहासिक धरोहरों पर विशेष रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
- राजेंद्र शर्मा वर्ष 1994 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। पिछले तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर कार्य किया है:
- राजस्थान पत्रिका (1992–1994): सहायक संवाददाता के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की।
- दैनिक भास्कर (1996/97–2000): फाउंडर ब्यूरो चीफ के रूप में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
- दैनिक नवज्योति (2000 से): लगभग 9 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं।
- दैनिक जननायक: 5 वर्षों तक नियमित कार्य किया।
- अन्य राष्ट्रीय व क्षेत्रीय समाचार पत्र: उन्होंने 'राष्ट्रदूत', कोटा के साप्ताहिक समाचार पत्र 'शिल्पांगी', तथा 1 वर्ष तक 'जनसत्ता' और 'हिंदुस्तान टाइम्स' में भी कार्य किया है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।
