चैलेंज ग्रुप 4 नवंबर से भारत और अमेरिका के बीच विमान सेवा शुरू करेगा।

अमेरिका के शिकागो रॉकफोर्ड इंटरनेशनल एयरपोर्ट से भारत, यूरोप और अमेरिका के बीच हवाई माल परिवहन को नई गति मिलने जा रही है। चैलेंज ग्रुप (Challenge Group) 4 नवंबर 2026 से बोइंग 777 मालवाहक विमानों की सप्ताह में दो बार सेवा शुरू करेगा। इस नई सेवा के जरिए भारत के नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट से बेल्जियम के लीज एयरपोर्ट होते हुए अमेरिका के रॉकफोर्ड तक माल पहुंचाया जाएगा।

नई सेवा का उद्देश्य रॉकफोर्ड एयरपोर्ट के अंतरराष्ट्रीय कार्गो नेटवर्क को मजबूत करना और चैलेंज ग्रुप के उत्तरी अमेरिकी परिचालन का विस्तार करना है। इस मार्ग पर मुख्य रूप से दवाइयों, बड़े आकार की खेपों और विशेष आकार वाले माल का परिवहन किया जाएगा। भविष्य में जीवित पशुओं के परिवहन की सुविधा शुरू करने की भी योजना है।

भारत, यूरोप और अमेरिका के बीच माल परिवहन के लिए यह मार्ग दोनों दिशाओं में संपर्क उपलब्ध कराएगा। रॉकफोर्ड से लीज के रास्ते यूरोप के विभिन्न गंतव्यों तक माल भेजा जा सकेगा। इसके साथ ही नवी मुंबई के लिए भी कनेक्टिविटी उपलब्ध होगी। लीज में चैलेंज ग्रुप का नेटवर्क हर महीने लगभग 1,500 ट्रक परिचालन करता है, जो यूरोप में माल की आगे की आपूर्ति में मदद करेगा।

चैलेंज ग्रुप के ग्रुप चीफ कमर्शियल ऑफिसर ओर जक ने कहा कि शिकागो ऐसा रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण बाजार है, जहां अनेक उद्योग विश्वसनीय अंतरराष्ट्रीय कार्गो कनेक्टिविटी पर निर्भर हैं। उन्होंने कहा कि रॉकफोर्ड के जरिए नई सेवा शुरू करने से भारत, यूरोप और अमेरिका के बीच विशेष प्रकार के माल का परिवहन करने वाले ग्राहकों के लिए अतिरिक्त अवसर पैदा होंगे।

रॉकफोर्ड एयरपोर्ट के कार्यकारी निदेशक जैक ओकले ने कहा कि यह सेवा रॉकफोर्ड में अंतरराष्ट्रीय मालवाहक विमान संचालकों को आकर्षित करने के निरंतर प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने विशेष रूप से अमेरिका में कोल्ड चेन कार्गो परिवहन के प्रमुख केंद्र के रूप में एयरपोर्ट को विकसित करने के प्रयासों का उल्लेख किया। ओकले के अनुसार, शुरुआती सप्ताह में दो उड़ानों की व्यवस्था से आगे इस साझेदारी को विस्तार देने की पर्याप्त संभावनाएं हैं। इनमें उड़ानों की संख्या बढ़ाना और जीवित पशुओं के परिवहन को समर्थन देना शामिल है।

रॉकफोर्ड एयरपोर्ट शिकागो ओ'हारे इंटरनेशनल एयरपोर्ट (ORD) के समान, पशु क्वारंटीन सुविधाओं से लगभग 40 मील की दूरी पर स्थित है। एयरपोर्ट जीवित पशुओं के परिवहन की सुविधा शुरू करने के लिए अमेरिकी कृषि विभाग (USDA) से मंजूरी प्राप्त करने की प्रक्रिया में है।

रॉकफोर्ड एयरपोर्ट के कार्गो बिजनेस डेवलपमेंट के उपाध्यक्ष रेने एस्पिनेट ने कहा कि एयरपोर्ट के पास कार्गो केंद्रित बुनियादी ढांचा और विशेष प्रकार की खेपों को संभालने की क्षमता है। उन्होंने कहा कि इससे चैलेंज ग्रुप को शिकागो के व्यापक बाजार तक पहुंच मिलेगी। साथ ही, समर्पित मालवाहक एयरपोर्ट होने के कारण परिचालन में दक्षता और लचीलापन मिलेगा तथा भीड़भाड़ भी कम रहेगी।

नई सेवा से आने वाली दवाइयों की खेपों के लिए रॉकफोर्ड एयरपोर्ट विशेष तापमान-नियंत्रित ट्रक परिवहन की व्यवस्था करेगा। इसके माध्यम से माल को रॉकफोर्ड क्षेत्र के विभिन्न गंतव्यों और शिकागो स्थित वेयरहाउस तक पहुंचाया जाएगा। यह व्यवस्था तापमान के प्रति संवेदनशील दवाइयों के परिवहन में सहायता करेगी।

ओर जक ने कहा कि चैलेंज ग्रुप का वैश्विक परिचालन लगातार बढ़ रहा है और कंपनी को ऐसे एयरपोर्ट साझेदारों की जरूरत है, जो उसकी बढ़ती आवश्यकताओं को पूरा कर सकें तथा उसके साथ आगे विकास कर सकें। उनके अनुसार, रॉकफोर्ड में इस विस्तार को समर्थन देने के लिए आवश्यक क्षमता, लचीलापन और दीर्घकालिक संभावनाएं मौजूद हैं।

नई कार्गो सेवा की घोषणा 26 से 29 अक्टूबर 2026 तक मियामी में आयोजित इंटरनेशनल एयर कार्गो एसोसिएशन (TIACA) एयर कार्गो फोरम के दौरान की गई। इस सेवा से भारत, यूरोप और अमेरिका के बीच विशेष माल, खासकर दवाइयों की खेपों के परिवहन के लिए हवाई संपर्क मजबूत होने की उम्मीद है।