बारां में देवसोवनी एकादशी पर अग्रवाल महिलाओं ने बड़े हर्षोल्लास से मनाया लाड़ा-लाड़ी उत्सव
बारां में देवसोवनी एकादशी पर अग्रवाल महिलाओं ने मनाया अनूठा लाड़ा-लाड़ी उत्सव, जानें पूरी परंपरा और आयोजन की खास बातें।

तस्वीर में बारां के मनिहारा तालाब किनारे बैठीं अग्रवाल समाज की महिलाएं और टोकरी में रखे कपड़े व मिट्टी से बने लाड़ा-लाड़ी दिख रहे हैं।
देवसोवनी एकादशी के पावन पर्व पर कोटा रोड स्थित मनिहारा तलाव पर अखिल भारतीय अग्रवाल महिला जिला संगठन की बारां इकाई द्वारा पारंपरिक 'लाड़ा-लाड़ी उत्सव' अत्यंत हर्षोल्लास से मनाया गया। इस मौके पर सभी महिलाओं ने लोकगीतों की प्रस्तुति देकर उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया।
जिला अध्यक्ष नीतू गुप्ता के सानिध्य में आयोजित इस कार्यक्रम में समाज की महिलाओं ने लुप्त होती जा रही लोक परंपराओं को जीवंत किया। संगठन द्वारा उत्सव में अनूठी परंपरा का निर्वहन करते हुए सभी महिलाएं अपने घरों से कपड़े व मिट्टी के सुंदर लाड़ा-लाड़ी (दूल्हा-दुल्हन) बनाकर लाईं। परंपरा को पूरी शिद्दत से निभाते हुए महिलाओं ने लाड़ी के लिए दहेज का सामान, मिठाई के पैकेट और कपड़े भी भेंट किए।
कोषाध्यक्ष हेमलता गर्ग व बबली अग्रवाल ने बताया कि महिलाएं बालिका का रूप धारण कर पहुंचीं और सूझबूझ से लाड़ी का विवाह संपन्न कराकर लाड़े को बचा लिया। इस आयोजन में सुशीला बंसल का विशेष योगदान रहा।
इसके बाद धाम के बगीचे में महिलाओं ने पारंपरिक लोकगीतों पर नृत्य किया और खुशियां मनाईं। अंत में लाड़ा-लाड़ी का तालाब में विसर्जन किया गया।
इस अवसर पर दीपिका लोहिया, रेखा अग्रवाल, रजनी गोयल, ममता गोयल, अर्चना गुप्ता, शकुंतला गोयल, डोली गर्ग, मधु गोयल, बबीता बंसल, निशा बंसल, सुनीता बंसल, दमयंती बंसल, गीता गोयनका, नीतू बंसल, शीला गोयल (सांगोद), चंचल मित्तल, गायत्री बंसल, लक्ष्मी अग्रवाल, अंजना अग्रवाल, मंजू गोयल, शीला गोयल, उषा निरंजन गोयल, आशा गुप्ता, सुनीला अग्रवाल व नीलू गर्ग सहित कई महिलाएं उपस्थित रहीं। कार्यक्रम का समापन सामूहिक समोसा पार्टी के साथ हुआ।
यह आयोजन बारां की अग्रवाल समाज महिलाओं में लोक परंपराओं के प्रति गहरे लगाव और सामूहिक एकजुटता का प्रतीक बनकर उभरा।

Rajendra Sharma, Baran
नाम: राजेंद्र शर्मा
वर्तमान पद: संवाददाता | प्रांतीय प्रचार प्रमुख (भारत तिब्बत सहयोग मंच)
कार्यक्षेत्र: बारां (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीतिक, आपराधिक, समसामयिक, सामाजिक, धार्मिक, पर्यटक स्थल एवं ऐतिहासिक धरोहर
परिचय
राजेंद्र शर्मा राजस्थान के बारां क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह वर्तमान में संवाददाता के रूप में कार्य करने के साथ-साथ 'भारत तिब्बत सहयोग मंच' में प्रांतीय प्रचार प्रमुख का दायित्व भी संभाल रहे हैं। राजेंद्र शर्मा मुख्य रूप से राजनीतिक व आपराधिक मामलों, समसामयिक और सामाजिक विषयों सहित क्षेत्र के धार्मिक, पर्यटक स्थलों तथा ऐतिहासिक धरोहरों पर विशेष रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
- राजेंद्र शर्मा वर्ष 1994 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। पिछले तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर कार्य किया है:
- राजस्थान पत्रिका (1992–1994): सहायक संवाददाता के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की।
- दैनिक भास्कर (1996/97–2000): फाउंडर ब्यूरो चीफ के रूप में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
- दैनिक नवज्योति (2000 से): लगभग 9 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं।
- दैनिक जननायक: 5 वर्षों तक नियमित कार्य किया।
- अन्य राष्ट्रीय व क्षेत्रीय समाचार पत्र: उन्होंने 'राष्ट्रदूत', कोटा के साप्ताहिक समाचार पत्र 'शिल्पांगी', तथा 1 वर्ष तक 'जनसत्ता' और 'हिंदुस्तान टाइम्स' में भी कार्य किया है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।
