मुंबई । इंटरनेट के जरिए भारत में पोर्न न केवल नेताओं बल्कि करोड़ों घरों में बच्चों और बड़ों को आसानी से और बेरोक-टोक उपलब्ध है । दुनिया भर के दर्जनों शानदार स्टुडियो में तैयार होने वाली पोर्नोग्राफी भारतीय घरों और किशोरों के मोबाइल फोन में तेजी से अपनी जगह बना रही है । यह हिलोरें मारती किसी खतरनाक बाढ़ जैसी है । इसने नैतिकता के पारंपरिक विचारों को लीलने का खतरा पैदा कर दिया है, वहीं बेडरूम में बेवजह के तनाव को जन्म दे दिया है । यह बच्चों को ऐसी दुनिया की ओर धकेल रही है जो उनकी समझ से परे है, और ऐसी संस्कृति पनपा रही है जिससे परिवार के रीति-रिवाजों को खतरा है । सारी बातें एकदम साफ हैं ।
गूगल ट्रेंड से पता चलता है कि 'पोर्नÓ शब्द की खोज का आंकड़ा 2010 से 2012 के बीच दोगुना हो गया है । तुरंत मिलने वाली नेट कनेक्टिविटी और भुगतान के काफी आसान विकल्पों के कारण ऑनलाइन पोर्न लगातार सस्ता, पहुंच के भीतर होता जा रहा है । गूगल ट्रेंड्स 2011 के मुताबिक पोर्न शब्द की खोज करने वाले दुनिया के शीर्ष 10 शहरों में से सात भारतीय शहर हैं ।



दांपत्य जीवन में सेक्स लाइफ का अह्म योगदान होता है। सुखद दांपत्य के लिए जरूरी है कि आपकी सेक्स लाईफ भी अच्छी हो। सेक्स में आई नीरसता दांपत्य संबंधों की ताजगी को खत्म कर देती है। शारीरिक संबंधो में आया तनाव तलाक तक पहुंच जाता है। शारीरिक संबंध को लेकर आपस में संतुष्ट न होना बारबार घर में कलह और अलगाव की वजह बन जाता है। विशेषज्ञों के अनुसार यदि पति-पत्नी के बीच शारीरिक संबंधों में आपसी तालमेल न हो तो दोनों का साथ-साथ चलना मुश्किल हो जाता है। पति दूसरी औरत से संबंध तभी बनाता है जब उसे अपनी पत्नी का साथ नहीं मिलता है। जब पत्नियां सेक्स में पति को सहयोग नहीं करती तो पति बाहर अन्य महिलाओं से संबंध बनाने से नहीं चूकते। सेक्स पति-पत्नी के जीवन की अमूल्य निधि है। कामभावना पुष्ट शरीर की अपेक्षा नहीं रखती। इस में महत्वपूर्ण भूमिका है कामकला की, जो पति-पत्नी इस कला में निपुण होते हैं, वही एकदूसरे को पूर्ण संतुष्ट कर सकते हैं।""
एक जमाना था, जब लोग प्यार में जीने-मरने की कसमें खाते थे और प्यार में आग का दरिया पार करने को तैयार रहते थे। एक दीदार के लिए घंटों इंतजार करते थे और अपनी बात कहने के लिए महीनों। यह बेकरारी और बेबसी लाइलाज बीमारी बन जाती थी और दर्द जीने का बहाना होता था, लेकिन अब सब बदल चुका है। कंप्यूटर की स्क्रीन ने सारी दीवारें तोड़ दी हैं। अब आपको जो चाहिए, सब कुछ ऑनलाइन मिलेगा...प्यार भी, लेकिन इसकी तलाश में निकलते वक्त थोड़ी ऐहतियात बरतने की भी जरूरत है।
नोएडा।। पिछला हफ्ता मुहब्बत वाला था। मौका था प्यार का, इजहार का और इकरार का। पर यंगस्टर्स ने अपने कदम आगे बढ़ाते हुए सारे दायरों को निसार कर दिया।