उत्तर भारत के विभिन्न राज्यों में 27 सितंबर को संभावित बारिश और गरज-चमक के संदर्भ में सड़क पर छाता लेकर जाती हुई महिला।

उत्तर भारत के विभिन्न राज्यों में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलने लगा है, जिससे तापमान में उतार-चढ़ाव और बारिश की गतिविधियां देखने को मिल रही हैं। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग यानी IMD के अनुसार, उत्तर भारत के कई राज्यों में बारिश और गरज-चमक की स्थिति बन रही है।

IMD के चंडीगढ़ केंद्र ने विशेष रूप से 27 सितंबर को हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली के लिए भारी बारिश तथा गरज-चमक की चेतावनी दर्ज की है। इसके अलावा उत्तर भारत के अन्य हिस्सों जैसे पंजाब, उत्तर प्रदेश, और जम्मू-कश्मीर में भी मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। पर्वतीय क्षेत्रों की बात करें तो उत्तराखंड के देहरादून के लिए भी 27 सितंबर को कुछ दौर की बारिश और गरज-चमक का पूर्वानुमान उपलब्ध कराया गया है। इसी तरह हिमाचल प्रदेश में भी मौसमी हलचल बनी हुई है, जहां स्थानीय मौसम चेतावनी के तहत लोगों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।

इन सभी राज्यों में सक्रिय हुए इस नए मौसमी तंत्र के कारण तापमान में गिरावट आने की संभावना है, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिल सकती है। हालांकि लगातार हो रही बारिश और गरज-चमक के कारण सामान्य जनजीवन और सड़क यातायात पर भी आंशिक प्रभाव पड़ सकता है। स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग मौसम विभाग की चेतावनियों को लेकर पूरी तरह मुस्तैद हैं। मौसम विज्ञान केंद्र ने नागरिकों और विशेष रूप से वाहन चालकों को सलाह दी है कि वे खराब मौसम के दौरान यात्रा करते समय पूरी सावधानी बरतें। उत्तर भारत में सितंबर के आखिरी दिनों में एक्टिव हुआ यह बारिश का दौर यह स्पष्ट करता है कि लोगों को अभी कुछ और दिन सतर्क और जागरूक रहने की आवश्यकता है। सभी संबंधित एजेंसियां किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।